Sunday, September 27, 2020
Home रिपोर्ट मीडिया रवीश ने खोली अपने ही NDTV की पोल: सुशांत मामले में दूसरों को घेर...

रवीश ने खोली अपने ही NDTV की पोल: सुशांत मामले में दूसरों को घेर रहे थे, खुद के चैनल पर 162 वीडियो

रवीश चर्चा कर रहे थे NEET, JEE, SSC, Railway पर... लेकिन भटक कर चले गए सुशांत पर। लगे दूसरे चैनलों को कोसने। सब चैनलों के वीडियो का डेटा दिखाने लगे। लेकिन 'पत्रकार रवीश' यह नहीं देख पाए कि उनके चैनल पर सुशांत सिंह से जुड़ी 162 वीडियो...

मीडिया जगत में रवीश कुमार का जलवा खत्म होते-होते अब एनडीटीवी की पत्रकारिता भी दम तोड़ने की कगार पर है। मीडिया चैनल्स में मची टीआरपी की होड़ से खुद को अलग बताने वाला यह चैनल दूसरों पर निशाना साधने के चक्कर में खुद की जगहँसाई करवाने लगा है।

ताजा मामला सुशांत केस में मीडिया कवरेज को लेकर है। जहाँ रवीश कुमार अपने प्राइम टाइम में मीडिया संस्थानों पर निशाना साधने के चक्कर में अपने चैनल की विश्वसनीयता पर ही बड़ा सवाल खड़ा कर देते हैं। वह कहते हैं कि कुछ बड़े चैनलों ने इतनी प्रमुखता से इस मुद्दे पर कवरेज की है कि अब उनके नामों में कोई अंतर नहीं रह गया।

आगे रवीश बताते हैं कि एक बड़े चैनल के यूट्यूब चैनल पर 20 से 29 अगस्त के बीच 550 के करीब वीडियो अपलोड हुई और इनमें से 400 के करीब वीडियो सुशांत मामले पर थी। इसके अलावा यदि केवल 3 दिन की बात कर रहें तो उसी यूट्यूब चैनल पर 250 वीडियो अपलोड की गई। इसमें से 210 केवल सुशांत सिंह मामले में थी। वह चैनल पर निशाना साधते हुए हर दिन अपलोड की जाने वाली वीडियो की औसत निकालते हैं और कहते हैं कि हर दिन उस चैनल पर 70 वीडियो क्लिप सुशांत मामले को लेकर अपलोड की जाती है।

फिर, एक अन्य चैनल को घेरते हुए रवीश कहते हैं कि इसी प्रकार दूसरे चैनल पर 20-29 अगस्त के बीच 190 वीडियो अपलोड हुई। इसमें से 160 वीडियो सुशांत सिंह राजपूत को लेकर है। 3 दिनों में इस चैनल ने 67 वीडियो अपलोड की। इनमें से 66 वीडियो सुशांत सिंह राजपूत की थी। यानी कोई दूसरी खबर तक नहीं थी। इसके बाद एक तीसरे चैनल पर भी सुशांत मामले में उन्हें 100 वीडियो दिखती है।

- विज्ञापन -

अब खास बात ये है कि सुशांत मामले में मीडिया कवरेज की बात रवीश कुमार अपने उस प्राइम टाइम में लेकर आए हैं, जिसमें वह NEET, JEE, SSC, Railway के परीक्षार्थियों के आंदोलन पर बात कर रहे थे। शायद ऐसा करते हुए उन्हें खुद ही नहीं पता था कि उनका चैनल पर इस दौरान सुशांत सिंह से जुड़ी कई वीडियोज अपलोड हो चुकी है।

‘पॉलिटिकल कीड़ा’ नाम के ट्विटर हैंडल से NDTV के पाखंड की पोल खोलती एक वीडियो सामने आई है। उनका दावा है कि जब रवीश कुमार अपने प्राइम टाइम में ये बातें कर रहे थे, उस बीच चैनल पर 162 वीडियो डाली गईं।

इसके अलावा यदि हम खुद भी एनडीटीवी का यूट्यूब चैनल एक्सेस करते हैं, तो मालूम चलेगा कि सुशांत मामले पर अभी तक एनडीटीवी बहुत सी वीडियो अपलोड कर चुका है। अब इसी हिपोक्रेसी को देख कर लोगों का कहना है कि रवीश जैसे पत्रकार अपने या अपने मालिक के गिरेबान में झाँकने की हिम्मत क्यों नहीं रखते।

