ओडिशा हाई कोर्ट ने भगवान जगन्नाथ की पवित्र 'अमृतमनोही भूमि' को अतिक्रमणकारियों के पक्ष में देने से साफ इनकार किया है और कहा कि लंबे समय तक रहने से सरकारी जमीन उनके नाम नहीं हो जाती।
HC ने कहा, "रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट केवल विवाह को साबित करने का सबूत है। विवाह रजिस्टर्ड नहीं भी है, तो भी हिंदू विवाह अधिनियम 1955 की धारा 8(5) के तहत विवाह अमान्य नहीं होता।"