Tuesday, April 23, 2024
Homeरिपोर्टमीडियामनोज तिवारी पर हमले का मज़ाक उड़ाने वाले अभिसार शर्मा केजरी को थप्पड़ पड़ने...

मनोज तिवारी पर हमले का मज़ाक उड़ाने वाले अभिसार शर्मा केजरी को थप्पड़ पड़ने से नाराज़

होना तो यह चाहिए कि किसी भी तरह के हिंसा को जायज ठहराना या इसकी आड़ में किसी का मजाक बनाना दोनों गलत है। यह आपकी ओछी मानसिकता को भी दर्शाता है।

धान को गेंहूँ कहने वाले पत्रकार अभिसार शर्मा ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल को थप्पड़ मारे जाने को लेकर अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है। कोई भी अच्छा नागरिक इस घटना की निंदा करेगा। जब विधायकों द्वारा अरविन्द केजरीवाल को पीटे जाने की ख़बर आई थी, तब सबने उसकी निंदा की थी। लेकिन, इस बार केजरीवाल को फिर से कैमरे के सामने एक शख़्स ने लप्पड़ मारा। संवैधानिक पद पर बैठे किसी व्यक्ति को इस तरह मारे जाने की अभिसार शर्मा ने निंदा की लेकिन इस दौरान वो कुछ भूल गए, जो हम आपको आज याद दिलाने वाले हैं। सबसे पहले नीचे वह ट्वीट देखिए कि कैसे अभिसार केजरीवाल की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।

अब आते हैं अभिसार शर्मा के असली चेहरे की ओर। आपको याद होगा जब आम आदमी पार्टी के विधायक अमानतुल्लाह ख़ान ने मंच पर दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष मनोज तिवारी को धक्का दिया था। अरविन्द केजरीवाल को झापड़ पड़ने की निंदा करने वाले अभिसार शर्मा ने मनोज तिवारी को धक्का दिए जाने की भी निंदा की होगी, है या नहीं? अगर आप ऐसा सोच रहे हैं तो आप ग़लत हैं। दरअसल, अपने दोहरे रवैये के लिए जाने जाने वाले अभिसार ने उस समय मनोज तिवारी का मज़ाक उड़ाया था। इसके लिए उन्होंने मनोज तिवारी के ही गाने ‘रिंकिया के पापा’ का प्रयोग किया था। नीचे वाले ट्वीट में आप उनके दोहरे रवैये के साथ ही उनके घटियापन को भी देख सकते हैं।

ट्रेंड की बॉडी में हेडलाइट खोजने वाले अभिसार शर्मा जैसे पत्रकार उस समय तो नाराज़ होते हैं जब इनके ‘अपने’ को थप्पड़ पड़ता है लेकिन जब भाजपा के नेताओं के साथ दुर्व्यवहार होता है तो इनकी बाँछें खिल जाती हैं और ये मज़ाक के मूड में आ जाते हैं। अभिसार शर्मा ने भी अन्य गिरोह विशेष के पत्रकारों की तरह उसी रवैये का परिचय दिया।

होना तो यह चाहिए कि किसी भी तरह के हिंसा को जायज ठहराना, या इसकी आड़ में किसी का मजाक बनाना दोनों गलत है। यह आपकी ओछी मानसिकता को भी दर्शाता है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

जेल में ही रहेंगे केजरीवाल और K कविता, दिल्ली कोर्ट ने न्यायिक हिरासत 7 मई तक बढ़ाई: ED ने कहा था- छूटने पर ये...

दिल्ली शराब घोटाला मामले में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और बीआरएस नेता के कविता की न्यायिक हिरासत को 7 मई तक बढ़ा दिया गया है।

‘राहुल गाँधी की DNA की जाँच हो, नाम के साथ नहीं लगाना चाहिए गाँधी’: लेफ्ट के MLA अनवर की माँग, केरल CM विजयन ने...

MLA पीवी अनवर ने कहा है राहुल गाँधी का DNA चेक करवाया जाना चाहिए कि वह नेहरू परिवार के ही सदस्य हैं। CM विजयन ने इस बयान का बचाव किया है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
282,677FollowersFollow
417,000SubscribersSubscribe