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राकेश टिकैत पर लगा UAPA: मीडिया के सामने रोते हुए बोले- गिरफ्तारी हुई तो आत्महत्या कर लूँगा

“मेरे किसान को मारने की कोशिश की जा रही है। मैं यहाँ से खाली नहीं करूँगा। बिलकुल खाली नहीं होगा। यहाँ लोगों को मारने की साजिश की जा रही है। ये वैचारिक लड़ाई है। किसानों के साथ अत्‍याचार किया जा रहा है... अगर कानून वापस नहीं हुआ तो राकेश आत्‍महत्‍या करेगा।”

कृषि कानून के विरोध में किसान आंदोलन की आग भड़काने वाले भारतीय किसान यूनियन नेता राकेश टिकैत के सुर बदलने लगे हैं। गणतंत्र दिवस से पहले तक सबकी बकल उतारने की धमकी देने वाले टिकैत ने रोते हुए मीडिया के सामने आत्महत्या करने की बात कही है। साथ ही धरने पर जमा लोगों को दोबारा भड़काऊ स्पीच देकर उकसाया है।

उन्होंने मीडिया से कहा, “मेरे किसान को मारने की कोशिश की जा रही है। मैं यहाँ से खाली नहीं करूँगा। बिलकुल खाली नहीं होगा। यहाँ लोगों को मारने की साजिश की जा रही है। ये वैचारिक लड़ाई है। किसानों के साथ अत्‍याचार किया जा रहा है… अगर कानून वापस नहीं हुआ तो राकेश आत्‍महत्‍या करेगा।”

मीडिया के सामने सुबक-सुबक कर रोते हुए टिकैत ने बार-बार कहा, “किसान को बर्बाद नहीं होने दूँगा, भाजपा विधायक यहाँ मौजूद है, किसानों को मारने की साजिश हो रही है। मैं किसानों को बर्बाद नहीं होने दूँगा।” उन्होंने अपनी बात कहते हुए कई बार भाजपा पर आंदोलन बदनाम करने के आरोप लगाए। साथ ही पूछा कि हंगामा करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई क्यों नहीं हो रही।

एबीपी लाइव के मुताबिक टिकैत ने कहा, “हम बातचीत के लिए तैयार हैं लेकिन हमें पता है क्या होगा। अगर मेरे साथियों या मुझे गिरफ्तार किया गया तो मैं खुद फाँसी लगा लूँगा।”

बता दें कि दिल्ली में हुई अराजकता के बाद दिल्ली पुलिस ने 37 किसान नेताओं के विरुद्ध मामला दर्ज किया है। इसमें राकेश टिकैत का भी नाम शामिल है। ताजा सूचना के अनुसार उनके व उनके साथियों के ऊपर UAPA एक्ट लगा दिया है। अब इसी के अनुरूप आगे कार्रवाई होगी।

इस बीच भारतीय किसान यूनियन के प्रवक्ता ने प्रदर्शनस्थल पर धरना जारी करने के संबंध में कहा कि यदि यहाँ कुछ भी हुआ तो उसके लिए पुलिस जिम्मेदार होगी। राकेश टिकैत ने जिला प्रशासन से अल्टीमेटम व पुलिस से नोटिस मिलने के बावजूद कहा कि कोई गिरफ्तारी नहीं होगी। अगर हुई तो पुलिस जिम्मेदार होगी। यहाँ गोली चलेगी।

उल्लेखनीय है कि किसान आंदोलन का अराजक चेहरा देखने के बाद यूपी पुलिस एक्शन मोड में है। गाजियाबाद जिला प्रशासन ने गाजीपुर बॉर्डर पर धरना दे रहे प्रदर्शनकारियों को अल्टीमेटम दिया है। कहा गया है कि जल्द ही जगह को खाली कर दिया जाए। मौके पर जिला मजिस्ट्रेट अजय शंकर पांडेय समेत प्रशासन एवं पुलिस के अधिकारी मौजूद हैं। उनके अलावा भारी मात्रा में सुरक्षा बल की तैनाती हो गई है। दोपहर को फ्लैग मार्च भी किया गया है।

जिलों के डीएम-एसपी से कहा गया है कि वे अपने-अपने जिलों में धरने पर बैठे किसानों से अपील करें कि वे अपने-अपने घरों को लौट जाएँ। प्रशासन की ओर से किसानों के घर लौटने के लिए बस की व्यवस्था किए जाने की भी बात कही जा रही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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