चिदंबरम को ले गई CBI-ED की टीम, मेडिकल के बाद, कभी भी हो सकता है गिरफ़्तारी का ऐलान

चिदंबरम ने मीडिया से कहा कि इस मामले में उनके और परिवार के खिलाफ कोई चार्जशीट नहीं है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की बुनियाद आजादी है, चिदंबरम ने कहा कि अगर उन्हें जिंदगी और आजादी के बीच में चुनने कहा जाए तो वे आजादी चुनेंगे।

सीबीआई की चार टीम चिदंबरम के घर पर मौजूद हैं। वहीं ईडी की भी 2 टीम पूर्व गृह मंत्री के घर पर मौजूद है। दिल्ली पुलिस के 20 जवान भी चिदंबरम के घर पर हैं। ईडी की टीम ने चिदंबरम से पूछताछ शुरू कर दी है। अगर चिदंबरम की आज गिरफ़्तारी होगी तो ईडी की टीम करेगी। क्योंकि सीबीआई की चार्जशीट में चिदंबरम का नाम नहीं है। खबर है कि सीबीआई के डायरेक्टर भी सीबीआई मुख्यालय पहुँच गए हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, गुरुवार को उन्हें सीबीआई के स्पेशल जज अजय कुमार कुहार की अदालत में पी चिदंबरम को पेश किया जा सकता है।

बता दें कि INX मीडिया केस में करीब 27 घंटे से फरार चल रहे पी चिदंबरम बुधवार रात अचानक से कॉन्ग्रेस मुख्यालय में मीडिया से रूबरू हुए। यहाँ उन्‍होंने अपनी बात रखी। इसके तुरंत बाद वहकपिल सिब्बल के साथ निकल गए। थोड़ी ही देर में सीबीआई की टीम भी वहाँ पहुँच गई। लेकिन यहाँ कॉन्ग्रेस नेताओं ने दरवाजे बंद कर लिए थे। बता दें कि प्रेस कांफ्रेंस में पी चिदंबरम के साथ कॉन्ग्रेस के 9 बड़े नेता मौजूद रहे।

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इसके बाद जैसे ही वह अपने घर पहुँचे, दिल्ली के जोरबाग स्थित पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के घर पर जमकर ड्रामा शुरू हो गया। सीबीआई की टीम भी जब जोरबाग पहुँची तो वहाँ सीबीआई अधिकारियों को अंदर नहीं जाने दिया गया। यहाँ भी गेट बंद कर दिया गया। इसके बाद सीबीआई की टीम चिदंबरम के घर की दीवार फाँदकर चिदंबरम के घर के अंदर पहुँची। थोड़ी ही देर में ED की टीम भी पहुँच चुकी है। चिदंबरम के साथ इस वक्त उनके घर पर कॉन्ग्रेस नेता कपिल सिब्बल और अभिषेक मनु सिंघवी मौजूद हैं।  

बता दें दिल्‍ली हाई कोर्ट से अग्रिम जमानत अर्जी खारिज होने के बाद से पी चिदंबरम का पता नहीं चल रहा था। सीबीआई और ईडी की टीमें उन्‍हें गिरफ्तार करने के लिए कई बार उनके आवास का चक्‍कर लगा रही थीं, पर वे नहीं मिले।

चिदंबरम ने मीडिया से कहा कि इस मामले में उनके और परिवार के खिलाफ कोई चार्जशीट नहीं है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की बुनियाद आजादी है, चिदंबरम ने कहा कि अगर उन्हें जिंदगी और आजादी के बीच में चुनने कहा जाए तो वे आजादी चुनेंगे।

पी चिदंबरम की गिरफ्तारी के बाद उनके बेटे कार्ति चिदंबरम ने कहा कि इस केस के कई साल बीतने के बाद भी सीबीआई के पास चार्जशीट में उनके पिता का नाम नहीं है। कार्ति ने कहा कि देश के कई बड़े मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए सरकार ने ये कदम उठाया है।

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यू-ट्यूब से

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गृह मंत्री रहते चिदंबरम ने हिंदी के पूरे देश की भाषा बनने की उम्मीद जताई थी। सरकारी दफ्तरों में संवाद के लिए हिंदी के इस्तेमाल पर जोर दिया था। लेकिन, अब जिस तरह उनकी पार्टी और गठबंधन के साथी अमित शाह के बयान पर जहर उगल रहे हैं उससे जाहिर है यह अंध विरोध के अलावा कुछ भी नहीं।

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