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‘भ्रष्ट को बना दिया मंत्री, परिवार वसूली में शामिल’: राजस्थान मंत्रिमंडल विस्तार से MLAs नाराज़, कहा – महिलाओं की हुई उपेक्षा

जौहरी लाल मीणा के अलावा राजस्थान कैबिनेट फेरबदल पर कॉन्ग्रेस की एक ओर विधायक शफिया जुबैर ने भी विरोध जताया है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट का ढाँचा और बेहतर हो सकता था, लेकिन दागदार छवि वाले लोगों को पदोन्नत किया गया है।

राजस्थान की कॉन्ग्रेस सरकार में आज नई कैबिनेट को लेकर विधायकों में खासा नाराजगी देखी गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कॉन्ग्रेस सरकार में टीकाराम जूली को मंत्री बनाए जाने का विरोध किया जा रहा है। नाराज विधायकों में जौहरी लाल मीणा भी शामिल हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के करीबी माने जाने वाले टीकाराम जूली पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कॉन्ग्रेस विधायक जौहरी लाल मीणा ने मीडिया को बताया ​, “हमारे जिले (अलवर) में यह सबको पता है कि टीकाराम जूली एक भ्रष्ट व्यक्ति है। उनका परिवार वसूली में शामिल है। मैंने पार्टी नेतृत्व से उन्हें हटाने के लिए कहा था, लेकिन उन्हें मंत्री बनाया दिया गया है। मैं इसके खिलाफ हूँ।”

मीणा के अलावा राजस्थान कैबिनेट फेरबदल पर कॉन्ग्रेस की एक ओर विधायक शफिया जुबैर ने भी विरोध जताया है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट का ढाँचा और बेहतर हो सकता था, लेकिन दागदार छवि वाले लोगों को पदोन्नत किया गया है। कुल मिलाकर कैबिनेट ने अच्छा संदेश नहीं दिया है। कैबिनेट में महिलाओं (विधायकों) को 33 फीसदी आरक्षण नहीं मिला है।

दूसरी ओर टीकाराम जूली ने अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों का खंडन किया है। उन्होंने मीणा द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि विधायक जौहरी लाल मीणा पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं। मैं उनका सम्मान करता हूँ, उनके पास अगर अपने आरोपों को साबित करने के लिए सबूत हैं तो उन्हें सामने आना चाहिए। बता दें कि राजस्थान की कॉन्ग्रेस सरकार में महीनों तक चले घमासान के बाद आज कैबिनेट का विस्तार किया गया है। इसी क्रम में 15 विधायकों को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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