अब इसी क्रम में सिद्धार्थ वरदाराजन ने फिर से फेक न्यूज फैलाई है। हालाँकि इसी फेक न्यूज के लिए एक दिन पहले ही द लॉजिकल इंडियन सार्वजनिक रूप से माफी माँग चुका है।
'मछुआरों के लिए कोई मंत्रालय नहीं है' - जिस तरह से राहुल गाँधी दक्षिण भारत की समुद्री सीमाओं पर घूम-घूम कर झूठ फैला रहे हैं और पालतू मीडिया कोई फैक्ट-चेक नहीं कर रहा, इससे देश का नुकसान हो रहा है।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में दोनों लड़कियों के साथ किसी भी प्रकार के बलात्कार की पुष्टि नहीं हुई है। ऊपर से सच्चाई ये है कि शवों को जलाया भी नहीं गया है, उन्हें दफनाया गया है।
असम पुलिस ने गुवाहाटी स्थित एक वेब पोर्टल से जुड़े दो पत्रकारों को वरिष्ठ मंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की उनकी बेटी के साथ तस्वीर के चरित्र पर ऊँगली उठाने के आरोप में गिरफ्तार किया है।