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ऋचा भारती पर अभद्र टिप्पणी करने वाले अबु आजमी वसीम खान के ख़िलाफ़ FIR दर्ज, अभी है फरार

अबु आजमी वसीम खान पर FIR के बाद से ऋचा भारती की सुरक्षा को भी बढ़ाया गया है। ऋचा और उनके परिवार की सुरक्षा के मद्देनजर उनके घर पर 4 जवानों की तैनाती की गई है।

सोशल मीडिया पर धार्मिक टिप्पणी को लेकर सुर्खियों में आई ऋचा भारती उर्फ़ ऋचा पटेल के ख़िलाफ़ अभद्र टिप्पणी करने के मामले में अबु आजमी वसीम खान के ख़िलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। फिलहाल अबु आजमी वसीम खान फरार है और पुलिस ने उसकी धड़-पकड़ की कोशिशें तेज कर दी हैं। इस बात की पुष्टि स्वंय एसएसपी मुख्यालय-1 से अमित रेणु ने की। बता दें कि इस मामले में हिंदू क्रांति सेना के रवि रंजन, विक्रम सिंह, पंकज सिंह सहित पाँच लोगों ने बुधवार (जुलाई 17,2 019) को पिठोरिया थाना में शिकायत दर्ज की थी।

ऋचा की सुरक्षा बढ़ाई गई

गौरतलब है कि इस एफआईआर को दर्ज करने के साथ ऋचा भारती की सुरक्षा को भी बढ़ाया गया है। ऋचा और उनके परिवार की सुरक्षा के मद्देनजर उनके घर पर 4 जवानों की तैनाती की गई है। इसके अलावा हिंदू संगठनों से जुड़े लोगों ने भी उनसे मिलकर उन्हें मदद का भरोसा दिलाया है।

मामले में असहयोगात्मक रवैया, ग्रामीणों ने फूँका विधायक का पुतला

स्थानीय कांके विधायक डॉ जीतूचरण राम से अपेक्षित सहयोग नहीं मिलने के कारण यहाँ के ग्रामीण नाराज हैं। खबर के मुताबिक गाँव वालों ने यहाँ आंबेडकर चौक में नाराजगी के चलते उनका पुतला दहन भी किया, साथ ही उनके ख़िलाफ़ नारेबाजी भी की। ग्रामीणों का आरोप है कि पूरे मामले की सूचना देने के बाद भी ऋचा के मामले में विधायक द्वारा कोई मदद नहीं दी गई।

प्रभात खबर के मुताबिक भाजयुमो के मेसरा मंडल अध्यक्ष शिवलाल महतो ने विधायक के असहयोगात्मक रवैये पर बात करते हुए कहा कि विधायक हमेशा जन समस्याओं से दूर रहते हैं, जिसके कारण कार्यकर्ताओं में आक्रोश है। उन्होंने बताया कि ऋचा भारती मामले में सहयोग के लिए कार्यकर्ता उन्हें फोन करते रहे पर विधायक द्वारा कोई रिस्पॉन्स नहीं आया।

आदेश में सुधार, इसलिए मनीष कुमार सिंह के कोर्ट का बहिष्कार वापस

बता दें कि इस मामले में जिला बार एसोसिएशन ने ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट मनीष कुमार सिंह की अदालत का बहिष्कार वापस ले लिया है। खबरों की मानें तो गुरुवार को हुई बैठक के बाद एसोसिएशन के अध्यक्ष शंभू प्रसाद अग्रवाल और महासचिव कुंदन प्रकाशन ने कहा कि मामले में जमानत के आदेश में सुधार किया गया है और कुरान बाँटने की शर्त भी हटा ली गई है, इसलिए शुक्रवार से अधिवक्ता मनीष कुमार सिंह की अदालत में सामान्य रूप से काम करेंगे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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