Friday, April 16, 2021
Home रिपोर्ट मीडिया 'भीम-मीम' ट्विटर पॉलिटिक्स: 'दलित' दिलीप मंडल के बाद मुस्लिम संपादक शाहिद सिद्दीकी ने मॉंगा...

‘भीम-मीम’ ट्विटर पॉलिटिक्स: ‘दलित’ दिलीप मंडल के बाद मुस्लिम संपादक शाहिद सिद्दीकी ने मॉंगा Blue Tick

ख़ुद को लेखक, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता का तमगा देते हए शाहिद ने आरोप लगाया कि ट्विटर उन्हें ब्लू टिक देकर उनके अकाउंट को वेरिफाई नहीं कर रहा है। इसके बाद शाहिद ने समर्थकों सहित 'Verify Muslim Activists' नामक ट्रेंड चलाया।

ब्लू टिक देकर ट्विटर जानी-पहचानी हस्तियों का अकाउंट वेरिफाई करता है ताकि कोई और उस पहचान के साथ अलग अकाउंट बना धोखाधड़ी न करे। लेकिन, अब इसको लेकर ‘भीम-मीम’ टाइप पॉलिटिक्स शुरू हो गई है। कुछ दिन पहले शेखर गुप्ता के ‘द प्रिंट’ से जुड़े दिलीप मंडल ने आरोप लगाया था कि दलितों को ट्विटर ‘ब्लू टिक’ नहीं दे रहा है। अब मुस्लिम पत्रकार शाहिद सिद्दीकी ने उसी जुबान में बात करते हुए आरोप लगाया है कि उन्हें मजहब के कारण ब्लू टिक नहीं दिया गया।

दिलीप सी मंडल ने आरोप लगाया था कि ट्विटर दलितों को ब्लू टिक नहीं देता है। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल ब्राह्मणों व कथित उच्च जाति के लोगों के एकाउंट्स ही वेरिफाई किए जा रहे हैं। इसके बाद तमाम कथित दलित कार्यकर्ताओं ने ट्विटर के ख़िलाफ़ अभियान चलाया। ट्विटर के दफ्तर के बाहर नारेबाजी की गई। वामपंथियों ने भी इस कार्य में भाग लिया और कविता कृष्णन सरीखे लोगों ने 24 घंटे तक अपना ट्विटर अकाउंट बंद कर विरोध दर्ज कराया। ख़ैर, दिलीप सी मंडल को तो ब्लू टिक मिल गया लेकिन उनके तमाशे कम नहीं हुए। अब इसी नुस्खे के साथ शाहिद सिद्दीकी ब्लू टिक मॉंग रहे हैं।

पूर्व सांसद शाहिद सिद्दीकी साप्ताहिक पत्रिका ‘नई दुनिया’ उर्दू के मैनेजिंग डायरेक्टर और मुख्य संपादक हैं। वो दिल्ली विश्वविद्यालय में प्रोफ़ेसर भी रह चुके हैं। उपन्यास ‘The Golden Pigeon’ के लेखक शाहिद ने भी ट्विटर पर ब्लू टिक के लिए रोना रोया। उन्होंने ख़ुद को वरिष्ठ पत्रकार घोषित करते हुए लिखा कि वो उर्दू के लोकप्रिय सम्पादकों में से एक हैं। उन्होंने ख़ुद को पुराना राजनीतिक विश्लेषक घोषित किया है। ख़ुद को लेखक, शिक्षाविद और सामाजिक कार्यकर्ता का तमगा देते हए शाहिद ने आरोप लगाया कि ट्विटर उन्हें ब्लू टिक देकर उनके अकाउंट को वेरिफाई नहीं कर रहा है।

