एसआईटी ने चिन्मयानंद के अश्लील वीडियो के बदले 5 करोड़ रुपए माँगने के आरोप में पीड़ित छात्रा के साथी संजय सिंह, उसके चचेरे भाई विक्रम और मौसेरे भाई सचिन सेंगर को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस द्वारा तीनों का मेडिकल कराने के बाद कोर्ट में पेश किया गया, वहाँ से तीनों को जेल...
भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने जिलाधिकारी आंजनेय कुमार सिंह से शिकायत करते हुए कहा था कि फॉंसी घर की जमीन सांसद आजम खान के रिश्तेददारों और करीबियों के कब्जे में है। जॉंच में जमीन के दस्तावेजों में हेरफेर कर उसे बेचे जाने की बात सामने आई है।
योगी ने बताया कि सीएम के साथ मीटिंग की तैयारी का बहाना बनाकर पूरा दिन बर्बाद कर देना अधिकारियों की आदत बन चुकी थी। बैठक के लिए नौकरशाह पूरे लाव-लश्कर के साथ आते थे। इस कल्चर पर लगाम लगाने से अब सामान्य कामकाज की गति प्रभावित नहीं होती।
मेडिकल जाँच में खुलासा हो चुका है कि बच्ची के गुप्तांगों पर चोट के निशान हैं। रिपोर्ट पुष्टि करती है कि बच्ची के साथ बलात्कार की कोशिश हुई है। इसके आधार पर रज्जाक के ख़िलाफ़ आईपीसी धारा 376 के साथ पॉक्सो एक्ट की धारा 5 और 6 के तहत मामला दर्ज किया गया।
स्पेशल इनवेस्टीगेशन टीम ने उन्हें उनके शाहजहाँपुर स्थित मुमुक्षु आश्रम से गिरफ्तार किया है। उन्हें मेडिकल जाँच के लिए अस्पताल ले जाया गया है। इसके बाद आज ही उन्हें कोर्ट में भी पेश किया जाएगा।
तीन तलाक देने के बाद आजाद ने आरफा से मारपीट भी की और फिर उसे घर से भी निकाल दिया। पीड़िता की मानें तो उसे उसके पति ने अतिरिक्त दहेज के बिना वापस लौटने पर हत्या की भी धमकी दी।
पीड़ित के मुताबिक उसके क्वालिटी बार पर सन 2013 में यह लोग लूटपाट और तोड़फोड़ किए थे। उनके मुताबिक जो उनकी जगह थी उसको पूर्व मंत्री आजम खान की पत्नी तंजीम फातिमा के नाम आवंटित कर दिया गया था।
मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों का एक समूह मुख्य आरोपी आबिद के परिवार से बातचीत करने गया, जहाँ दोनों समुदाय के बीच बवाल मच गया। इसके बाद घरों को जला दिया गया। देर शाम एक गली में लगभग 15 दुकानों को भीड़ ने आग लगा दी।
स्कूल के छात्र-छात्राओं के बीच कदीर खां का इतना ख़ौफ़ था कि उन्होंने ख़ुद के साथ हो रहे अभद्र व्यवहार के बारे में कभी किसी को कुछ नहीं बताया। लेकिन, अब जब वे भी चुप्पी तोड़ रहे हैं। एक छात्र ने बताया कि कदीर खां उसके कपड़े उतारकर उसके शरीर पर हाथ फेरता था।
बसपा जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह का कहना है कि उनका इस मामले से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि गाँव में चल रहे एक मुकदमे के मामले में दबाव बनाने के लिए उन्हें साजिश के तहत फँसाया जा रहा है।