Tuesday, April 23, 2024
Homeराजनीतिबंगाल में 'भाईजान' पर कॉन्ग्रेस में तकरार, आनंद शर्मा और अधीर रंजन के बीच...

बंगाल में ‘भाईजान’ पर कॉन्ग्रेस में तकरार, आनंद शर्मा और अधीर रंजन के बीच जुबानी जंग

पीरजादा की राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं ने सत्ताधारी तृणमूल की नींद पहले से ही उड़ा रखी है। अब वे कॉन्ग्रेस में भी विवाद की वजह बन गए हैं।

पश्चिम बंगाल में 8 चरणों में होने वाले विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है। लेकिन, कॉन्ग्रेस की भीतरी लड़ाई थमती नहीं दिख रही। विधानसभा में टीएमसी और बीजेपी को टक्कर देने का दम भरने वाली कॉन्ग्रेस के अंदर ही अब गठबंधन को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।

पश्चिम बंगाल में कॉन्ग्रेस और वाम मोर्चा एक साथ चुनावी मैदान में हैं। इस गठबंधन में इंडियन सेक्युलर फ्रंट (आईएसएफ) को शामिल करने पर कॉन्ग्रेस के नाराज नेताओं के समूह G-23 के सदस्य आनंद शर्मा ने सवाल उठाए हैं।

कॉन्ग्रेस की विचारधारा के खिलाफ है ISF से गठबंधन 

आनंद शर्मा ने सोमवार (मार्च 1, 2021) को ट्वीट करते हुए कहा, “आईएसएफ जैसे दलों के साथ कॉन्ग्रेस का गठबंधन पार्टी की मूल विचारधारा के खिलाफ है, जो कि गाँधी और नेहरू के धर्मनिरपेक्षता वाले सिद्धांत पर आधारित है। इन मुद्दों को कॉन्ग्रेस कार्यसमिति पर चर्चा होनी चाहिए थी।”

गठबंधन को बताया शर्मनाक 

पीरजादा अब्बास सिद्दीकी की नवगठित पार्टी आईएसएफ के साथ गठबंधन को शर्मनाक बताते हुए उन्होंने ट्वीट के जरिए कहा, “सांप्रदायिक ताकतों से लड़ने में कॉन्ग्रेस चयनात्मक रुख नहीं अपना सकती। हमें सांप्रदायिकता के हर रूप से लड़ना है। पश्चिम बंगाल प्रदेश कॉन्ग्रेस अध्यक्ष की उपस्थिति और समर्थन शर्मनाक है, उन्हें अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए।”

अधीर रंजन चौधरी ने सोमवार को आनंद शर्मा के बयान का जवाब देते हुए कहा कि वो एक राज्य के प्रभारी हैं और बिना किसी अनुमति के अपने दम पर कोई फैसला नहीं लेते हैं। कॉन्ग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने सोमवार को घोषणा की कि वाम दलों के साथ अब तक हुई चर्चा में सीटों की साझेदारी पर यह सहमति बनी है कि उनकी पार्टी 92 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। इन सीटों पर कॉन्ग्रेस के प्रत्याशियों की सूची दो दिन में जारी कर दी जाएगी।

बता दें कि रविवार (फरवरी 28, 2021) को फुरफुरा शरीफ दरगाह के मौलाना अब्बास सिद्दीकी ने जहाँ राज्य भर के वामपंथी उम्मीदवारों को तो अपना समर्थन दे दिया, लेकिन कॉन्ग्रेस पार्टी के लिए ऐसा नहीं किया। कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में गठबंधन की पहली रैली आयोजित हुई। रैली में सिद्दीकी ने कहा कि वो चुनावी राजनीति में भागीदारी चाहते हैं, वो लेफ्ट को धन्यवाद करना चाहते हैं क्योंकि उसने अपनी सीटों का ‘बलिदान’ कर उन्हें 30 सीटें दी हैं।

‘भाईजान’ नाम से मशहूर पीरजादा सिद्दीकी फुरफुरा शरीफ के प्रमुख हैं। यह दरगाह देश की दूसरी सबसे बड़ी सूफी मजार है। इस दरगाह का दक्षिण बंगाल के इलाकों में काफी प्रभाव माना जाता है। पीरजादा की राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं ने सत्ताधारी तृणमूल की नींद पहले से ही उड़ा रखी है। अब वे कॉन्ग्रेस में भी विवाद की वजह बन गए हैं।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

तेजस्वी यादव ने NDA के लिए माँगा वोट! जहाँ से निर्दलीय खड़े हैं पप्पू यादव, वहाँ की रैली का वीडियो वायरल

तेजस्वी यादव ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा है कि या तो जनता INDI गठबंधन को वोट दे दे, वरना NDA को देदे... इसके अलावा वो किसी और को वोट न दें।

नेहा जैसा न हो MBBS डॉक्टर हर्षा का हश्र: जिसके पिता IAS अधिकारी, उसे दवा बेचने वाले अब्दुर्रहमान ने फँसा लिया… इकलौती बेटी को...

आनन-फानन में वो नोएडा पहुँचे तो हर्षा एक अस्पताल में जली हालत में भर्ती मिलीं। यहाँ पर अब्दुर्रहमान भी मौजूद मिला जिसने हर्षा के जलने के सवाल पर गोलमोल जवाब दिया।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
282,677FollowersFollow
417,000SubscribersSubscribe