हालाँकि, शाहिद ने ये भी लिखा कि वो न तो जाति व्यवस्था की परवाह करते हैं और न ही इसके बारे में सोचते हैं। इसके बाद शाहिद ने समर्थकों सहित ‘Verify Muslim Activists’ नामक ट्रेंड चलाया, जिसमें माँग की गई कि मुस्लिम कार्यकर्ताओं व हस्तियों को ट्विटर पर ब्लू टिक देकर उनके अकाउंट को वेरिफाई किया जाए। राष्ट्रीय जनता दल ने भी इस ट्रेंड को अपना समर्थन दिया है। जेल में बंद लालू यादव की पार्टी ने कहा कि वो जाति, मजहब और समुदाय के आधार पर हो रहे किसी भी प्रकार के भेदभाव का विरोध करती है। राजद ने कहा कि वो बराबरी और सम्प्रभुता में विश्वास रखती है। राजद ने मुस्लिमों और एससी, एसटी के लोगों को ब्लू टिक देने की माँग की है।

युवा राजद के प्रदेश अध्यक्ष करि सोहैब ने लिखा कि ट्विटर को एससी, एसटी व मुस्लिम लोगों को ब्लू टिक देना चाहिए। बरौली के राजद विधायक मोहम्मद नेमतुल्लाह ने भी लिखा कि बराबरी का हक़ मुस्लिमों को भी दिया जाना चाहिए। जहाँ दिलीप सी मंडल ने ट्विटर को ‘ब्राह्मणवादी’ करार दिया था, मुस्लिम नाम वाले कई ट्विटर हैंडल्स ने ट्विटर को मुस्लिम-विरोधी होने का तमगा दे दिया।

चूँकि एक परमानेंट दुश्मन पहले से स्थापित है तो उसके प्रतीक जनेऊ को, जो अनभिज्ञता में ब्राह्मणों के ही साथ जोड़ा जाता है, उसको तुरंत खींच लिया जाता है। सी मंडल ने कहा कि ब्लू टिक नीला जनेऊ बना दिया गया है। चूँकि सी मंडल सी मंडल हैं, तो उनकी मजबूरी है कि उन्हें हर चीज नीली ही चाहिए, वरना उसमें ब्राह्मणवाद ठूँस देना है। इनसे पूछा जाए कि ब्राह्मणवाद है क्या, तो दो लाइन से आगे नहीं बढ़ पाएँगे। ऐसी शब्दावली गढ़ कर जातिवाद फैलाने के कुत्सित प्रयास कुछ सौ सालों से चल रहे हैं, और चूँकि ये सत्ता पाने की सीढ़ी भी है, तो पिछले कुछ दशकों की राजनीति में ये ज्यादा प्रबल हो चुका है। ब्राह्मणों की दुर्गति क्या है वो बिहार के गाँवों में यजमानी करने वाले ब्राह्मणों को जा कर कोई देखे।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

द प्रिंट की ‘ज्योति’ में केमिकल लोचा ही नहीं, हिसाब-किताब में भी कमजोर: अल्पज्ञान पर पहले भी करा चुकी हैं फजीहत

रेमेडिसविर पर 'ज्ञान' बघार फजीहत कराने वाली ज्योति मल्होत्रा मिलियन के फेर में भी पड़ चुकी हैं। उनके इस 'ज्ञान' के बचाव में द प्रिंट हास्यास्पद सफाई भी दे चुका है।

सुशांत सिंह राजपूत पर फेक न्यूज के लिए AajTak को ऑन एयर माँगनी पड़ेगी माफी, ₹1 लाख जुर्माना भी: NBSA ने खारिज की समीक्षा...

AajTak से 23 अप्रैल को शाम के 8 बजे बड़े-बड़े अक्षरों में लिख कर और बोल कर Live माफी माँगने को कहा गया है।

‘आरोग्य सेतु’ डाउनलोड करने की शर्त पर उमर खालिद को जमानत, पर जेल से बाहर ​नहीं निकल पाएगा दिल्ली के हिंदू विरोधी दंगों का...

दिल्ली दंगों से जुड़े एक मामले में उमर खालिद को जमानत मिल गई है। लेकिन फिलहाल वह जेल से बाहर नहीं निकल पाएगा। जाने क्यों?

