अपनी गाड़ी उन्होंने काफी पहले छोड़ दी। फिर खुली हुई राशन की दुकान पर घूँघट में अन्य खरीदारों के बीच शामिल हो गईं। एसडीएम ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान कई दुकानदार एमआरपी से अधिक मूल्य पर या वस्तुएँ बेच रहे थे।
इस बीच दिल्ली की तबलीगी जमात में शरीक हुए यूपी के 569 लोगों को अब तक विभिन्न जिलों में क्वारंटाइन किया गया है। वहीं प्रदेश में कोरोना से मरने वालों की संख्या 2, जबकि इससे संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 117 से अधिक हो गई है।
अमरिया क्षेत्र के रहने वाले 35 लोग 25 फरवरी को उमरा करने के लिए सऊदी अरब गए थे, जो कि 20 मार्च को सऊदी अरब से मुंबई के एयरपोर्ट पहुँचे थे, जहाँ सभी की स्क्रीनिंग की गई। जाँच में संदिग्ध पाए जाने पर सभी लोगों को कोरोना वायरस संदिग्ध की मुहर लगाई गई थी।
जमातियों ने मस्जिद में रहने के दौरान कई बार गाँव में भ्रमण किया था और सैकड़ों लोगों से अलग-अलग समय में मुलाकात भी की थी। अब सभी को रिपोर्ट का इंतजार है। इन सभी जमातियों ने दिल्ली में हुए मजहबी सम्मेलन में हिस्सा लिया था।
मड़ियाँव और काकोरी इलाके की मस्जिदों में भी कई विदेशी नागरिकों के रुके होने की खबर है। बताया जा रहा है मड़ियाँव में 17 बांग्लादेशी नागरिकों के रुके होने की सूचना है। जो टूरिस्ट वीजा पर यहाँ आए हैं।
डीजीपी ऑफिस ने संबंधित जिलाधिकारियों को निजामुद्दीन मरकज में ठहरे यूपी के लोगों की लिस्ट देकर उनसे संपर्क करने और उनका कोरोना वायरस टेस्ट कराने का निर्देश दिया। आदेश के बाद तेजी से हरकत में आई उत्तर प्रदेश पुलिस ने सभी लोगों को ट्रेस कर...
"गौतम बुद्ध नगर में कोरोना वायरस को लेकर तैयारियों की समीक्षा में पाया गया कि जिलाधिकारी के स्तर पर समन्वय में काफी कमी रही, पॉजिटिव पाए गए लोगों को क्वारंटाइन करने में भी कमी पाई गई, जिसके कारण पॉजिटिव मामले बढ़े हैं।" मुख्य सचिव ने यह भी कहा कि डीएम बीएन सिंह के खिलाफ विभागीय जाँच अलोक टंडन करेंगे।
“कोरोना वायरस महामारी से संघर्ष में सरकार व समाज की सम्मिलित शक्ति की आवश्यकता है। मेरी आप सभी से अपील है कि 'मुख्यमंत्री पीड़ित सहायता कोष' द्वारा पीड़ितों की सहायता व उन्हें राहत प्रदान करने हेतु अपनी सामर्थ्य के अनुसार सहयोग करें और हम सभी के इस महासंघर्ष को शक्ति प्रदान करें।”
बुखार से काँपते हुए उसने नागपुर में 5 घंटे रुक कर ट्रेन बदली थी। महाराष्ट्र सरकार को पत्र लिख कर उसकी यात्रा के बारे में सूचित कर दिया गया है। छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस से सफर करने वाले उस यात्री के बारे में कहा जा रहा है कि उसने नागपुर में भी कई लोगों में संक्रमण फैलाया होगा। रविवार को वो हॉस्पिटल से भाग निकला, जिसके बाद उसे घर से उठा कर लाया गया।