रवीश कुमार अपने प्राइम टाइम में दावा करते हैं कि गोदी मीडिया के चैनल भी इस समय सुशांत मामले में इस तरह दिलचस्पी दिखा रहे हैं कि उन्हें प्रधानमंत्री के मन की बात तक अच्छी नहीं लग रही। वह दर्शकों को बताते हैं कि लोग चाहे या न चाहें, मीडिया उन्हें सुशांत को ही दिखा रहा है। उनका रिमोट अब उनके हाथ में नहीं है। उनका रिमोट मीडिया के हाथ में है, अगर वह उनकी दिखाई कवरेज नहीं देखेंगे तो उनके घरों में बाउंसर भेजा जाएगा और उनके घर के सोफा सेट और क्रॉकरी तक तोड़ दी जाएगी।

इसके बाद रवीश कुमार बीच में राहुल गाँधी की वीडियो का प्रमोशन करते भी नजर आते हैं। वह कहते हैं कि पता लगाइए क्या नरेंद्र मोदी की वीडियो को डिस्लाइक करने वाले राहुल गाँधी की वीडियो को लाइक कर रहे हैं या फिर उनसे दूरी बना रहे हैं। रवीश कुमार छात्रों के आंदोलन की बातें करते-करते जीडीपी डिग्रोथ पर निशाना साधना नहीं चूँकते।

वह एक बार भी कोरोना महामारी के कारण उपजी स्थिति का जिक्र किए बिना गिरी हुई जीडीपी को मुख्य मुद्दा बनाते हैं। वह मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहते हैं कि ऐसा किसी के कार्यकाल में नहीं हुआ था। आगे अपने दर्शकों को 5 ट्रिलियन इकॉनमी का सपना न देखने की सलाह देते हुए रवीश कहते हैं कि अपने आगे के आर्थिक जीवन को सोचते-समझते हुए विचार करें।

यहाँ गौर करने वाली बात है कि एक ओर जहाँ टीआरपी की भागमभाग में हर चैनल सुशांत मामले पर कवरेज कर रहा है। वहीं एनडीटीवी ऐसा चैनल है, जो अपना औचित्य बनाए रखने के लिए अन्य खबरों के बीच में उसी प्रकार सुशांत का जिक्र कर देता है, जैसे कि इस वीडियो में किया।

दूसरे चैनल्स को गोदी मीडिया करार देने वाला एनडीटीवी प्रत्यक्ष रूप से राहुल गाँधी की पूरी वीडियो को अपने प्राइम टाइम के स्लॉट में जगह दे देता है और प्रत्यक्ष रूप से उसका प्रमोशन भी करता है और फिर साथ में ये भी कह देता है कि आप जो देखना चाहते हैं, वो दूसरे मीडिया चैनल आपको देखने नहीं दे रहे।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

द वायर ने एडिटेड वीडियो से कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर बीजेपी कार्यकर्ताओं के हमले के बारे में फैलाई फर्जी खबरें, यहाँ जाने सच

वायर के सिद्धार्थ वरदराजन और आरफा शेरवानी जैसे तथाकथित 'निष्पक्ष' पत्रकारों ने जानबूझकर भाजपा कार्यकर्ताओं पर प्रारंभिक हमले को नजरअंदाज कर दिया और इस घटना के बारे में आधे सच को आगे फैलाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर हमला किया था।

UN में स्थायी सीट के लिए PM मोदी ने ठोकी ताल, पूछा- कब तक इंतजार करेगा भारत, पाक और चीन पर भी साधा निशाना

महामारी के बाद बनी परिस्थितियों के बाद हम 'आत्मनिर्भर भारत' के विजन को लेकर आगे बढ़ रहे हैं। आत्मनिर्भर भारत अभियान, ग्लोबल इकॉनमी के लिए भी एक फोर्स मल्टिप्लायर होगा।

‘दीपिका के भीतर घुसे रणवीर’: गालियों पर हँसने वाले, यौन अपराध का मजाक बनाने वाले आज ऑफेंड क्यों हो रहे?

