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महिला पूर्व प्रधानमंत्री की ब्रा और ब्लाउज लहरा रही बांग्लादेश की ‘युवा शक्ति’: फ्रिज में रखी मछली से लेकर डस्टबिन तक लूट ले गए, एक साड़ी पहन कर भी निकला

76 वर्षीय शेख हसीना के देश छोड़ने के बाद अब फ़ौज वहाँ नियंत्रण में है, फ़ौज ही तय करेगी कि नई अंतरिम सरकार का स्वरूप क्या होगा। आरक्षण के विरोध में शुरू हुए आंदोलन ने आखिरकार उनके कार्यकाल का अंत कर दिया।

बांग्लादेश के जिन प्रदर्शनकारियों को भारत के वामपंथी/इस्लामी पत्रकार ‘युवा शक्ति’ बताते नहीं थक रहे, उन्हीं प्रदर्शनकारियों को पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के घर में घुस कर लूटपाट करते हुए देखा गया। इतना ही नहीं, प्रदर्शनकारियों ने इस दौरान पूर्व महिला प्रधानमंत्री के ब्रा और ब्लाउज भी लहराए। कैमरे के सामने महिलाओं का अंतवस्त्र लहराने वाले आखिर कैसे ‘युवा शक्ति’ कहे जा सकते हैं? इन्हें ‘लोकतंत्र’ के लिए लड़ने वाला बताया जा रहा है। कट्टर इस्लामी भीड़ के मन में महिलाओं के प्रति कोई सम्मान नहीं है, शायद तभी उन्होंने महिलाओं के अंतःवस्त्र कैमरे के सामने लहराए।

शेख हसीना फ़िलहाल भारत के गाजियाबाद में रुकी हुई हैं, जहाँ हिंडन एयरपोर्ट पर उनका विमान सोमवार (5 अगस्त, 2024) को लैंड हुआ। उन्होंने प्रधानमंत्री पद से भी इस्तीफा दे दिया है। पिछले 15 वर्षों से वो बांग्लादेश की सत्ता पर काबिज थीं। एक व्यक्ति को उनके ढाका स्थित आवास से उनकी साड़ी पहन कर निकलते हुए देखा गया। उसने बाल्टी में महिलाओं के कपड़े रखे हुए थे। महिलाओं के अंतःवस्त्र तो छोड़ दीजिए, मछली और डस्टबिन तक प्रधानमंत्री आवास से लूट लिया गया। ये लोग रेफ़्रिजेरेटर से एक बड़ी भी मछली को चुरा कर ले गए।

साथ ही ‘गण भवन’ में रखे कुछ फर्नीचरों में आग लगा दी गई तो कुछ ये प्रदर्शनकारी अपने साथ उठा कर ले गए। पीएम आवास से पालतू जानवरों, टेलीविजन सेट, कंबल, जिम के उपकरण और महँगे सूटकेस तक लूट लिए गए। स्थानीय पत्रकारों की मानें तो लगभग डेढ़ हजार लोग ‘गण भवन’ में घुसे हुए थे। 76 वर्षीय शेख हसीना के देश छोड़ने के बाद अब फ़ौज वहाँ नियंत्रण में है, फ़ौज ही तय करेगी कि नई अंतरिम सरकार का स्वरूप क्या होगा। आरक्षण के विरोध में शुरू हुए आंदोलन ने आखिरकार उनके कार्यकाल का अंत कर दिया।

खबर ये भी आ रही है कि काम के लिए पश्चिम बंगाल आए कई बांग्लादेशी नागरिक ‘अच्छे दिनों’ की आशा में वापस लौट रहे हैं। भारत में पूरी स्थिति की समीक्षा के लिए ‘कैबिनेट कमिटी ऑफ सिक्योरिटी’ की बैठक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई। साथ ही सर्वदलीय बैठक भी बुलाई गई। राहुल गाँधी ने भी बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों को लेकर चिंता जताई। बांग्लादेश की स्थिति पर संसद में केंद्रीय विदेश मंत्री S जयशंकर भी अपनी बात रखेंगे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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