Homeसोशल ट्रेंडतो यह भारत जोड़ो यात्रा पर 'रैप' नहीं, राहुल गाँधी को 'ट्रोल' कर रही...

तो यह भारत जोड़ो यात्रा पर ‘रैप’ नहीं, राहुल गाँधी को ‘ट्रोल’ कर रही अनम अली: बताया- ट्वीट करती रही पर किसी कॉन्ग्रेसी ने नहीं दिया जवाब

बिना तैयारी गाए रैप को जारी करने के बाद अनम अली ने उसे अधिक से अधिक शेयर करने और राहुल गाँधी तक पहुँचाने की अपील की थी। यह उनकी 'कुख्यात' होने की मंशा कम, राहुल गाँधी को ट्रोल करने, उन्हें उनकी करनी याद दिलाने की मंशा अधिक दिखती है।

‘भारत जोड़ो यात्रा’ (Bharat Jodo Yatra) पर रैप ने अनम अली (Anam Ali) को सोशल मीडिया में ‘कुख्यात’ कर दिया है। अब अपने रैप पर मिली प्रतिक्रियाओं को लेकर उन्होंने निराशा जताई है। साथ ही एक वीडियो संदेश में बताया है कि वह कॉन्ग्रेसी हैं। कॉन्ग्रेस शासित छत्तीसगढ़ की रहने वाली हैं। लेकिन जब छत्तीसगढ़ की एक यूनिवर्सिटी से उनका आंसर शीट गायब हो गया तो राहुल गाँधी (Rahul Gandhi) सहित किसी कॉन्ग्रेसी ने उनकी सुध नहीं ली। वे ट्वीट करते-करते थक गईं, लेकिन किसी ने जवाब नहीं दिया।

अनम ने मंगलवार (17 जनवरी 2023) को ‘ट्रोलर्स के लिए मेरा मैसेज’ कैप्शन के साथ एक वीडियो संदेश ट्वीट किया है। इसमें वह कह रहीं हैं, “मेरा नाम अनम अली है। मैं रायपुर छत्तीसगढ़ से हूँ। मैंने राहुल गाँधी सर के लिए जो लिखा उसे न तो स्पीच कहा जा सकता है और ना ही गाना। वो ‘भारत जोड़ो यात्रा’ रैप ही है। मैंने अपनी वीडियो में कई बार यह बताया है कि न तो मैं टेक्निकल सिंगर हूँ और न ही कोई टेक्निकल रैपर।”

उन्होंने आगे कहा है, “मैंने कभी भी किसी की बुराई नहीं की। वो काम तो आप लोगों का है। कुछ रचनात्मक काम करिए। आप लोग मेरी बुराई करेंगे तो मैं बुरी नहीं दिखूँगी। आप लोग ही बुरे दिखेंगे। आप लोग मेरे बारे में गूगल सर्च कर सकते हैं। मैं हिंदू लॉ गोल्ड मेडलिस्ट हूँ। जब मेरी आंसर शीट पंडित रविशंकर शुल्क यूनिवर्सिटी वालों ने गुमा दी थी। तब, मैंने कुछ RTI के माध्यम से बड़ी मुश्किल से कुछ आंसर शीट निलकवाईं थीं। लेकिन, यूनिवर्सिटी वालों ने उनकी जाँच भी नहीं की।”

अनस ने यह भी कहा है, “मैं शुरू से कॉन्ग्रेसी हूँ। इसलिए, इस मैटर को लेकर मैंने राहुल गाँधी सर और कई कॉन्ग्रेस लीडर्स को कई ट्वीट किए। लेकिन कभी किसी ने कोई रिप्लाई नहीं किया। फिर भी, भारत जोड़ो यात्रा पर मैंने चार लाइन क्या लिख दीं, आप लोग मुझे ट्रोल करने लगे।”

