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महाराष्ट्र: अस्पताल में बेड नहीं, ​ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ नगर निगम दफ्तर पहुँच गया कोरोना संक्रमित; मौत

इस घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है। इसमें कोरोना संक्रमित मास्क लगाए नगर निगम कार्यालय के गेट पर बैठे हैं और पास में उनका एक रिश्तेदार है।

महाराष्ट्र में कोरोना के बढ़ते मामलों के बावजूद राज्य में स्वास्थ्य व्यवस्थाएँ माकूल नहीं हैं। हर कोई एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल भाग रहा है। बुधवार (31 मार्च 2021) को एक कोरोना मरीज इन्हीं सब चीजों से तंग आकर नगर निगम के कार्यालय पहुँच गया। मरीज के हाथ में ऑक्सीजन सिलेंडर देख अधिकारी भी घबरा गए। सबने फटाफट एंबुलेंस बुलवाकर उसे बिटको अस्पताल के कोविड वार्ड में भर्ती कराया। लेकिन बिगड़ी तबीयत के चलते गुरुवार रात को उसकी मौत हो गई।

38 वर्षीय बाबासाहेब कोले नासिक के सिडको के कामटवाड़े इलाके के निवासी थे। उनकी पत्नी और दो बच्चे अब अकेले हैं।  यदि समय पर उचित इलाज मिलता तो शायद आज वह जिंदा होते। इस घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है। इसमें कोरोना संक्रमित मास्क लगाए नगर निगम कार्यालय के गेट पर बैठे हैं और पास में उनका एक रिश्तेदार है।

मामले की जाँच में पता चला है कि मरीज तीन दिन से कोरोना पॉजिटिव था और उनकी हालत लगातार बिगड़ रही थी। काफी मशक्कत के बाद भी किसी अस्पताल में उन्हें बेड नहीं मिल रहा था। इसलिए मजबूरी में मरीज को अपना ऑक्सीजन सिलेंडर लेकर नगर निगम के दफ्तर जाना पड़ा। इससे पहले वह स्थानीय पार्षद से भी अस्पताल में एक बेड दिलवाने के लिए गुहार लगा चुके थे। लेकिन उन्हें बेड नहीं मिला और हालत दिन पर दिन बिगड़ती रही।

परिजनों की मानें तो कोले का ऑक्सीजन लेवल सामान्य स्तर से 40 प्रतिशत नीचे गिर गया था। कोले की पत्नी ने बताया,

“दो-तीन दिन पहले उन्हें बिटको अस्पताल ले जाया गया था। वहाँ से वह दूसरे अस्पताल गए, वहाँ से सरकारी मेडिकल कॉलेज पहुँचे। मेडिकल कॉलेज ने कहा कि उनके पास कोई बिस्तर नहीं है। हम फिर दूसरे अस्पतालों में गए। किसी ने उन्हें भर्ती नहीं किया। फिर हम सिविल (अस्पताल) वापस आए और वहाँ उन्हें ऑक्सीजन मिली। बाद में किसी ने हमारी नहीं सुनी।”

बता दें कि महाराष्ट्र पुलिस और नगर निकाय ने इस मामले में कहा है कि वह अपनी जाँच कर रहे हैं। उन्हें पता लगाना है कि आखिर मरीज को नगरपालिका भवन जाने के लिए किसने उकसाया।

उल्लेखनीय है महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण के केस लगातार बढ़ रहे हैं। बुधवार को वहाँ 40 हजार नए केस आए। पिछले माह आदित्य ठाकरे भी कोविड संक्रमित हो गए थे। बाद में उद्धव ठाकरे और उनकी पत्नी भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। ऐसे में सबको लग रहा था कि इतने केस देखकर कम से कम महाराष्ट्र सराकर राज्य में लॉकडाउन की घोषणा कर ही देगी। हालाँकि महाराष्ट्र के सीएम ठाकरे ने नई सख्तियों वाली SOP जारी कर दी, लेकिन लॉकडाउन नहीं लगाया है। 

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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