Tuesday, June 18, 2024
Homeदेश-समाजमंदिर की जिस 2 बीघे जमीन के लिए गई शंभू पुजारी की जान, वहीं...

मंदिर की जिस 2 बीघे जमीन के लिए गई शंभू पुजारी की जान, वहीं 9 दिन बाद हुआ अंतिम संस्कार: कब्जे हटेंगे

2 बीघा जमीन फरवरी में भूमाफियाओं ने रजिस्ट्री करा ली थी। पुजारी ने षडयंत्रपूर्वक रजिस्ट्री कराने का आरोप लगाते हुए महुआ थाने में केस दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज कराने के करीब एक माह बाद 2 अप्रैल को पुजारी शंभू शर्मा की मौत हो गई थी।

राजस्थान के दौसा में आखिरकार पुजारी शंभू शर्मा का अंतिम संस्कार हो गया। नौ दिन बाद रविवार (11 अप्रैल 2021) को उनके शव को मुखाग्नि मंदिर की उसी जमीन पर दी गई, जिस पर कब्जा उनकी मौत की वजह मानी जा रही है। अब इस जमीन से कब्जे भी हटाए जाएँगे।

प्रशासन और आंदोलन कर रहे बीजेपी नेताओं के बीच सहमति बनने के बाद उनके अंतिम संस्कार का मार्ग प्रशस्त हुआ। सहमति बनने के बाद बीजेपी नेता सिविल लाइंस फाटक पहुँचे। शव का एसएमएस अस्पताल में पोस्टमॉर्टम हुआ और शाम होते होते उनका शरीर पंचतत्व में विलीन हो गया।

सरकार इस मामले में जाँच के दायरे में आ रहे सरकारी अधिकारियों को दौसा से हटाने पर सहमत हो गई। साथ ही पूरे प्रकरण की संभागीय आयुक्त से जाँच कराई जाएगी। प्रदेश में मंदिर माफी की जमीनों के संरक्षण के लिए कमेटी गठित करने, दर्ज एफआईआर की रेंज आईजी की देखरेख में जाँच तथा संभागीय आयुक्त के 30 अप्रैल तक समयबद्ध जाँच को लेकर समझौता हुआ।

इन मुददों पर बनी सहमति

सरकार मंदिर माफी की जमीनों को कब्जे और विवादों से बचाने के लिए कमेटी का गठन करेगी। ये कमेटी देश के दूसरे राज्यों के दौरे कर वहाँ बने कानूनों का अध्ययन करेगी और सरकार को रिपोर्ट देगी। शंभू पुजारी प्रकरण की प्रशासनिक जाँच जयपुर के संभागीय आयुक्त जितेंद्र उपाध्याय करेंगे। वह 30 अप्रैल तक सरकार को रिपोर्ट पेश करेंगे। 

इस मामले में दर्ज मुकदमों की जाँच आईजी (जयपुर) हवासिंह घुमरिया की निगरानी में होगी। मंदिर की जमीन पर अतिक्रमण की जाँच होगी। वहाँ बनी 172 दुकानों को सील किया जाएगा। महुवा नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी यानी ईओ और एडीएम द्वारा किए गए दुर्व्यवहार की जाँच भी संभागीय आयुक्त करेंगे। जगदीश सैनी की मौत के मामले की भी सरकार जाँच कराएगी।

भूमाफियाओं पर जबरन रजिस्ट्री का आरोप

गौरतलब है कि पुजारी शंभू शर्मा की 2 बीघा जमीन फरवरी माह में कुछ भूमाफियाओं ने रजिस्ट्री करा ली थी। पुजारी ने माफियाओं पर षडयंत्रपूर्वक रजिस्ट्री कराने का आरोप लगाते हुए महुआ थाने में केस दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज कराने के करीब एक माह बाद 2 अप्रैल को पुजारी शंभू शर्मा की मौत हो गई थी।

इसके बाद दौसा सासंद किरोड़ी मीणा ने आरोप लगाते हुए उनके शव के साथ महुआ थाने के बाहर न्याय की माँग को लेकर प्रदर्शन किया। मीणा का कहना था कि भू माफियाओं की ओर से जबरन रजिस्ट्री करवाने के कारण ही जमीन को खोने के सदमे में पुजारी शंभू शर्मा की जान निकल गई।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेल्ट से पीटते, सिगरेट से दागते, वीडियो बनाते… 10वीं-12वीं की लड़कियों को निशाना बनाता था मुजफ्फरपुर का गिरोह, पुलिस ने भी मानी FIR में...

कुछ लड़कियों को तो जबरन शादी के लिए मजबूर किया गया। कई युवतियों का जबरन गर्भपात कराया गया। पुलिस ने मामला दर्ज करने में आनाकानी की।

NEET-UG में 0.001% की भी लापरवाही हुई तो… : सुप्रीम कोर्ट ने NTA और केंद्र सरकार को नोटिस जारी कर माँगा जवाब

सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर 0.001 प्रतिशत भी किसी की खामी पाई गई तो हम उससे सख्ती से निपटेंगे।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -