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हल्द्वानी पहुँचे CM धामी, कहा- चलता रहेगा बुलडोजर: दंगों को लेकर अब तक 5000 पर केस, 19 नामजद-4 गिरफ्तार

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी हिंसा पीड़ितों से मुलाकात की और कहा कि अतिक्रमण विरोधी अभियान कोर्ट के निर्देशों के मुताबिक ही जारी रहेगा और खून बहाने वालों के बारे में कहा कि उनसे कानून अपने तरीके से निपटेगा।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी हिंसा पीड़ितों से मुलाकात के बाद कहा कि अतिक्रमण विरोधी अभियान कोर्ट के निर्देशों के मुताबिक ही जारी रहेगा। उन्होंने हल्द्वानी में हमला करने वालों और खून बहाने वालों के बारे में कहा कि उनसे कानून अपने तरीके से निपटेगा। बता दें कि हल्द्वानी हिंसा में अब तक 6 लोगों की मौत हो चुकी है, तो 300 से अधिक लोग घायल हैं। घायलों में पुलिसकर्मियों की संख्या 200 से अधिक है। इस बीच हल्द्वानी में पुलिस प्रशासन ने अपना एक्शन शुरू कर दिया है। हिंसा से जुड़े मामलों में 3 एफआईआर दर्ज की गई हैं, तो अब तक 4 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

5000 से अधिक लोगों के खिलाफ एफआईआर

हल्द्वानी हिंसा मामले में पुलिस-प्रशासन एक्शन मोड में है। लाइव हिंदुस्तान की रिपोर्ट के मुताबिक, कुल 3 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं और हिंसा से जुड़े लोगों की पहचान की जा रही है। इस बीच पुलिस ने 4 दंगाइयों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने 19 नामजद लोगों के साथ ही 5000 अज्ञात लोगों को भी एफआईआर में शामिल किया है। वहीं, सीसीटीवी फुटेज के आधार पर 100 से ज्यादा उपद्रवियों की पहचान की जा चुकी है, उनके खिलाफ जल्द एक्शन लेने की तैयारी प्रशासन कर रहा है।

मुख्यमंत्री ने की पीड़ितों से मुलाकात

हल्द्वानी हिंसा पीड़ितों से मिलने के बाद उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा, “अदालत के निर्देश पर अतिक्रमण विरोधी अभियान चल रहा है। कल (8 फरवरी 2024) जब प्रशासन अवैध संपत्ति को तोड़ने की कोशिश कर रहा था, तो यह हिंसा भड़क उठी और महिला अधिकारियों सहित हमारे पुलिस कर्मियों पर हमला किया गया। उन पर पथराव किया गया। यह बेहद निंदनीय है।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “उत्तराखंड ‘देवभूमि’ है…यहाँ ऐसा कभी नहीं हुआ…कुछ लोगों ने देवभूमि में माहौल खराब करने की कोशिश की है और कानून अपने हाथ में ले लिया है। पत्रकारों पर भी हमला किया गया, उनके कैमरे तोड़ दिए गए। सार्वजनिक संपत्तियों को जला दिया गया। वीडियो फुटेज की जाँच कर सबकी पहचान की जाएगी और कानून अपना काम करेगा।”

उत्तराखंड पुलिस बनभूलपुरा में हुई हिंसा के उपद्रवियों और पत्थरबाजों की पहचान मौके से मिले सीसीटीवी फुटेज के आधार पर कर रही है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। एहतियात के तौर पर हल्द्वानी में चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात कर स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है। बता दें कि सुबह मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि उपद्रवियों और दंगाइयों को तुरंत सलाखों के पीछे भेजा जाए।

मुख्य सचिव ने प्रभावित इलाके का लिया जायजा

उत्तराखंड की मुख्य सचिव राधा रतूड़ी हल्द्वानी के हिंसा प्रभावित क्षेत्र बनभूलपुरा के हालात का जायजा लेने के लिए हिंसा प्रभावित इलाकों में पहुँचीं। जिलाधिकारी नैनीताल एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को स्थिति पर निरन्तर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। प्रशासन एवं पुलिस अधिकारियों को आम जनता की सुरक्षा एवं शांति को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए। मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सुशीला तिवारी अस्पताल पहुँचकर घायलों से मुलाकात की और उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली।

हल्द्वानी में इस्लामी कट्टरपंथियों का कहर

बता दें कि हल्द्वानी के बनभूलपुरा थाना इलाके के ‘मालिक का बगीचा’ में गुरुवार (08 फरवरी 2024) को अतिक्रमण विरोधी अभियान चला रही नगर निगम और पुलिसकर्मियों पर पथराव हुआ। इसके बाद टीम पर पेट्रोल बम से हमला किया गया, तो इस्लामिक कट्टरपंथियों की भीड़ ने थाने को घेरकर गाड़ियों को आग लगा दी और थाने को भी छतिग्रस्त कर दिया। इस दौरान हिंसा में 6 लोगों की मौत भी हो गई है, वहीं, तीन सौ से अधिक लोग घायल हो गए हैं। घायलों में प्रशासनिक अधिकारियों के अलावा 200 से अधिक पुलिसकर्मी भी शामिल हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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