मुझे इससे कोई मतलब नहीं है कि फ़लाँ किताब के फ़लाँ चैप्टर में यह लिखा है कि एक मानव की हत्या पूरे मानवता की हत्या है, क्योंकि ये कहने की बातें हैं, इनका वास्तविकता से कोई नाता नहीं है। ये फर्जी बातें हैं जो आतंकियों के हिमायती उनके बचाव में इस्तेमाल करते हैं।
आईएस सरगना बगदादी इराक के समारा की एक मस्जिद में मौलवी था। जब तक बगदादी की कोई ख़बर नहीं मिलती, तब तक आईएस को लेकर डर बना रहेगा। आईएस से जुड़े कई आतंकी भारत में भी पकड़े गए थे। एनआईए ने आईएस से जुड़े एक मॉड्यूल का पर्दाफाश भी किया था।
ये कैसी मानसिकता है जिससे एक तरफ तो मज़हब का भी सम्मान हो रहा है और दूसरी तरफ अपनी ठरक का भी। जी, सही शब्द 'ठरक' ही है क्योंकि किसी महिला को उस तरह से घेरकर नचाना आपकी कुंठा की परिणति ही है, न कि आपके अंदर बैठा कला-प्रेमी जाग गया है।
वह पिछले महीने दुनिया भर में उस समय सुर्खियों में छा गई, जब इस ‘ज़िहादी दुल्हन’ ने उसने सार्वजनिक रूप से ब्रिटिश सरकार से उसे वापस आने की अनुमति देने का अनुरोध किया था।
कल एनआईए ने देश में एक बड़ा आतंकी हमला करने की साजिश का भंडाफोड़ कर के आतंकी मंसूबों पर पानी फेर दिया। गिरफ्तार आतंकियों में मौलवी, कॉलेज के छात्र और ऑटो रिक्शा चालाक शामिल हैं।