दीपिका पादुकोण महिलाओं को पड़ रही गालियों पर ठहाके लगा रही थीं। अनुष्का शर्मा के लिए यह 'गुड ह्यूमर' था। करण जौहर खुलेआम गालियाँ बक रहे थे। तब ऑफेंड नहीं हुए, तो अब क्यों?

आजतक के कैमरे से नहीं बच पाएगी दीपिका: रिपब्लिक को ज्ञान दे राजदीप के इंडिया टुडे पर वही ‘सनसनी’

'आजतक' का एक पत्रकार कहता दिखता है, "हमारे कैमरों से नहीं बच पाएँगी दीपिका पादुकोण"। इसके बाद वह उनके फेस मास्क से लेकर कपड़ों तक पर टिप्पणी करने लगा।

‘शाही मस्जिद हटाकर 13.37 एकड़ जमीन खाली कराई जाए’: ‘श्रीकृष्ण विराजमान’ ने मथुरा कोर्ट में दायर की याचिका

शाही ईदगाह मस्जिद को हटा कर श्रीकृष्ण जन्मभूमि की पूरी भूमि खाली कराने की माँग की गई है। याचिका में कहा गया है कि पूरी भूमि के प्रति हिन्दुओं की आस्था है।

सुशांत के भूत को समन भेजो, सारे जवाब मिल जाएँगे: लाइव टीवी पर नासिर अब्दुल्ला के बेतुके बोल

नासिर अब्दुल्ला वही शख्स है, जिसने कंगना पर बीएमसी की कार्रवाई का समर्थन करते हुए कहा था कि शिव सैनिक महिलाओं का सम्मान करते हैं, इसलिए बुलडोजर चलवाया है।

प्रचलित ख़बरें

‘मुझे सोफे पर धकेला, पैंट खोली और… ‘: पुलिस को बताई अनुराग कश्यप की सारी करतूत

अनुराग कश्यप ने कब, क्या और कैसे किया, यह सब कुछ पायल घोष ने पुलिस को दी शिकायत में विस्तार से बताया है।

पूना पैक्ट: समझौते के बावजूद अंबेडकर ने गाँधी जी के लिए कहा था- मैं उन्हें महात्मा कहने से इंकार करता हूँ

अंबेडकर ने गाँधी जी से कहा, “मैं अपने समुदाय के लिए राजनीतिक शक्ति चाहता हूँ। हमारे जीवित रहने के लिए यह बेहद आवश्यक है।"

नूर हसन ने कत्ल के बाद बीवी, साली और सास के शव से किया रेप, चेहरा जला अलग-अलग जगह फेंका

पानीपत के ट्रिपल मर्डर का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने नूर हसन को गिरफ्तार कर लिया है। उसने बीवी, साली और सास की हत्या का जुर्म कबूल कर लिया है।

‘मारो, काटो’: हिंदू परिवार पर हमला, 3 घंटे इस्लामी भीड़ ने चौथी के बच्चे के पोस्ट पर काटा बवाल

कानपुर के मकनपुर गाँव में मुस्लिम भीड़ ने एक हिंदू घर को निशाना बनाया। बुजुर्गों और महिलाओं को भी नहीं छोड़ा।

बेच चुका हूँ सारे गहने, पत्नी और बेटे चला रहे हैं खर्चा-पानी: अनिल अंबानी ने लंदन हाईकोर्ट को बताया

मामला 2012 में रिलायंस कम्युनिकेशन को दिए गए 90 करोड़ डॉलर के ऋण से जुड़ा हुआ है, जिसके लिए अनिल अंबानी ने व्यक्तिगत गारंटी दी थी।

‘काफिरों का खून बहाना होगा, 2-4 पुलिस वालों को भी मारना होगा’ – दिल्ली दंगों के लिए होती थी मीटिंग, वहीं से खुलासा

"हम दिल्ली के मुख्यमंत्री पर दबाव डालें कि वह पूरी हिंसा का आरोप दिल्ली पुलिस पर लगा दें। हमें अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतरना होगा।”

MP रवि किशन को ड्रग्स पर बोलने के कारण मिल रही धमकियाँ, कहा- बच्चों के भविष्य के लिए 2-5 गोली भी मार दी...

