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‘राजस्थान में गहलोत सरकार करा रही पायलट खेमे के विधायकों की फोन टैपिंग और जासूसी’: MLA वेद प्रकाश सोलंकी

“मुझे नहीं पता कि मेरा फोन टैप हो रहा है या नहीं। लेकिन कुछ विधायकों ने कहा कि उनके फोन टैप किए जा रहे हैं। 2-3 विधायकों ने कल सीएम को इसकी जानकारी दी। इस संबंध में मेरी सचिन पायलट से कोई बातचीत नहीं हुई।”

राजस्थान सरकार में सियासी संग्राम बढ़ता जा रहा है। इसी क्रम में पायलट खेमे के एक विधायक वेद प्रकाश सोलंकी ने गहलोत सरकार के ऊपर फोन टैपिंग का आरोप लगाया है। सोलंकी का कहना है कि राजस्थान में विधायकों की फोन टैपिंग कराई जा रही है। हालाँकि उनकी फोन टैपिंग हो रही है या नहीं, इस बारे में उन्होंने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है।

समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, कॉन्ग्रेस विधायक वेद प्रकाश सोलंकी ने कहा, “मुझे नहीं पता कि मेरा फोन टैप हो रहा है या नहीं। लेकिन कुछ विधायकों ने कहा कि उनके फोन टैप किए जा रहे हैं। 2-3 विधायकों ने कल सीएम को इसकी जानकारी दी। इस संबंध में मेरी सचिन पायलट से कोई बातचीत नहीं हुई।”

न्यूज 18 की रिपोर्ट के अनुसार, सोलंकी ने कहा कि इस मामले के सामने आने के बाद विधायकों में दहशत है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ लोकतंत्र के लिए ये सब ठीक नहीं है। गहलोत सरकार के ऊपर विधायकों की जासूसी और फोन टैपिंग का आरोप लगाते हुए वह बोले कि यह सब विधायकों पर दबाव बनाने के लिए किया जा रहा है, जो सही नहीं है।

सोलंकी के अनुसार पार्टी खेमे के कई विधायक अपने फोन टैपिंग की शिकायत कर चुके हैं। शुक्रवार को भी 3 विधायकों की टैपिंग की बात कही गई थीं। दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने कहा कार्यकर्ताओं को फर्जी मामलों में फँसाकर बदनाम करने की धमकी दी जा रही है।

इतना ही नहीं वरिष्ठ आइएएस और आइपीएस अधिकारियों को पायलट खेमे के विधायकों से दूरी रखने व उनके काम नहीं करने के लिए कहा गया है। छोटे कर्मचारियों तक को दूर-दराज के क्षेत्रों में तबादलों की धमकी दी जा रही है। सोलंकी ने आरोप लगाया कि मंत्री पायलट समर्थक विधायकों से मिल तक नहीं रहे, जबकि वह कॉन्ग्रेस के कार्यकर्ता हैं।

बता दें कि सचिन पायलट और अशोक गहलोत के बीच गहमागहमी की बातचीत पिछले साल भी तूल पकड़ी थी। हालाँकि, बातचीत के बाद मामला सुलझ गया और पायलट कॉन्ग्रेस में बने रहे। लेकिन अब पायलट खेमे के विधायकों के ऐसे बयान आने के बाद ये अटकलें दोबारा लगने लगीं है कि शायद पायलट का मूड बदल रहा हो।

इस बीच राजस्थान कॉन्ग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने आज कहा कि सचिन पायलट न तो पार्टी से नाराज हैं और न ही सरकार से। उन्होंने सचिन की नाराजगी को लेकर कहा कि वे कॉन्ग्रेस के साथ हैं और राजस्थान में सरकार को किसी तरह का कोई खतरा नहीं।

वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा, “आज फिर से कॉन्ग्रेस के एक विधायक कह रहे हैं कि ‘कई विधायक कहते हैं कि उनके फ़ोन टेप हो रहे हैं,जासूसी हो रही है’ कॉन्ग्रेस बताए कि ये विधायक कौन हैं? सो जा बेटा गब्बर आ जाएगा की तर्ज पर कॉन्ग्रेस सरकार अपने ही विधायकों को डरा रही है। कॉन्ग्रेस बताए गब्बर कब आएगा।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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