बकौल आश्रम, भदौरिया से लेकर गुरु जी तक की यात्रा उन्होंने साधना के बल पर की है, उनकी पुस्तक 'ईश्वरीय चिकित्सा, एक अनुसंधान' में इस पर सब कुछ स्पष्ट लिखा गया है।
इनमें से एक सूरी परिवार था, जिसके मुखिया का नाम था राय बहादुर सुंदर दास सूरी। वो पंजाब के स्कूलों के चीफ इंस्पेक्टर थे, शिक्षा के क्षेत्र में कई बड़े कार्य किए।