रवि किशन को ड्रग्स का मामला उठाने की वजह से कथित तौर पर धमकी मिल रही है। धमकियों पर उन्होंने कहा कि देश के भविष्य के लिए 2-5 गोली खा लेंगे तो कोई चिंता नहीं है।

छत्तीसगढ़: वन भूमि अतिक्रमण को लेकर आदिवासी और ईसाई समुदायों में झड़प, मामले को जबरन दिया गया साम्प्रदयिक रंग

इस मामले को लेकर जिला पुलिस ने कहा कि मुद्दा काकडाबेड़ा, सिंगनपुर और सिलाती गाँवों के दो समूहों के बीच वन भूमि अतिक्रमण का है, न कि समुदायों के बीच झगड़े का।

द वायर ने एडिटेड वीडियो से कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर बीजेपी कार्यकर्ताओं के हमले के बारे में फैलाई फर्जी खबरें, यहाँ जाने सच

वायर के सिद्धार्थ वरदराजन और आरफा शेरवानी जैसे तथाकथित 'निष्पक्ष' पत्रकारों ने जानबूझकर भाजपा कार्यकर्ताओं पर प्रारंभिक हमले को नजरअंदाज कर दिया और इस घटना के बारे में आधे सच को आगे फैलाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर हमला किया था।

ड्रग्स में संलिप्त कलाकारों को निर्माता नहीं दें काम, सुशांत के मामले को भी जल्द सुलझाए CBI: रामदास अठावले

"ड्रग्स में संलिप्त कलाकारों को निर्माता काम नहीं दें। ड्रग्स में संलिप्त कलाकारों को फिल्में देना बंद नहीं हुआ तो आरपीआई कार्यकर्ता विरोध दर्ज कराते हुए शूटिंग बंद करने भी पहुँचेंगे।"

मुख्तार अहमद से राहुल बनने की साजिश में वकील फातिमा ने की मदद: SIT को मिली लव जिहाद से जुड़े मास्टरमाइंड की कड़ी

SIT ने कानपुर लव जिहाद मामले के आरोपित का कथित रूप से फर्जी दस्तावेज तैयार करने के आरोप में एक महिला वकील फातिमा का पता लगाया है।

मीडिया अगर किसी भी सेलेब्रिटी की गाड़ी का पीछा करेगी तो मुंबई पुलिस गाड़ी जब्त कर ड्राइवर पर करेगी कार्रवाई: DCP

डीसीपी ने कहा कि आज पुलिस ने कई मीडिया वाहनों का अवलोकन किया, जिन्होंने एनसीबी जाँच के लिए बुलाए गए लोगों का पीछा करते हुए पाए गए।

CM योगी को धमकाने वाला ट्रक ड्राइवर गिरफ्तार: मुख़्तार अंसारी को 24 घंटे के भीतर रिहा करने की दी थी धमकी

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को मारने की धमकी देने वाले को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपित एटा जिले का रहने वाला है। उससे पूछताछ की जा रही है।

UN में स्थायी सीट के लिए PM मोदी ने ठोकी ताल, पूछा- कब तक इंतजार करेगा भारत, पाक और चीन पर भी साधा निशाना

महामारी के बाद बनी परिस्थितियों के बाद हम 'आत्मनिर्भर भारत' के विजन को लेकर आगे बढ़ रहे हैं। आत्मनिर्भर भारत अभियान, ग्लोबल इकॉनमी के लिए भी एक फोर्स मल्टिप्लायर होगा।

लवजिहाद के लिए पाकिस्तानी संगठन दावत-ए-इस्लामी कर रहा करोड़ों की फंडिंग: कानपुर SIT जाँच में खुलासा

सभी मामलों की जाँच करने के बाद पता चला कि सभी आरोपितों का जुड़ाव शहर की ऐसी मस्जिदों से है, जहाँ पाकिस्तान कट्टरपंथी विचारधारा के संगठन दावते इस्लामी का कब्जा है।

कंगना केस में हाईकोर्ट ने BMC को लगाई फटकार, पूछा- क्या अवैध निर्माण गिराने में हमेशा इतनी तेजी से कार्रवाई करती है बीएमसी?

कोर्ट ने बीएमसी से पूछा कि क्या अवैध निर्माण को गिराने में वह हमेशा इतनी ही तेजी दिखाती है जितनी कंगना रनौत का बंगला गिराने में दिखाई?

हमसे जुड़ें

264,935FansLike
78,071FollowersFollow
325,000SubscribersSubscribe
Advertisements