Wednesday, October 21, 2020
69 कुल लेख

Guest Author

‘हिंदू-मुस्लिम’ का झगड़ा नहीं था दिल्ली का हिन्दू विरोधी दंगा, ये नक्सली-जिहादी गठजोड़ का एक प्रयोग था

पुलिस के आरोप पत्रों और निष्पक्ष संस्थाओं की रिपोर्टों से यह समझ में आता है कि एक-एक घटना और हर किरदार पहले से तय था। डोनाल्ड ट्रंप की यात्रा उनके लिए अवसर था। जब 'कुछ बड़ा' करके दुनिया का ध्यान अपनी तरफ़ खींचा जा सकता था।

रामचंद्र गुहा का अंधत्व: गुजरात में धन+संस्कृति का कॉम्बिनेशन, बंगाल के पास ‘ममता’ और यही इनकी संस्कृति

बंगाल के पास ‘ममता दीदी’ हैं, यही इनकी संस्कृति। गुजरात के पास नरेंद्र दामोदरदास मोदी हैं, यह भी गुजरात की संस्कृति है। इस पहचान पर गुजरात...

…जब सावरकर ने लेनिन को लंदन में 3 दिन के लिए दी थी शरण

वीर सावरकर ने एक बार लंदन में लेनिन को 3 दिन तक शरण दी थी। कम्युनिस्ट यह स्वीकार नहीं कर पाते कि सावरकर को कई प्रमुख वामपंथियों ने वीर कहने का साहस किया था।

सावरकार की 10 साल बाद याचिका Vs नेहरू का बॉन्ड भरकर 2 हफ्ते में जेल से रिहाई: किसने कितना सहा?

नेहरू ने कभी भी नाभा में प्रवेश ना करने का बॉन्ड भरा, अपनी सज़ा माफ कराई। उनके पिता उन्हें छुड़ाने के लिए वायसराय तक सिफारिश लेकर...

इस्लाम और हिन्दुत्व को एक मानने की जिद मूर्खता: हिन्दू संतों को अली-मौला गाना बंद करना चाहिए

मूल इस्लामी ग्रंथों का एक तिहाई केवल जिहाद पर केंद्रित है। कुरान की लगभग दो तिहाई सामग्री काफिरों से संबंधित है।

संतों की लिंचिंग: पालघर पर लेफ्टिस्ट-सेक्युलर खामोशी और कुछ अनुत्तरित सवाल

पालघर में संतों की लिंचिंग से कई सवाल खड़े होते हैं। इनके जवाब के लिए उच्च स्तरीय जॉंच जरूरी है। नरराक्षसों पर कठोर से कठोर कार्यवाही होनी चाहिए।

तबलीगी जमात: आतंकवाद, चरमपंथ और खिलाफत आन्दोलन से जुड़े हैं तार

तबलिगी जमात और दुनिया भर में आतंकवादी कारणों के लिए एक प्रमुख भर्ती एजेंसी है। अधिकांश युवा मुस्लिम चरमपंथियों के लिए, तबलीगी जमात में शामिल होना उग्रवाद की राह पर पहला कदम है

इस मर्ज की दवा कब तक: Covid-19 के संक्रमण पर काबू पाने के लिए क्या कर रही है दुनिया

205 देशों में फैल चुके कोरोना वायरस संक्रमण पर काबू पाने के लिए फिलहाल कोई वैक्सीन नहीं है। लेकिन, इस दिशा में दुनियाभर में युद्धस्तर पर काम चल रहा है। लेकिन, इस मर्ज की दवा बनाने में सबसे बड़ी बाधा समय की है। जो ड्रग्स क्लीनिकल ट्रायल्स के स्टेज 3 में भी हैं, उनके भी मरीजों तक पहुॅंचने में अभी 6 महीने और लगेंगे।

हमसे जुड़ें

272,571FansLike
78,908FollowersFollow
335,000SubscribersSubscribe