दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार (29 जनवरी 2026) को IRS अधिकारी समीर वानखेड़े द्वारा नेटफ्लिक्स सीरीज ‘Bads of Bollywood’ के खिलाफ दायर मानहानि याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि इस मामले की सुनवाई करने का अधिकार दिल्ली हाईकोर्ट के पास नहीं है।
जस्टिस पुरुषेंद्र कुमार कौरव ने आदेश सुनाते हुए कहा कि यह मामला मुंबई से जुड़ा हुआ है, इसलिए वानखेड़े चाहें तो मुंबई की अदालत में याचिका दायर कर सकते हैं। कोर्ट ने मामले को क्षेत्राधिकार (ज्यूरिस्डिक्शन) के आधार पर वापस लौटा दिया और कंटेंट की वैधता पर कोई फैसला नहीं दिया।
समीर वानखेड़े, जो पहले नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के जोनल डायरेक्टर रह चुके हैं, उन्होंने आरोप लगाया था कि इस वेब सीरीज में एक किरदार उन्हें दर्शाता है और उनका मजाक उड़ाकर उनकी छवि खराब की गई है। उन्होंने 2 करोड़ रुपए का मुआवजा, कंटेंट हटाने और आगे प्रसारण रोकने की माँग की थी।
विवाद की कहानी
यह विवाद 2021 के मुंबई क्रूज ड्रग्स केस से जुड़ा है, जिसमें वानखेड़े की भूमिका अहम थी और इसी मामले में आर्यन खान को गिरफ्तार किया गया था। बाद में आर्यन खान को क्लीन चिट मिल गई थी, और यह केस मीडिया में काफी चर्चा में रहा था।
सीरीज के निर्माता रेड चिलीज एंटरटेनमेंट (शाहरुख खान और गौरी खान की कंपनी) और नेटफ्लिक्स ने अदालत में कहा कि यह शो व्यंग्य और पैरोडी है, जो अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के तहत आता है। उन्होंने बताया कि सीरीज बॉलीवुड में नेपोटिज़्म, कास्टिंग काउच, मीटू, ड्रग्स और अंदरूनी राजनीति जैसे मुद्दों पर कटाक्ष करती है।
नेटफ्लिक्स की ओर से वरिष्ठ वकील राजीव नायर ने कहा कि शो में सभी को व्यंग्य के दायरे में दिखाया गया है, न कि किसी एक व्यक्ति को निशाना बनाया गया है। वहीं रेड चिलीज़ ने तर्क दिया कि वानखेड़े पहले से ही CBI जाँच और अन्य विवादों के कारण सार्वजनिक जाँच के दायरे में रहे हैं।
वानखेड़े की ओर से वरिष्ठ वकील जे साई दीपक ने कहा कि यह जानबूझकर बदनाम करने की कोशिश है और व्यंग्य की आड़ में एक सरकारी अधिकारी की छवि को नुकसान पहुँचाया गया है।
हालाँकि, कोर्ट ने इस विवाद के गुण-दोष या अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के मुद्दे पर कोई फैसला नहीं दिया और केवल तकनीकी आधार पर केस खारिज कर दिया।
‘Bads of Bollywood’ आर्यन खान की डायरेक्टोरियल डेब्यू सीरीज है, जिसमें बॉबी देओल, लक्ष्य, सहेर बंबा, मनोज पाहवा, मोना सिंह सहित कई कलाकार नजर आते हैं। यह सीरीज बॉलीवुड की चमक-धमक के पीछे की सच्चाई और एक बाहरी कलाकार के संघर्ष की कहानी दिखाती है।
इस फैसले से फिलहाल शो के मेकर्स और नेटफ्लिक्स को राहत मिली है और सीरीज का स्ट्रीमिंग जारी रहेगा। समीर वानखेड़े अब चाहें तो मुंबई की कोर्ट में अपना केस दोबारा दाखिल कर सकते हैं।

