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सेना में महिलाओं को नया मोर्चा: नौसेना के युद्धपोत पर पहली बार तैनाती, राफेल भी उड़ाएँगी

जो महिला पायलट पहले MiG-21 लड़ाकू विमान उड़ाती थी, उन्हें अब फुल फाइटर प्रक्षिक्षण कोर्स में शामिल किया गया है। बहुत जल्द ही वह 17 स्क्वाड्रन में सक्रिय भूमिका निभाती हुई नज़र आएँगी।

भारतीय वायु सेना बहुत जल्द राफेल स्‍क्‍वाड्रन में महिला पायलट की तैनाती करने वाली है। फ़िलहाल महिला पायलट की अंबाला में ‘कनवर्ज़न ट्रेनिंग’ जारी है ताकि वे जल्द राफेल उड़ाने के लिए तैयार हो जाएँ। इसके अलावा भारतीय नौसेना ने भी आज (21 सितंबर 2020) दो महिला अधिकारियों को युद्धपोत पर तैनात किया गया है। इन्हें हेलीकॉप्टर स्ट्रीम में ऑब्जर्वर के तौर पर नियुक्त किया गया है। ऐसा पहली बार हुआ है।

इंडिया टुडे में प्रकाशित ख़बर के मुताबिक़ जो महिला पायलट पहले MiG-21 लड़ाकू विमान उड़ाती थी, उन्हें अब फुल फाइटर प्रक्षिक्षण कोर्स में शामिल किया गया है। बहुत जल्द ही वह 17 स्क्वाड्रन में सक्रिय भूमिका निभाती हुई नज़र आएँगी। ख़बरों में इस बात की पुष्टि की गई है कि महिला और पुरुष दोनों के लिए प्रशिक्षण नियमावली एक जैसी होगी। चाहे महिला हो या पुरुष, उन्हें लड़ाकू विमान बदलते समय कनवर्ज़न ट्रेनिंग के हर चरण से गुज़रना होगा। फ़िलहाल भारतीय वायु सेना में कुल लड़ाकू विमान उड़ाने वाली 10 महिला पायलट हैं। 

इन महिला पायलटों ने अभी तक कई श्रेणी के लड़ाकू विमान उड़ाए हैं, जिसमें Su-30 MKI और MiG-29 मुख्य हैं। केंद्र सरकार ने इस संबंध में साल 2016 के दौरान ही अनुमति का आदेश जारी किया था। तत्कालीन राज्य रक्षा मंत्री सुभाष भामरे ने कहा था, “रणनीतिक आवश्यकताओं को मद्देनज़र रखते हुए महिला पायलटों को भारतीय वायु सेना में विमान उड़ाने संबंधी गतिविधियों के लिए शामिल किया जा रहा है। समय-समय पर इसकी समीक्षा भी होती रहेगी।”       

वहीं दूसरी तरफ दो महिला अधिकारियों सब लेफ्टिनेंट कुमुदिनी त्यागी और सब लेफ्टिनेंट रीति सिंह को ‘ऑब्जर्वर’ का पद दिया गया। इस पद के ज़रिए महिला अधिकारियों को नौसेना में ‘वॉरशिप फ्रंटलाइन’ की अगुवाई करने का मौक़ा मिलेगा। भारतीय नौसेना के प्रवक्ता (कमांडर) विवेक अग्रवाल ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा “बहुत जल्द दोनों महिला अधिकारी अपनी ज़िम्मेदारी निभाती हुई नज़र आएँगी। यह वॉरशिप से बतौर एयरबोर्न कॉम्बटेंट काम करने वाला महिला अधिकारियों का पहला दस्ता है। पहले महिला अधिकारियों का विंग एयरक्राफ़्ट में प्रवेश प्रतिबंधित था, खासकर जो तट से उड़ान भरते और उस पर उतरते हैं।”

सब लेफ्टिनेंट रीति सिंह और लेफ्टिनेंट कुमुदिनी त्यागी भारतीय नौसेना के कुल 17 अधिकारियों के समूह का हिस्सा होंगी। इसमें 4 महिलाएँ और इंडियन कोस्ट गार्ड के कुल 3 अधिकारी (रेगुलर बैच के 13 अधिकारी और शॉर्ट सर्विस कमीशन की कुल 4 महिला अधिकारी) शामिल होंगी। इन महिला अधिकारियों को आज आज यानी 21 सितंबर को आईएनएस कोच्चि में ‘विंग्स’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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