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ताहिर हुसैन की जमानत याचिका पर सुनवाई: कोर्ट में गूँजे ‘जय श्री राम’ और ‘हर हर महादेव’ के नारे

जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर कुमार जैन ने ताहिर हुसैन की याचिका पर सुनवाई की। उन्होंने सम्बंधित एसआईटी अधिकारी को निर्देश दिया कि वो केस फाइल के साथ अदालत में उपस्थिति दर्ज कराएँ।

दिल्ली में हुए हिन्दू-विरोधी दंगों में आम आदमी पार्टी के निगम पार्षद (अब निलंबित) हाजी ताहिर हुसैन का बड़ा हाथ सामने आया। उसकी छत पर न सिर्फ़ पत्थर, बम व हथियारों के साथ सैकड़ों लोग जमा थे, जिन्होंने कई हिन्दुओं की हत्या की। आईबी में कार्यरत अंकित शर्मा को बेरहमी से मार डाला गया। उनके शरीर पर 400 बार चाकुओं से वार किया गया। ताहिर हुसैन की ओर से दाखिल जमानत याचिका पर बुधवार (मार्च 3, 2020) को अदालत में सुनवाई हुई

इस मामले की सुनवाई के दौरान अदालत कक्ष के बाहर ‘जय श्री राम’ और ‘हर हर महादेव’ के नारे लगे। वकीलों द्वारा लगाए गए इन दोनों नारों से पूरा अदालत परिसर गूँज उठा। बता दें कि ताहिर हुसैन फ़िलहाल फरार चल रहा है और उसने मंगलवार को ही जमानत याचिका दाखिल कर दी थी। उसके ख़िलाफ़ दयालपुर और खजुरी ख़ास थानों में मामला दर्ज किया गया है। ऐसे में गिरफ़्तारी से बचने के लिए वो तरह-तरह के क़ानूनी दाँव-पेंच आजमा रहा है।

जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर कुमार जैन ने ताहिर हुसैन की याचिका पर सुनवाई की। उन्होंने सम्बंधित एसआईटी अधिकारी को निर्देश दिया कि वो केस फाइल के साथ अदालत में उपस्थिति दर्ज कराएँ। फ़िलहाल गुरुवार दोपहर 12:30 बजे तक इस मामले की सुनवाई को स्थगित कर दिया गया है। जज ने जैसे ही आदेश की घोषणा की, वकीलों के एक समूह के पवित्र नारों से आसमान गूँजा दिया

दिल्ली के हिन्दू-विरोधी दंगों में ताहिर हुसैन की चार मंजिला ऊँची इमारत का इस्तेमाल किया गया, जहाँ से चारों तरफ बसे हिन्दुओं के ऊपर पत्थरबाजी और बमबारी की गई। पुलिस ने ताहिर के घर और फैक्ट्री को सील कर दिया है। पूर्व मंत्री कपिल मिश्रा ने आरोप लगाया है कि ताहिर ने पूरे वारदात के समय आप नेता संजय सिंह और ख़ुद मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल से बातचीत की, जिसकी जाँच होनी चाहिए। ऑपइंडिया से इंटरव्यू के दौरान कपिल मिश्रा ने जनता को सलाह दी कि वो अपने बीच रह रहे ताहिर हुसैनों को पहचानें ताकि आगे से ऐसा कोई दंगा न भड़के।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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