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70 साल बाद पहली बार बिजली से जगमगाया शोपियाँ, सौभाग्य योजना से महज 7 दिन में पहुँची रौशनी

"केल्लर, शोपियाँ के ये सुदूर इलाके सदियों से ही गैर-विद्युतीकृत गाँव थे और केंद्र सरकार द्वारा प्रायोजित 'सौभाग्‍य योजना' के तहत हमने पाँच ट्रांसफार्मर बनाए थे। बाद में ये सात दिनों के भीतर चालू कर दिए और केलरी शोपियाँ के इन गाँवों में बिजली की आपूर्ति की गई।"

दक्षिण कश्मीर के शोपियाँ जिले के केल्लर (Kellar) क्षेत्र के कई दूरदराज के गाँवों में आजादी के लगभग सत्तर साल बाद बिजली पहुँची है। यह केंद्र सरकार की ‘सौभाग्य योजना’ के तहत सम्भव हो सका है। इसके लिए क्षेत्र में पाँच ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं और महज सात दिनों के भीतर चालू कर दिए गए हैं, जिसके बाद इलाके में बिजली पहुँच गई।

रिपोर्ट्स के अनुसार, इस इलाके में पहली बार बिजली पहुँचने पर सहायक कार्यकारी अभियंता, बिजली विकास विभाग (पीडीडी) फारूक अहमद ने कहा – “केल्लर, शोपियाँ के ये सुदूर इलाके सदियों से ही गैर-विद्युतीकृत गाँव थे और केंद्र सरकार द्वारा प्रायोजित ‘सौभाग्‍य योजना’ के तहत हमने पाँच ट्रांसफार्मर बनाए थे। बाद में ये सात दिनों के भीतर चालू कर दिए और केलरी शोपियाँ के इन गाँवों में बिजली की आपूर्ति की गई।”

गाँव में पहली बार बिजली पहुँचने पर एक ग्रामीण का कहना है – “हमने बिजली के बारे में सुना था, लेकिन हम बहुत लंबे समय तक गुलाम रहे। हमें 70 वर्षों के बाद एक नया जीवन मिला है, अब जब हमारे पास बिजली है और हमारे बच्चे अब शिक्षा क्षेत्र में इसका लाभ ले सकते हैं।”

एक अन्य बुजुर्ग निवासी मोहम्मद एवान ने कहा कि ये गाँव बिना बिजली के ही थे। उन्होंने कहा कि हम अब खुश हैं क्योंकि उनके घरों में उजाला आ गया है। मोहम्मद एवान का कहना है कि पहले वे मोमबत्ती की रोशनी में खाना खाते थे। कुछ बच्चे तेल के लैंप और मोमबत्तियों की मदद से पढ़ाई करते थे।

सौभाग्य : प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना

केंद्र सरकार की ‘सौभाग्‍य’ योजना सितंबर 25, 2017 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई थी। ‘सौभाग्‍य’ योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में सभी घरों (एपीएल और गरीब परिवारों) और शहरी इलाकों में गरीब परिवारों को मुफ्त बिजली कनेक्शन प्रदान किया जाता है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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