Tuesday, July 27, 2021
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ED ने पूछताछ के बाद चिदंबरम को किया गिरफ्तार, कार्ति ने कहा- पॉलिटिकल ड्रामा है सब

दिल्ली की विशेष अदालत ने मंगलवार को ईडी को चिदबंरम से तिहाड़ जेल में पूछताछ की इजाजत दी थी। साथ ही कहा था कि पूछताछ के निष्कर्षों के आधार पर एजेंसी उन्हें गिरफ्तार भी कर सकती है।

आईएनएक्स मीडिया मामले के आरोपित पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम को प्रवर्तन निदेशायल (ईडी) ने बुधवार (अक्टूबर 16, 2019) को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी से पहले एजेंसी के अधिकारियों ने उनसे तिहाड़ जेल में पूछताछ की। पूछताछ के दौरान चिदंबरम की पत्नी नलिनी और सांसद बेटे कार्ति भी तिहाड़ जेल पहुॅंचे थे।

दिल्ली की विशेष अदालत ने मंगलवार को ईडी को चिदबंरम से तिहाड़ जेल में पूछताछ की इजाजत दी थी। साथ ही कहा था कि पूछताछ के निष्कर्षों के आधार पर एजेंसी उन्हें गिरफ्तार भी कर सकती है।

पिता से मुलाकात के बाद कार्ति चिदंबरम ने मीडिया को बताया कि उनके पिता के खिलाफ चल रही जॉंच फर्जी है। उन्होंने कहा कि जॉंच के नाम पर जो कुछ चल रहा है वह पॉलिटिकल ड्रामा है।

इससे पहले मंगलवार को विशेष न्यायाधीश अजय कुमार ने कहा था, “मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपी को प्रवर्तन निदेशालय अरेस्ट कर सकती है अगर पर्याप्त सबूत हैं तो, इसमें कोर्ट को दखल देने की जरूरत नहीं है।” सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कोर्ट के समक्ष चिदंबरम की गिरफ्तारी की दलील पेश की थी। उन्होंने पूर्व वित्त मंत्री की गिरफ्तारी की माँग करते हुए कहा था, “आईएनएक्स मामले में मनी लॉन्ड्रिंग, सीबीआई के केस से अलग है और इसमें उन्हें गिरफ्तार कर पूछताछ करने की जरूरत है।” इसके जवाब में चिदंबरम के वकील कपिल सिब्बल का कहना था कि ये एफआईआर पर आधारित है, इसमें अलग से गिरफ्तारी की कोई आवश्यकता नहीं है।

आईएनएक्स मीडिया समूह को 2007 में 305 करोड़ रुपये का विदेशी धन प्राप्त करने के लिए विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) की मंजूरी देने में अनियमितता बरतने का आरोप चिदंबरम पर है। उस समय वे केंद्र में वित्त मंत्री थे। सीबीआई ने 15 मई 2017 को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की थी। इसके बाद, ईडी ने 2017 में इस संबंध में धन शोधन का मामला दर्ज किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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