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होली खेलने पर यूनिवर्सिटी में एंट्री बंद, अभिभावक के साथ पेशी का आदेश: पाकिस्तान की दाऊद यूनिवर्सिटी ने छात्रों को दी ‘सजा’, FIR भी

कराची स्थित दाऊद यूनिवर्सिटी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी ने होली मनाने पर हिंदू छात्रों को नोटिस जारी किया है।

पाकिस्तान में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ धार्मिक भेदभाव और अत्याचार का एक और मामला सामने आया है। कराची स्थित दाऊद यूनिवर्सिटी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी ने होली मनाने पर हिंदू छात्रों को नोटिस जारी किया है। यही नहीं, कुछ छात्रों के खिलाफ FIR भी दर्ज कर दी गई है, जिन पर ‘राष्ट्र-विरोधी नारे’ लगाने का आरोप लगाया गया है।

ओम प्रकाश नाम के हिंदू छात्र को भेजे गए नोटिस में लिखा है, “21 फरवरी 2025 को यूनिवर्सिटी कैंपस में राज्य विरोधी नारा ‘तुहुंजो देश मुहुंजो देश सिंधु देश’ आपने नारा लगाया और शैक्षणिक गतिविधियों को बाधित किया। ये नियमों का उल्लंघन है।” इसके बाद नोटिस में बताया गया है कि छात्र की यूनिवर्सिटी में एंट्री को बैन कर दिया गया है।

यह मामला तब सुर्खियों में आया जब पाकिस्तान की नेशनल असेंबली के पूर्व सदस्य लाल चंद मल्ही ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाया। उन्होंने पूछा, “क्या अब पाकिस्तान में होली मनाना भी अपराध हो गया है?” मल्ही का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया और पाकिस्तान में धार्मिक अल्पसंख्यकों के प्रति बढ़ती असहिष्णुता पर बहस छिड़ गई।

यूनिवर्सिटी कैंपस में होली मनाने का एक वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसमें छात्र रंग खेलते और त्योहार का आनंद लेते नजर आ रहे हैं। लेकिन इसके बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए नोटिस जारी कर दिया, जिसमें आरोप लगाया गया कि छात्रों ने ऐसा कुछ किया जो ‘राष्ट्रविरोधी’ हो सकता है।

पाकिस्तान में हिंदू समुदाय पहले से ही भारी भेदभाव और हिंसा का शिकार है। खासकर ग्रामीण इलाकों में हिंदुओं को जबरन धर्म परिवर्तन, अपहरण और अत्याचार का सामना करना पड़ता है। कानूनी रूप से भी उनके लिए न्याय पाना मुश्किल होता है, क्योंकि कई बार कानून का दुरुपयोग कर उनके खिलाफ झूठे केस बनाए जाते हैं।

इस मामले पर भारतीय पत्रकार आदित्य राज कौल ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “पाकिस्तान में हिंदू अल्पसंख्यकों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। कराची की इस यूनिवर्सिटी ने छात्रों को सिर्फ होली खेलने पर नोटिस जारी कर दिया और FIR तक दर्ज कर दी गई। कट्टरपंथी इस्लामी तत्व छात्रों को डराने में लगे हुए हैं।”

पाकिस्तान में यह कोई नया मामला नहीं है। पहले भी कई बार हिंदू त्योहारों को रोकने, मंदिरों पर हमले करने और अल्पसंख्यकों पर झूठे आरोप लगाने की घटनाएँ सामने आई हैं। साल 2023 में लाहौर की पंजाब यूनिवर्सिटी में होली खेलने पर हिंदू छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की गई थी और आधिकारिक तौर पर होली खेलने पर बैन लगा दिया गया था। यही नहीं, एक मौलाना ने ये कहते हुए होली का विरोध किया था कि पाकिस्तान में सिर्फ मोहम्मद का दिन मनेगा, कोई होली नहीं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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