Homeदेश-समाजकमलेश तिवारी हत्याकांड: फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चलेगा केस, हत्यारों के लिए माँगेंगे मृत्युदंड -...

कमलेश तिवारी हत्याकांड: फास्ट-ट्रैक कोर्ट में चलेगा केस, हत्यारों के लिए माँगेंगे मृत्युदंड – मंत्री, योगी सरकार

सीएम के साथ मुलाकात के दौरान कमलेश तिवारी की पत्नी किरण तिवारी ने भी अपने पति के हत्यारों के लिए मौत की सजा की माँग की थी। उन्होंने कहा था, “हमने हत्यारों के लिए फाँसी की सजा की माँग की है, उन्होंने भरोसा दिया कि उन्हें सजा दी जाएगी।”

योगी सरकार ने कमलेश तिवारी की हत्या का मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने का फैसला किया है। परिजनों से मिलने सीतापुर पहुँचे उत्तर प्रदेश के कानून मंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई के लिए कार्यवाही करेगी। ब्रजेश पाठक ने कहा है कि सरकार कमलेश तिवारी के परिवार के साथ खड़ी है। वो उनकी सभी माँगों को पूरा करेगी। उन्होंने कहा कि जल्द ही हत्यारों को पकड़ लिया जाएगा और साथ ही फास्ट ट्रैक कोर्ट के जरिए सरकार हत्यारों के लिए मृत्युदंड की भी माँग करेगी।

बता दें कि इससे पहले रविवार (अक्टूबर 20, 2019) को लखनऊ में कमलेश तिवारी के परिजनों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से उनके आवास पर मुलाकात की थी। सीएम ने भी पीड़ित परिवार को न्याय का भरोसा दिलाया था। सीएम के साथ मुलाकात के दौरान कमलेश तिवारी की पत्नी किरण तिवारी ने भी अपने पति के हत्यारों के लिए मौत की सजा की माँग की थी। उन्होंने कहा था, “हमने हत्यारों के लिए फाँसी की सजा की माँग की है, उन्होंने भरोसा दिया कि उन्हें सजा दी जाएगी।”

यूपी पुलिस ने सोमवार (अक्टूबर 21, 2019) को हत्या में शामिल दो संदिग्ध हत्यारों अशफाक और मोइनुद्दीन की गिरफ्तारी के लिए 2.5 लाख रुपए का इनाम रखा है। दोनों संदिग्धों, अशफाक और मोइनुद्दीन, की तस्वीरें और उनके स्केच भी जारी किए हैं। बता दें कि कि हिंदू समाज पार्टी के नेता कमलेश तिवारी की दिन दहाड़े 18 अक्टूबर को लखनऊ में नृशंस हत्या की गई थी। हिरासत में लिए गए आरोपितों से पूछताछ की जा रही है।

उन्होंने कहा कि कमलेश की हत्या मामले में सरकार काफी गंभीर है। सरकार हत्यारों को ऐसी सजा दिलाएगी जो मिसाल बन जाएगी। सरकार कमलेश तिवारी के परिवार को अपना परिवार मानकर उन्हें हर प्रकार की सहायता उपलब्ध कराने के लिए संकल्पबद्ध है। कमलेश तिवारी के परिवार से कानून मंत्री के मुलाकात के दौरान सेवता विधायक ज्ञान तिवारी, जिलाध्यक्ष अजय गुप्त, आशा मौर्य, अम्बरीश गुप्त, मोहन प्रसाद, चंद्रभूषण शुक्ल व राम प्रवेश प्रजापति आदि भी मौजूद थे।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

गुजरात के अमरेली में युवक को मारने वाले चार शेरों को उम्रकैद: जानिए कैसे किसी शेर को घोषित किया जाता है ‘आदमखोर’ और क्या...

गुजरात के अमरेली की घटना से समझें कैसे किसी शेर को 'आदमखोर' घोषित किया जाता है और क्यों कई बार उसे हमेशा के लिए जंगल से हटाया जाता है।

पहलगाम आतंकी हमले पर UN रैपोर्टियर बेन सॉल ने दिए थे भारत विरोधी बयान, ऑपइंडिया ने उसी समय उठाए थे सवाल: जाँच में चीन...

UN वॉच की रिपोर्ट में बेन सॉल पर चीन से फंडिंग लेने और भारत के आतंकवाद-रोधी अभियानों के खिलाफ पक्षपातपूर्ण रुख अपनाने के आरोप लगे।
- विज्ञापन -