Homeरिपोर्टमीडियाअल्लाह हू अकबर के नारे लगाते हुए शाहीन बाग के गुंडों ने की पत्रकार...

अल्लाह हू अकबर के नारे लगाते हुए शाहीन बाग के गुंडों ने की पत्रकार दीपक चौरसिया से मारपीट, कैमरा भी तोड़ा

यह घटना तब हुई जब न्यूज़ नेशन के पत्रकार दीपक चौरसिया शाहीन बाग़ घटना को कवर करने गए थे। उन्होंने एक वीडियो के जरिए बताया कि शाहीन बाग में प्रदर्शन के नाम पर कई असामाजिक तत्व हिंसा फैला रहे हैं। साथ ही न्यूज नेशन के कैमरामैन का कैमरा तोड़ दिया गया है।

शाहीन बाग़ में चल रहे CAA-विरोधी प्रदर्शन में आज न्यूज़ नेशन के वरिष्ठ पत्रकार दीपक चौरसिया के साथ वहाँ प्रदर्शन कर रहे गुंडों ने बदसलूकी की। यही नहीं, उनके साथ हाथापाई करने के बाद उनका कैमरा भी तोड़ दिया गया। इस दौरान सोशल मीडिया पर शेयर किए जा रहे वीडियो में धक्का-मुक्की कर रही भीड़ को अल्लाह हू अकबर के नारे लगाते भी सुना गया।

यह घटना तब हुई जब न्यूज़ नेशन के पत्रकार दीपक चौरसिया शाहीन बाग़ घटना को कवर करने गए थे। उन्होंने एक वीडियो के जरिए बताया कि शाहीन बाग में प्रदर्शन के नाम पर कई असामाजिक तत्व हिंसा फैला रहे हैं। साथ ही न्यूज नेशन के कैमरामैन का कैमरा तोड़ दिया गया है।

हाल ही में दीपक चौरसिया को उनके ही न्यूज़ डिबेट के दौरान CPI के पार्टी प्रवक्ता अमीर जैदी ने भड़वा पत्रकार कहकर गालियाँ दी थीं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

पटरियों पर अब हाइड्रोजन की ताकत, पहली फ्यूल सेल ट्रेन का जिंद-सोनीपत ट्रैक पर हाई स्पीड ट्रायल सफल: जानिए कैसे बदलेगा भारतीय रेलवे का...

जिंद-सोनीपत रेलखंड पर भारत की पहली हाइड्रोजन ट्रेन का सफल ट्रायल पूरा हुआ। जल्द यात्री सेवा शुरू होगी, जिससे स्वच्छ परिवहन को नई दिशा मिलेगी।

बलिदानियों के सम्मान को भी कॉन्ग्रेस ने बनाया प्रोपेगेंडा, मोदी सरकार को घेरने के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर फैलाया झूठ: जानें- क्या है ‘एक...

जिन बलिदानियों के नाम सरकार द्वारा छुपाने का दावा कॉन्ग्रेसी नेता पवन खेड़ा कर रहे हैं, वे नाम पहले से ही देश के सामने आ चुके थे।
- विज्ञापन -