कोरोना से जंग में मुकेश अंबानी ने गुजरात की रिफाइनरी का खोला दरवाजा, फ्री में महाराष्ट्र को दे रहे ऑक्सीजन

मुकेश अंबानी ने अपनी रिफाइनरी की ऑक्सीजन की सप्लाई अस्पतालों को मुफ्त में शुरू की है। महाराष्ट्र को 100 टन ऑक्सीजन की सप्लाई की जाएगी।

‘अब या तो गुस्ताख रहेंगे या हम, क्योंकि ये गर्दन नबी की अजमत के लिए है’: तहरीक फरोग-ए-इस्लाम की लिस्ट, नरसिंहानंद को बताया ‘वहशी’

मौलवियों ने कहा कि 'जेल भरो आंदोलन' के दौरान लाठी-गोलियाँ चलेंगी, लेकिन हिंदुस्तान की जेलें भर जाएंगी, क्योंकि सवाल नबी की अजमत का है।

चीन के लिए बैटिंग या 4200 करोड़ रुपए पर ध्यान: CM ठाकरे क्यों चाहते हैं कोरोना घोषित हो प्राकृतिक आपदा?

COVID19 यदि प्राकृतिक आपदा घोषित हो जाए तो स्टेट डिज़ैस्टर रिलीफ़ फंड में इकट्ठा हुए क़रीब 4200 करोड़ रुपए को खर्च करने का रास्ता खुल जाएगा।

प्रचलित ख़बरें

बेटी के साथ रेप का बदला? पीड़ित पिता ने एक ही परिवार के 6 लोगों की लाश बिछा दी, 6 महीने के बच्चे को...

मृतकों के परिवार के जिस व्यक्ति पर रेप का आरोप है वह फरार है। पुलिस ने हत्या के आरोपित को हिरासत में ले लिया है।

छबड़ा में मुस्लिम भीड़ के सामने पुलिस भी थी बेबस: अब चारों ओर तबाही का मंजर, बिजली-पानी भी ठप

हिन्दुओं की दुकानों को निशाना बनाया गया। आँसू गैस के गोले दागे जाने पर हिंसक भीड़ ने पुलिस को ही दौड़ा-दौड़ा कर पीटा।

‘कल के कायर आज के मुस्लिम’: यति नरसिंहानंद को गाली देती भीड़ को हिन्दुओं ने ऐसे दिया जवाब

यमुनानगर में माइक लेकर भड़काऊ बयानबाजी करती भीड़ को पीछे हटना पड़ा। जानिए हिन्दू कार्यकर्ताओं ने कैसे किया प्रतिकार?

‘अब या तो गुस्ताख रहेंगे या हम, क्योंकि ये गर्दन नबी की अजमत के लिए है’: तहरीक फरोग-ए-इस्लाम की लिस्ट, नरसिंहानंद को बताया ‘वहशी’

मौलवियों ने कहा कि 'जेल भरो आंदोलन' के दौरान लाठी-गोलियाँ चलेंगी, लेकिन हिंदुस्तान की जेलें भर जाएंगी, क्योंकि सवाल नबी की अजमत का है।

जानी-मानी सिंगर की नाबालिग बेटी का 8 सालों तक यौन उत्पीड़न, 4 आरोपितों में से एक पादरी

हैदराबाद की एक नामी प्लेबैक सिंगर ने अपनी बेटी के यौन उत्पीड़न को लेकर चेन्नई में शिकायत दर्ज कराई है। चार आरोपितों में एक पादरी है।

थूको और उसी को चाटो… बिहार में दलित के साथ सवर्ण का अत्याचार: NDTV पत्रकार और साक्षी जोशी ने ऐसे फैलाई फेक न्यूज

सोशल मीडिया पर इस वीडियो के बारे में कहा जा रहा है कि बिहार में नीतीश कुमार के राज में एक दलित के साथ सवर्ण अत्याचार कर रहे।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,224FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe