Tuesday, July 23, 2024
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बिहार में रक्षाबंधन और छठ-दीपावली सहित कई छुट्टियाँ रद्द: BJP बोली – अब शरिया लागू करेगी चाचा-भतीजे की सरकार

बिहार में छठ पूजा को महापर्व के तौर पर मनाया जाता है। इसकी छुट्टियों में कटौती की खबर आने के बाद सोशल मीडिया पर कई पोस्ट किए जा रहे हैं। पहले की तरह ही छुट्टी देने की माँग की जा रही है।

बिहार सरकार ने राज्य के स्कूलों में रक्षाबंधन समेत 12 छुट्टियों को रद्द करने का आदेश जारी किया है। इस फैसले का शिक्षकों और भाजपा ने विरोध जताया है। शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक के आदेश के मुताबिक, छात्र-शिक्षकों को रक्षाबंधन, तीज, जिउतिया, गुरु नानक जयंती में भी छुट्टी नहीं मिलेगी। वहीं, दुर्गा पूजा, छठ, दीपावली जैसे त्योहारों में दिनों की कटौती की गई है।

माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने छुट्टियों को रद्द करने का कारण बताया है कि समय समय पर परीक्षा, त्योहार, चुनाव की वजह से पढ़ाई बाधित हो रही है। ऐसे में बच्चों के हित को ध्यान में रखते हुए छुट्टियों को रद्द करने का आदेश जारी किया गया है।

हिंदुओं को आहत करने से नहीं चूकती चाचा-भतीजे की सरकार

बिहार भाजपा के अध्यक्ष सम्राट चौधरी ने नीतीश कुमार को निशाने पर लिया है। उन्होंने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, “बिहार की यह घमंडिया सरकार लगातार तुष्टिकरण की राजनीति कर रही है। चाचा-भतीजे की सरकार हिंदुओं की भावनाओं को आहत करने से बाज नहीं आती है। बिहार में अब क्या हिन्दू अपने धार्मिक त्यौहार भी नहीं मना सकते हैं? दीपावली, दुर्गा पूजा के अलावा महापर्व छठ की छुट्टियों में भी कटौती कर दी गई है। यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण और अस्वीकार्य है। तुष्टिकरण की राजनीति के प्रणेताओं को बिहार की जनता 2024 और 2025 में करारा जवाब देगी।”

हो सकता है- “बिहार में शरिया लागू कर दिया जाए”

इधर शिक्षा विभाग के आदेश के बाद केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने भी बिहार सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा, “दुर्गा पूजा, दिवाली और छठ पूजा की छुट्टियाँ रद्द की गई हैं। कल संभव है कि बिहार में शरिया लागू कर दी जाए और हिंदू त्योहार मनाने पर रोक लग जाए।”

शिक्षा विभाग के फरमान के बाद एक बार फिर से बिहार के शिक्षकों का आक्रोश भड़क उठा है। उन्होंने सरकार के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी है। अभी 10 दिन पहले ही उन्हें मिड-डे मील के बोरों को बेचने का काम भी दिया गया था। मिड-डे मील योजना विभाग के निदेशक मिथिलेश मिश्रा ने कहा था कि टीचर इन बोरों को कम से कम 20 में बेचें। दरअसल, मिड-डे मील की सामग्री इन्हीं बोरों में आती है।

शिक्षकों ने दी आंदोलन की चेतावनी

शिक्षक नेता आनंद कौशल सिंह और राजू सिंह ने सरकार को शिक्षक और हिंदू विरोधी बताते हुए चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि केके पाठक का फरमान भावनाओं को ठेस पहुँचाने वाला है, शिक्षक इसे कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने कहा इसको लेकर जल्द ही शिक्षक संघ की आपात बैठक बुलाकर राज्यव्यापी आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि इस दौरान राज्य भर के स्कूलों में तालाबंदी कर शिक्षा व्यवस्था को ठप किया जाएगा।

सरकार ने इन छुट्टियों को किया है रद्द

1- रक्षाबंधन- 30 अगस्त
2- श्रीकृष्ण जन्माष्टमी- 07 सितंबर
3- हरितालिका तीज- 18, 19 सितंबर
4- जीवित पुत्रिका व्रत (जीउतिया)- 06 अक्टूबर
5- दुर्गा पूजा में 3 दिन की छुट्टी कम
6- दीपावली से छठ पूजा 5 दिन की छुट्टी कम
7- गुरुनानक जयंती/कार्तिक पूर्णिमा- 27 नवंबर

वहीं, सरकार ने 8 सरकारी छुट्टियाँ रखी हैं, जिनमें

1- चेहल्लुम- 06 सितंबर
2- अनंत चतुर्दशी/हजरत मोहम्मद का जन्म दिवस- 28 सितंबर
3- महात्मा गाँधी जयंती- 02 अक्टूबर 4- दुर्गा पूजा- 22-24 अक्टूबर
5- दीपावली- 12 नवंबर
6- चित्रगुप्त पूजा/भैया दूज- 15 नवंबर
7- छठ पूजा- 19-20 नवंबर
8- क्रिसमस डे- 25 दिसंबर

बता दें कि बिहार में छठ पूजा को महापर्व के तौर पर मनाया जाता है। इसकी छुट्टियों में कटौती की खबर आने के बाद सोशल मीडिया पर कई पोस्ट किए जा रहे हैं। पहले की तरह ही छुट्टी देने की माँग की जा रही है। दरअसल, बिहार में टीचरों को कुल 23 छुट्टियाँ साल में दी जाती थीं। अब उन्हें सिर्फ 11 छुटियाँ मिलेंगी।

बिहार सरकार के शिक्षा विभाग के फैसले पर आपकी क्या राय है, जरूर हमें बताएँ।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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