आरफा खानुम शेरवानी ने नमाज को दुनिया की सबसे 'खामोश इबादत' बताया है। अगर ऐसा है तो जुमे की नमाज के बाद दंगा कौन भड़का रहा? क्या ये सब उसी 'खामोश इबादत' का हिस्सा है?
बेंगलुरु एयरपोर्ट पर लोगों के खुले में नमाज पढ़ने का वीडियो सामने आने के बाद कई सवाल उठने लगे हैं। सवाल उठ रहा है कि क्या यह किसी शक्ति प्रदर्शन की कोशिश तो नहीं है।
हिन्दू पीड़िता ने बताया है कि कमाल अशरफ उस पर एक और मुस्लिम इब्राहिम अहमद के साथ संबंध बनाने के लिए दबाव डाल रहा था। ऐसा ना करने पर उसके गुप्तांगों को चोट पहुँचाई गई।