Thursday, September 23, 2021
Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयऑस्ट्रिया: बंद हुईं इस्लामी कट्टरपंथ का गढ़ बन चुकी मस्जिदें, अन्य मस्जिदों पर कार्रवाई...

ऑस्ट्रिया: बंद हुईं इस्लामी कट्टरपंथ का गढ़ बन चुकी मस्जिदें, अन्य मस्जिदों पर कार्रवाई की तैयारी

ऑस्ट्रिया सरकार के आंतरिक मंत्रालय ने कहा है कि वह और भी मस्जिदों पर पाबंदी लगाएगी अगर उनके संबंध कट्टरपंथी इस्लामियों से मिलते हैं। इसके अलावा जितनी भी मस्जिदों से राष्ट्रीय सुरक्षा को ख़तरा होगा उन सभी मस्जिदों को बंद किया जाएगा।

ऑस्ट्रिया के विएना में इस्लामिक स्टेट (आईएसआईएस) द्वारा आतंकवादी हमले अंजाम दिए गए, जिनमें 4 लोगों की जान गई और बड़ी संख्या में लोग घायल हुए। इसके कुछ ही दिन बाद ऑस्ट्रिया की सरकार ने ऐसी मस्जिद को बंद करने का निर्णय लिया है जो कथित तौर पर कट्टरपंथी आतंकवाद का अड्डा बन गई थी। इन आतंकवादी हमलों को 20 वर्ष के मैकडॉनियन (Macedonian), कुज्तिम फेजुलई (Kujtim Fejzulai) ने अंजाम दिया था, जिन्हें बाद में पुलिस ने मार गिराया।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विएना की सरकार दो मस्जिदों पर तत्काल प्रभाव से पाबंदी लगाने की तैयारी कर रही है, सरकार को इस बात का संदेह है कि फेजुलई को कट्टरपंथी बनाने में संस्थाओं की भूमिका अहम रही है। ये दो मस्जिद ओट्टाक्रिंग (Ottakring) शहर के मेलिट इब्राहिम (Melit Ibrahim) और दूसरी मेडीइन (Meidling) क्षेत्र की तेवहिद (Tewhid) मस्जिद हैं। जाँच के दौरान यह बात सामने आई है कि आतंकवादियों का इन दो मस्जिदों में आना-जाना अक्सर लगा रहता था। 

जाँच में यह भी पता चला है कि इन दो मस्जिदों में से केवल एक ही आधिकारिक रूप से पंजीकृत मस्जिद है और दूसरी का पंजीकरण बतौर इस्लामी एसोसिएशन हुआ है। इस मुद्दे पर ऑस्ट्रिया के आंतरिक मंत्री कार्ल नेहैमर (Karl Nehammer) ने भी जानकारी साझा की। उन्होंने कहा, “हम उन हिंसक अपराधियों का सामना कर रहे हैं जो बेहद गहन रूप से राजनीतिक इस्लाम के तंत्र से जुड़े हुए हैं और विचारधारा की आड़ में आतंकवादियों का समर्थन कर रहे हैं।”

इस घटना की पुष्टि करते हुए ‘इस्लामिक रिलीजियस कम्युनिटी ऑफ़ ऑस्ट्रिया’ ने बताया कि उनकी अधिकारियों से इस  मुद्दे पर विस्तार से चर्चा हुई। चर्चा के बाद यह नतीजा निकल कर आया कि वह एक आधिकारिक मस्जिद बंद कर रहे हैं। इस संस्था ने अपने बयान में कहा कि अधिकांश मस्जिद इसलिए बंद की गईं क्योंकि उन्होंने धार्मिक सिद्धांतों और संविधान के नियमों का उल्लंघन किया। इतना ही नहीं, मस्जिद ने इस्लामी कानूनों को क्रियान्वित करने वाले देश के क़ानून की भी अवहेलना की है।

ऑस्ट्रिया सरकार के आंतरिक मंत्रालय ने कहा है कि वह और भी मस्जिदों पर पाबंदी लगाएगी अगर उनके संबंध कट्टरपंथी इस्लामियों से मिलते हैं। इसके अलावा जितनी भी मस्जिदों से राष्ट्रीय सुरक्षा को ख़तरा होगा उन सभी मस्जिदों को बंद किया जाएगा।

आतंकवादी हमलों के संबंध में अभी तक ऑस्ट्रिया की सरकार ने कुल 15 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। आंतरिक मंत्रालय के अधिकारियों ने यहाँ तक बताया कि इन सभी आतंकवादियों का सीधा संबंध कट्टरपंथी इस्लामी वर्ग से था। इसके अलावा, 7 पर आपराधिक मामले दर्ज हैं और 4 को आतंकवाद के आरोप में दोषी घोषित किया गया। 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

गुजरात के दुष्प्रचार में तल्लीन कॉन्ग्रेस क्या केरल पर पूछती है कोई सवाल, क्यों अंग विशेष में छिपा कर आता है सोना?

मुंद्रा पोर्ट पर ड्रग्स की बरामदगी को लेकर कॉन्ग्रेस पार्टी ने जो दुष्प्रचार किया, वह लगभग ढाई दशक से गुजरात के विरुद्ध चल रहे दुष्प्रचार का सबसे नया संस्करण है।

‘मुंबई डायरीज 26/11’: Amazon Prime पर इस्लामिक आतंकवाद को क्लीन चिट देने, हिन्दुओं को बुरा दिखाने का एक और प्रयास

26/11 हमले को Amazon Prime की वेब सीरीज में मु​सलमानों का महिमामंडन किया गया है। इसमें बताया गया है कि इस्लाम बुरा नहीं है। यह शांति और सहिष्णुता का धर्म है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
123,821FollowersFollow
410,000SubscribersSubscribe