पार्टी का तर्क है कि जब वह समाजवादी पार्टी के इस पर्फ्यूम का इस्तेमाल करेंगे तो उन्हें इसमें समाजवाद की महक आएगी। इस पर्फ्यूम से 2022 में हर नफरत का खात्मा होगा।
यूपी के हरदोई में एक जनसभा के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मोहम्मद अली जिन्ना की तुलना महात्मा गाँधी, जवाहरलाल नेहरू और सरदार पटेल के साथ की।