भारतीय सार्वजनिक वित्त में सुधार के लिए हल्का धक्का देने वाली कहानी है। इस कहानी के मायने यह हैं कि राज्यों को अतिरिक्त धन प्राप्त करने के लिए प्रगतिशील नीतियों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित करना है।
"इस तरह के घटनाक्रम हर उन नेताओं के द्वारा किए जाते हैं जिनको जनता ने बार बार नकारा है। ये कोई नई बात नहीं है। ये 2014 से पहले भी हुए हैं उसके बाद भी हुए हैं। 2019 के बाद भी हुए हैं।"
प्रधानमंत्री ने याद दिलाया कि हमारे ऋषियों-मुनियों ने योग के लिए "समत्वम् योग उच्यते" ये परिभाषा दी थी। उन्होंने सुख-दुःख में समान रहने, संयम को एक तरह से योग का पैरामीटर बनाया था।
जनकल्याण के इसी क्रम में योगी सरकार ने राज्य के बेसहारा बुजुर्गों के लिए ‘एल्डरलाइन प्रोजेक्ट’ लॉन्च किया। इसके तहत बुजुर्गों की सहायता करने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है।
यदि दुराग्रही वामपंथियों के प्रपंच में उलझे बिना देखें, तो दक्षिणपंथ कहीं ज्यादा तार्किक और समाधान का हिस्सा है, लेकिन 'नेहरु घाटी सभ्यता' के दौरान पैदा हुए विचारकों ने कभी किसी को यह सोचने का मौका ही नहीं दिया कि उनके अलावा भी कोई दूसरी विचारधारा इस पृथ्वी पर हो सकती है और उनसे कहीं ज्यादा बेहतर हो सकती है।
प्रधानमंत्री ने याद दिलाया कि पहले भारत को वैक्सीन प्राप्त करने में दशकों लग जाते थे क्योंकि जब वैक्सीन का काम विदेशों में पूरा हो जाता था, यहाँ काम शुरू भी नहीं हो पाता था।