कॉन्ग्रेस प्रत्याशी मशकूर अहमद उस्मानी पर अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी का छात्रसंघ अध्यक्ष रहते हुए मोहम्मद अली जिन्ना की तस्वीर कमरे में लगाने का आरोप लगा था।
बिहार के मुंगेर निवासी मुस्लिम युवक ने शादी के चार साल बाद हिंदू लड़की पर इस्लाम धर्म कबूलने का दबाव बनाया, इतना ही नहीं युवक ने हिंदू युवती की माँ पर भी इस्लाम कबूलने की जबरदस्ती की।
बिहार सरकार ने ने इसे 'कोल्ड ब्लडेड मर्डर' करार दिया और एनकाउंटर को फेक बताया। मंत्री ने ने पुलिस को ही क्रूर बता दिया और दावा किया कि पुलिसकर्मियों ने अपने वरिष्ठों के आदेश की अवहेलना की।
यूपी-बिहार ही नहीं, पूरे देश में कई ऐसे बड़े नेता हैं, जो आज राजनीति के इस मुकाम पर इसीलिए हैं क्योंकि उन पर कभी जयप्रकाश नारायण का हाथ था। लेकिन, इन नेताओं की प्राथमिकता में जनता कभी रही ही नहीं।
पासवान समाजवादी परिपाटी के नेता थे। उनकी शुरुआती राजनीति संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी से ही आरम्भ हुई थी। परन्तु उनका नाम हाजीपुर के साथ अभिन्न रूप से जुड़ गया। वे आठ बार हाजीपुर से चुनाव जीते।