एफ़एसपीआरटी की रिपोर्ट के अनुसार 231 विदेशी नागरिकों में से 180 कारावास में कैद हैं। इसके अलावा बचे हुए 51 को अगले कुछ घंटों में गिरफ्तार किया जाना था।
एक ऐसा समय था जब पाकिस्तान को आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई के नाम पर अरबों डॉलर मिलते थे। धीरे-धीरे भारत ने उसे बेनकाब करना शुरू किया और अब इस्लामी मुल्क भी उसे लताड़ते हैं।