Friday, June 14, 2024
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दिल्ली की सुनहरी मस्जिद पर लहरा रहा था लाल झंडा और मचा था कत्लेआम, अब उसी से ललकार रहा ईरान

अमेरिका ने ईरानी कमांडर सुलेमानी को एयरस्ट्राइक में मार गिराया था। इसके बाद से ही दोनों देशों में तनातनी बढ़ गई है। शनिवार की रात बगदाद में अमेरिकी दूतावास के बाहर रॉकेट हमला किया गया। ट्रंप ने ईरान को अब तक का सबसे जबर्दस्त हमला करने की चेतावनी दी है।

वह साल 1739 का था। पर्सिया से आया नादिरशाह ​ने चॉंदनी चौक की सुनहरी मस्जिद पर लाल झंडा फहराया। वहीं से खड़े होकर वह अपनी फौज को दिल्ली की गलियों को खून से रंगते निहार रहा था। यही झंडा अब ईरान के कोम शहर की जमकारन मस्जिद के गुंबद पर लहरा रहा है। इसे अमेरिका के खिलाफ ईरान के जंग के ऐलान के तौर पर देखा जा रहा है।

ख़बर के अनुसार, लाल झंडा शिया परंपरा में ख़ूनी प्रतिशोध का प्रतीक होता है। झंडे पर लिखा था, ‘जो लोग हुसैन के ख़ून का बदला लेना चाहते हैं’। शिया परंपरा के अनुसार, लाल झंडे पर लगे ख़ून के छींटे मारे गए व्यक्तियों का बदला लेने का प्रतीक है।

शुक्रवार को अमेरिका ने बगदाद में एक एयर स्ट्राइक में ईरान के कमांडर कासिम सुलेमानी को मार गिराया था। इसके बाद शनिवार की रात बगदाद में अमेरिकी दूतावास के बाहर रॉकेट से हमला किया गया। माना जा रहा है कि ये हमला ईरान की ओर से किया गया। ये हमला अमेरिकी दूतावास के नजदीक और अमेरिकी एयरबेस पर हुआ। दो रॉकेट दूतावास के नजदीक गिरे।

इस हमले के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प ने फिर ईरान को अत्याधुनिक और ब्रैंड न्यू हथियारों से हमला करने की धमकी दी है।  ट्रम्प ने ईरान को सलाह देते हुए ट्वीट किया, “उन्होंने हमला किया और हमने उसका जवाब दिया। अगर वो फिर से हमला करेंगे, जो कि मैं उन्हें सलाह देता हूँ कि वो ना करें तो हम उन पर और ज़ोरदार हमला करेंगे जैसा अब तक कभी नहीं हुआ।”

अमेरिका के राष्ट्रपति ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि अमेरिका किसी भी तरह के हमले का जवाब देने में सक्षम है। ट्रम्प ने अपने ट्वीट में कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए लिखा, “संयुक्त राज्य अमेरिका ने दो ट्रिलियन डॉलर अपने सैन्य उपकरणों पर ख़र्च किए हैं। हम सबसे बड़े (सैन्य शक्ति के सन्दर्भ में) और अब तक पूरी दुनिया में सर्वश्रेष्ठ हैं। अगर ईरान अमेरिकन बेस पर हमला करता है या किसी अमेरिकन पर हमला करता है, तो हम अपने ब्रैंड न्यू और बेहद सुंदर उपकरण उनके पास भेजेंगे… बिना किसी संकोच के।”

इधर, सुलेमानी के परिजनों से ईरानी राष्ट्रपति हसन रोहानी ने मुलाकात की। कासिम सुलेमानी की बेटी जेनाब सुलेमानी ने राष्ट्रपति हसन रोहानी से कहा, “मिस्टर रोहानी जब मेरे पिता के दोस्तों को ख़ून बहता था तो वो बदला लेते थे। अब मेरे पिता के ख़ून बहने का बदला कौन लेगा?” इसके जवाब में राष्ट्रपति रोहानी ने कहा, “बिल्कुल मिलेगा, शहीद के ख़ून का बदला लिया जाएगा, चिंता मत करो।”

अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रम्प ने अपने एक अन्य ट्वीट के ज़रिए ईरान को चेतावनी दी है कि यदि वो अमेरिकी जवानों या सम्पत्ति पर हमला करेगा, तो अमेरिका 52 ईरानी स्थलों को निशाना बनाएगा और उन पर बहुत तेज़ी से और ज़ोरदार हमला करेगा। उन्होंने कहा कि ईरान के 52 ठिकाने हमारे निशाने पर हैं, जो ईरान और ईरानी संस्कृति के लिए काफ़ी अहमियत रखते हैं। हम किसी भी तरह के हमले का मुँहतोड़ जवाब देने को तैयार हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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