Monday, March 1, 2021

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राग-विराग-वैराग की नगरी काशी: क्यों खेली जाती है महाश्मशान के चिता भस्म से होली, जोगीरा-बुढ़वा मंगल की परंपरा

सनातन में ऐसी कहानियों का बहुत गूढ़ अर्थ था। प्रतीक रूप से ऐसा माना जाता है कि प्रह्लाद का अर्थ आनन्द होता है। वैर और उत्पीड़न की प्रतीक होलिका (जलाने की लकड़ी) जलती है और प्रेम तथा उल्लास का प्रतीक प्रह्लाद (आनंद) अक्षुण्ण रहता है।

होली 2020: ‘हिंदू हमारे भाई नहीं, इमरान को भारत में मुस्लिमों और जम्मू कश्मीर पर बोलना चाहिए’

“शर्म आनी चाहिए नियाजी तुमको। इंडिया में हिंदू लोग मुस्लिम पर जुल्म कर रहे हैं और तुम हिंदू को होली की शुभकामनाएँ दे रहे हो। आई हेट यू इमरान नियाजी।”

होली रेप कल्चर का त्यौहार, मुस्लिम महिलाओं को नहीं पटा पाते हिन्दू मर्द: लिबरलों का नया तर्क

इरेना का कहना है कि इसी जलन और हीनता की भावना का शिकार होकर हिन्दू मर्द मुस्लिमों के व्यापार और घरों को नुकसान पहुँचाते हैं, जला डालते हैं- ताकि मुस्लिम महिलाओं को बेइज्जत कर सकें। उन्होंने ये नहीं बताया कि महिलाओं को बुर्के में कैद रखना किस समाज की संस्कृति का हिस्सा है?

अलीगढ़ में रंग-बिरंगे तिरपालों से ढक दी गई मस्जिद: होली पर सुरक्षा चाक-चौबंद, 5000 को नोटिस जारी

मस्जिद को ढकने के लिए दो तरह के तिरपालों का प्रयोग किया गया है। एक काले तिरपाल और एक लाल-पीले तिरपाल का प्रयोग किया गया है। अलीगढ़ में होली पर व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के लिए क़रीब 5000 लोगों नोटिस जारी किया गया है और 1000 लोगों को पाबंद किया गया है।

होली पर हिंसा की प्लानिंग: UP पुलिस ने 5 साल पुराना रिकॉर्ड खँगाल 250 लोगों को किया गिरफ्तार

मेरठ को 3 सुपर जोन, 9 जोन और 31 सेक्टरों में बाँटकर सुरक्षा की जा रही है। होली पर हुड़दंग करने वालों का पिछले पाँच साल का रिकॉर्ड खँगालकर उनको पकड़ने के लिए पुलिस ने अभियान चला रखा है। इसमें अभी तक 250 बवालियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।

होलिका बहुजन और दुर्गा वेश्या: दानवी को दलित आइकॉन बता बाल हत्या को बढ़ावा देती JNU वाली जड़ता

पूतना और होलिका को खलनायिका से नायिका बनाने की कोशिश बाल-हत्या के महिमामंडन की कोशिश है। उसे ब्राह्मणवाद के विरोध के नाम पर ढका नहीं जा सकता। ब्राह्मण तो वे दधीचि थे, जिन्होंने वृत्रासुर को मारने के लिए अपनी अस्थियाँ दे दीं, वज्र का निर्माण करने वास्ते।

महिलाओं के साथ ‘छेड़छाड़’ के लिए होली है: लेफ्ट लिबरल और इस्लामिक गैंग प्रोपेगेंडा के साथ लौटा

होली के नाम पर महिलाओं के साथ छेड़छाड़ किया जाता है। ‘होली है’ कहना युद्ध की तरह लगता है। होली में ऊँची जाति वाले निचली जातियों की महिलाओं का यौन उत्पीड़न करते हैं। ये चुनिंदा प्रोपेगेंडा हैं जिनके सहारे हिंदू त्योहार की छवि धूमिल करने का प्रपंच रचा जा रहा है।

बरसाने की लट्ठ मार होली देखने पहुँचे देश-विदेश से लाखों लोग, नंदगाँव के हुरियारों पर सखियों ने बरसाईं प्रेम की लाठियाँ

बरसाना से रवाना होते ही दूर दराज से पहुँच रहे लोगों की भीड़ जुटना शुरू हो जाती है। कोई बरसाना में मौजूद मंदिरों के दर्शन कर रहा था तो कोई मंदिरों में खेले जाने वाली लड्डू मार होली का आनंद ले रहा था। यही क्रम देर रात तक चलता रहा।

उड़त गुलाल लाल भए अम्बर: माँ गौरा का गौना कराने निकले महादेव, काशी में जीवन के उत्सव का आगाज

रंगभरी एकादशी वैसे तो पूरे देश में मनाई जाती है, पर काशी जैसा उत्साह शायद ही कहीं दिखता है। रंग-गुलाल से सराबोर काशी की यह परंपरा 356 साल पुरानी है। आज से बुढ़वा मंगल तक अब हर तरफ बनारस में एक ही रंग दिखेगा और वह रंग है होली का।

होली मिलन से दूर रहेंगे मोदी-शाह, कोरोना वायरस की आहट के बाद बरतें सावधानी

पीएम मोदी ने लोगों से भी सावधानी बरतने की अपील की है। एक जगह ज्यादा लोगों के मिलने-जुलने या पार्टी वाला माहौल होने से COVID-19 के फैलने का ख़तरा ज़्यादा है, ऐसा दुनिया भर के विशेषज्ञों ने बताया है।

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