Tuesday, August 9, 2022
Homeदेश-समाजजेल भेजे गए मंसूरी, रफीक और आरिज: उर्दू को लेकर सरकारी स्कूल की प्रधानाध्यापिका...

जेल भेजे गए मंसूरी, रफीक और आरिज: उर्दू को लेकर सरकारी स्कूल की प्रधानाध्यापिका को धमकाने का मामला, राजस्थान का वीडियो हुआ था वायरल

इस मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपितों के नाम हैं - मुहें मोहम्मद मंसूरी, रफीक मोहम्मद और मोहम्मद आरिज। इन तीनों को जेल भी भेज दिया गया है।

सरकारी विद्यालय की प्रधानाध्यापिका को उर्दू पढ़ाने को लेकर धमकी देने वाले 3 आरोपितों को राजस्थान पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। राजस्थान पुलिस ने धमकी के वायरल वीडियो पर स्वतः संज्ञान लेते हुए ये कार्रवाई की। जिला पुलिस अधीक्षक जय यादव ने सोशल मीडिया पर निगरानी के निर्देश पुलिस को दिए हे। गुरुवार (21 जुलाई, 2022) को आलोड़ स्थित राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल की प्रधानाध्यापिका को धमकी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।

इस मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपितों के नाम हैं – हुसैन मोहम्मद मंसूरी, रफीक मोहम्मद और मोहम्मद आरिज। इन तीनों को जेल भी भेज दिया गया है। बूँदी जिले की पुलिस ने कहा है कि पुलिस अधीक्षक का स्पष्ट निर्देश है कि जो भी कानून अपने हाथ में लेकर डराएगा-धमकाएगा, ऐसे हर शख्स पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में किसी ने शिकायत नहीं दी थी, इसीलिए पुलिस ने खुद ही संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की।

प्रिंसिपल को धमकी के मामले में राजस्थान पुलिस का बयान

राजस्थान में उर्दू पढ़ाने को लेकर सरकारी स्कूल की प्रधानाध्यापिका को धमकी: जानें क्या है पूरा मामला

राजस्थान के बूँदी जिले के वायरल वीडियो में कुछ लोगों को स्कूल में तीसरी भाषा के तौर पर उर्दू शामिल करने को लेकर प्रिंसिपल को धमकाते हुए देखा जा सकता है। शामिल न करने करने पर स्कूल में ताला लगाने की धमकी देता है। मामला बूँदी जिले के अलोद गाँव स्थित महात्मा गाँधी राजकीय विद्यालय (इंग्लिश मीडियम) का है। मामले पर स्कूल की प्रिंसिपल ने बताया था कि स्कूल की तरफ से इस बारे में अभी तक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।

प्रिंसिपल ने कहा कि उन्होंने पुलिस में रिपोर्ट इसलिए दर्ज नहीं करवाई थी, क्योंकि फिर उनको भी कुछ घटना होने की अंदेशा रहती। उन्होंने बताया था कि उन्हें अभी इसी गाँव में नौकरी करनी है तो वह इन सब झंझट में नहीं पड़ना चाहती। उन्होंने कहा कि धमकी देने वालों की भाषा इतनी निम्न स्तरीय थी कि वो किसी की बात नहीं सुनना चाहते थे, सिर्फ अपनी बात कहकर चले गए। वह जनवरी 2020 से इस विद्यालय में कार्यरत है। उन्होंने बताया कि धमकी देने वाले स्कूल में उर्दू पढ़ाने को लेकर धमका रहे थे।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

डोनाल्ड ट्रंप के ‘खूबसूरत घर’ पर FBI की रेड: पूर्व राष्ट्रपति बोले- मेरी तिजोरी में भी सेंध मारी, दावा- व्हाइट हाउस से लेकर चले...

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप को लेकर कहा जा रहा है कि उन्होंने राष्ट्रपति भवन छोड़ते समय कुछ दस्तावेज अपने पास रख लिए थे। एफबीआई रेड में उन्हें ही ढूँढ रही थी।

मंदिर से लौट रहे हिन्दू परिवार पर हमला, महिलाओं से छेड़छाड़: Pak में जहाँ हुई थी हिन्दू कारोबारी की हत्या, वहाँ अब भी नहीं...

पाकिस्तान के सिंध के संघर में एक हिंदू परिवार पर रविवार शाम को मीरपुर मथेलो पुलिस थाने के भीतर लगभग एक दर्जन लोगों ने हमला बोल दिया।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
212,424FollowersFollow
416,000SubscribersSubscribe