इस वीडियो में उन्होंने आगे कहा है, “इंडिया टीवी को मैं इतना कहना चाहूँगी कि आप लोगों का इतना पुराना चैनल है। इसके बाद आप भी लोगों ने इस तरह की न्यूज लिखी और उसे पब्लिश भी कर दिया। आप लोग उल्टा मुझे ही ट्रोल करने लग गए। आप लोगों को अगर कुछ न्यूज लिखनी है तो उसके बारे में पहले मेरे से पूछना चाहिए था। आप लोग अपने मन से कुछ भी लिख दिए।”

अनस ने यह भी कहा है, “आप लोगों की भी बहन-बेटियाँ होगीं। ट्रोल करने के पहले सोचा करिए। आप लोगों को प्रॉब्लम है कि मैं अम्बेडकरवादी हूँ। आप लोगों को यह भी प्रॉब्लम है कि मैं मुस्लिम हूँ। लेकिन मेरे मन में आप लोगों के लिए कोई नफरत नहीं है। आप लोगों का दिमाग बहुत छोटा है। थोड़ा समझदार बनिए। जिन लोगों ने मेरे ‘भारत जोड़ो’ रैप की तारीफ की उन्हें मेरा धन्यवाद।”

इससे पहले उन्होंने ‘भारत जोड़ो यात्रा’ पर रैप जारी किया था, जिसने नेटिजन्स को ढिंचैक पूजा की याद दिला दी थी। मंगलवार की सुबह अपलोड किए इस वीडियो में वह बिना किसी लय के रैप को बस पढ़ती नजर आईं थी। इसके बाद वह ट्रोल होने लगीं। देखते-देखते उनके कमेंट बॉक्स में मीम्स और मजाकिया कमेंट्स की बाढ़ सी आ गई। कुछ यूजर्स ने ऐसे मीम शेयर किए जैसे अनम का रैप सुनकर उनकी कानों से खून आ रहा है। कुछ ने उल्टी आने वाले इमोजी को शेयर करके अपनी प्रतिक्रिया दी।

अनम अली ने अपने प्रोफाइल में भी खुद को कॉन्ग्रेस समर्थक बताया है। वह खुद को आंबेडकरवादी भी बताती हैं। छत्तीसगढ़ के रायपुर की रहने वाली अनम सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय हैं और लगातार वीडियो अपलोड करती रहती हैं। 6 दिसंबर 2022 को बाबा साहेब आंबेडकर पर भी रैप अपलोड किया था।

अब ‘ट्रोलर्स के लिए संदेश’ वाले वीडियो में उन्होंने जिस तरह आंसर शीट गायब होने के मामले में कॉन्ग्रेसियों की उपेक्षा का जिक्र किया है, उससे तो यही लगता है कि ‘भारत जोड़ो यात्रा’ पर ‘कान से खून, मुँह से उलटी…’ उन्होंने यूँ ही नहीं करवाया है। शायद इसलिए बिना तैयारी गाए रैप को जारी करने के बाद उन्होंने उसे अधिक से अधिक शेयर करने और राहुल गाँधी तक पहुँचाने की अपील की। यह अनम अली की ‘कुख्यात’ होने की मंशा कम, राहुल गाँधी को ट्रोल करने, उन्हें उनकी करनी याद दिलाने की मंशा अधिक दिखती है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मुस्लिम होने के कारण फँसा ताहिर हुसैन’ : दिल्ली के हिंदू विरोधी दंगों के बाद बचाव में उतर गया था पूरा वामपंथी गैंग, पूछ...

आईबी के अंकित शर्मा की हत्या कभी भी कट्टरपंथियों और वामपंथियों के लिए चर्चा करने का विषय नहीं रही, उन्हें चिंता हमेशा ताहिर हुसैन की थी।

मोहम्मद अहद से लेकर सद्दाम तक: बिहार में एक्टिव आतंकवाद का ‘स्लीपर सेल’ क्या बताता है?

कटिहार के मोहम्मद अहद की गिरफ्तारी के बाद जानिए बिहार में पहले सामने आए स्लीपर सेल, पाकिस्तान कनेक्शन, आतंकी मॉड्यूल और PFI से जुड़े मामले।
- विज्ञापन -