Saturday, July 27, 2024
Homeदेश-समाजTwitter नए IT नियमों का पालन करने में रहा विफल, उसे मिलने वाली छूट...

Twitter नए IT नियमों का पालन करने में रहा विफल, उसे मिलने वाली छूट हो सकती है खत्म: दिल्ली हाईकोर्ट में केंद्र सरकार

केंद्र सरकार ने सोमवार को दिल्ली हाईकोर्ट को अपने एफिडेविट में बताया कि ट्विटर भारत के नए सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) नियमों 2021 का पालन करने में विफल रहा है, जो देश का कानून है और इसका अनिवार्य रूप से पालन करना आवश्यक है।

केंद्र सरकार और ट्विटर के बीच तकरार जारी है। केंद्र सरकार ने सोमवार (5 जुलाई 2021) को दिल्ली हाईकोर्ट को अपने एफिडेविट में बताया कि ट्विटर भारत के नए सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) नियमों 2021 का पालन करने में विफल रहा है, जो देश का कानून है और इसका अनिवार्य रूप से पालन करना आवश्यक है

समाचार एजेंसी एएनआई (ANI) के मुताबिक, केंद्र सरकार ने कोर्ट में कहा कि सभी प्रमुख सोशल मीडिया कंपनियों को आईटी नियम 2021 लागू करने के लिए 3 महीनों का समय दिया गया था, जिन्हें लागू करने की समय सीमा 25 मई थी, लेकिन इस अवधि के दौरान ट्विटर इन नियमों का अनुपालन करने में असफल रहा है।

उन्होंने अदालत में कहा कि माइक्रो ब्लॉगिंग साइट ट्विटर भारत में मुख्य अनुपालन अधिकारी की नियुक्ति करने, निवासी शिकायत अधिकारी और नोडल अधिकारी की 1 जुलाई तक नियुक्ति करने में असफल रहा है।

कोर्ट में दाखिल किए गए अपने हलफनामे में सरकार ने कहा कि किसी भी गैर-अनुपालन को आईटी नियमों के प्रावधानों का उल्लंघन माना जाएगा, जिससे ट्विटर आईटी अधिनियम, 2000 की धारा 79 (1) के तहत मिलने वाली छूट को खो सकता है। यह हलफनामा वकील अमित आचार्य की एक याचिका के जवाब में दायर किया गया है। उन्होंने दावा किया था कि ट्विटर केंद्र के नए आईटी नियमों का पालन नहीं कर रहा।

आईटी नियम के तहत भारत में मुख्य अनुपालन अधिकारी की नियुक्ति अनिवार्य

ट्विटर ने दिल्ली हाईकोर्ट को शनिवार (3 जुलाई 2021) बताया था कि नए आईटी नियमों के अनुसार एक अंतरिम मुख्य अनुपालन अधिकारी और एक अंतरिम स्थानीय शिकायत निवारण अधिकारी की नियुक्ति के अंतिम चरण में है। वकील अमित आचार्य की एक याचिका के जवाब में दाखिल हलफनामे में ट्विटर ने कहा था कि भारतीय यूजर्स द्वारा उठाए गए मुद्दों को एक शिकायत निवारण अधिकारी देख रहे हैं।

तथ्य यह है कि ट्विटर ने अपने कैलिफोर्निया स्थित ग्लोबल लीगल पॉलिसी डायरेक्टर को नियुक्त किया है। जेरेमी केसल को भारत का नया शिकायत अधिकारी नियुक्त किया गया है। हालाँकि, नए आईटी नियम में इस भूमिका के लिए भारत का निवासी होना अनिवार्य है।

गौरतलब है कि 25 फरवरी 2021 को केंद्र सरकार ने डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म्स और ओटीटी (ओवर-द-टॉप) प्लेटफॉर्म के लिए नए नियम जारी किए थे। नए नियमों का उद्देश्य लोगों को पारंपरिक मीडिया जैसे न्यूज चैनलों व समाचार पत्रों के समान ही ऑनलाइन कंटेंट मुहैया करवाना है। नए नियम फेसबुक, व्हाट्सएप, ट्विटर और ओटीटी प्लेटफॉर्म जैसे नेटफ्लिक्स, अमेजन प्राइम, डिजनी हॉटस्टार और कई अन्य जैसे सोशल मीडिया/डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर लागू होंगे।

25 मई 2021 को समय सीमा समाप्त होने के बाद भी ट्विटर ने अब तक नए नियमों को लागू नहीं किया है और न ही इसके तहत अपने प्लेटफॉर्म पर ट्वीट के बारे में शिकायतों के निवारण के लिए स्थानीय शिकायत अधिकारी की नियुक्ति किया है। नए आईटी नियमों, 2021 के तहत सोशल मीडिया नेटवर्कों को इस बात का पता लगाना होगा कि कोई मैसेज सबसे पहले किसने भेजा। इसके साथ ही किसी पोस्ट, मैसेज के बारे में शिकायतों का निवारण के लिए स्थानीय शिकायत अधिकारी नियुक्त करने को कहा है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बांग्लादेशियों के खिलाफ प्रदर्शन करने पर झारखंड पुलिस ने हॉस्टल में घुसकर छात्रों को पीटा: BJP नेता बाबू लाल मरांडी का आरोप, साझा की...

भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने कहा है कि बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ प्रदर्शन करने पर हेमंत सरकार की पुलिस ने उन्हें बुरी तरह पीटा।

प्राइवेट सेक्टर में भी दलितों एवं पिछड़ों को मिले आरक्षण: लोकसभा में MP चंद्रशेखर रावण ने उठाई माँग, जानिए आगे क्या होंगे इसके परिणाम

नगीना से निर्दलीय सांसद चंद्रशेखर आजाद ने निजी क्षेत्रों में दलितों एवं पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण लागू करने के लिए एक निजी बिल पेश किया।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -