"क्या मुसलमान, मुसलमान की तरह बोल सकता है?" - वायर के इस वीडियो में कमलेश तिवारी की हत्या को मुसलमानों के लिए 'परेशानी का सबब' बताया जाता है। क्यों? क्योंकि इस्लाम में पैगंबर माने जाने वाले मोहम्मद के खिलाफ...
याद रहे कि 84 के उलट 48 में भी एक दंगा हुआ था, कॉन्ग्रेसियों ने ही कराया था। इंदिरा गाँधी की हत्या के बाद जो हुआ, वो लगभग सबको याद है लेकिन 1948 को भी याद रखना जरूरी है, ताकि कॉन्ग्रेस के असली DNA को पहचाने सकें।
"हम संविधान और कानून की इज़्ज़त करते हैं और अदालत के फैसले की तामील करेंगे। जो शांति को भंग करने की कोशिश करेंगे, उन्हें इस्लाम के सच्चे नुमाइंदे नहीं कहा जा सकता है।"
"मैं उनकी भावनाएँ समझ सकता हूँ। कोर्ट का जो भी फैसला होगा, उसे अब वे स्वीकार करेंगे। चाहे फैसला जो भी हो समाज में शांति सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाने की जरूरत है।’’
अब इस मामले में आरोपितों के अलावा उनसे जुड़े संदिग्ध लोगों की भी जाँच जारी है। जिसमें अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी का एक पूर्व छात्र भी शामिल है। जो गुजरात का ही निवासी है।
".....बगदादी अपने अंतिम समय में डरपोकों की तरह इधर-उधर भाग रहा था। वो इतना बदहवास हो चुका था कि उसने अंत में एक सुरंग में जाकर अपने तीन बच्चों समेत खुद को विस्फोटक जैकेट से उडा लिया।"
"हमें पता है कि गठबंधन में बने रहना ही बेहतर है और यही राज्य के भी हित में है। जो हम चाहते हैं, वह यह कि हमें सम्मान दिया जाए। हमें इसे ठंडे दिमाग से करना होगा।"
मेरे खुद के मुस्लिम और 'सेक्युलर' थियेटर वाले दोस्त सोशल मीडिया पर वे आर्टिकल भेज रहे हैं, जिनमें मुझे झूठा बताया गया है। वे मुझसे पूछ रहे हैं कि मैंने झूठ क्यों बोला। और यह सब इसलिए हुआ क्योंकि क्विंट ने मेरी बात को तोड़-मरोड़ कर पेश किया।
"बगदादी मरा क्योंकि पूरे विश्व के मुस्लिमों ने उसे खारिज कर दिया था और उसकी जहरीली मानसिकता के ख़िलाफ़ लड़ाई की थी। उसने अपनी राजनीति साधने के लिए इस्लाम पर कब्जा कर लिया था, वो 21वीं सदी में इस्लाम का सबसे बड़ा दुश्मन था।"
मुख्यमंत्री फडणवीस ने भाजपा विधायकों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पार्टी ने उन पर दोबारा भरोसा जताया है। साथ ही सीएम फडणवीस ने शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे को भी धन्यवाद दिया। महाराष्ट्र के राजनीतिक घटनाक्रम पर...