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‘हाँ 42 लोगों का किया कत्ल… पत्नी को भी नहीं छोड़ा’ : केन्या पुलिस ने पकड़ा ‘सीरियल किलर’, 9 शव क्षत-विक्षत मिलने के बाद मचा था हड़कंप

केन्या में पिछले दिनों कूड़ा फेंकने वाली जगह पर 9 शव क्षत-विक्षत हालत में बरामद हुए थे। इसी के बाद इलाके में सनसनी थी। अब पुलिस ने केस की गुत्थी को सुलझाते हुए 9 लोगों की नृशंस हत्या करने के वाले ‘सीरियल किलर’ को गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि पुलिस से पूछताछ में उस किलर ने स्वीकार किया है कि वो अब तक 42 महिलाओं को मौत के घाट उतार चुका है। इन 42 महिलाओं में उसकी पत्नी भी शामिल है।

आरोपित की पहचान 33 वर्षीय जोमैसी खलीसिया के रूप में हुई है। उसे सोमवार (15 जुलाई 2024) को गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारी ने बताया कि उन्होंने एक दूसरे संदिग्ध को भी गिरफ्तार किया है उसके पास मृतक लोगों में से एक का हैंडसेट मिला है।

बता दें कि 12 जुलाई को केन्या के मुकुरु झुग्गी बस्ती क्षेत्र में कूड़े के ढेर में प्लास्टिक की थैलियों में बंधे क्षत-विक्षत 9 शव मिले थे। पुलिस ने छानबीन के बाद पता लगाया था कि इनमें 8 शव महिलाओं के थे।

आसपास इन शवों के मिलने की जानकारी होने के बाद आक्रोश व्याप्त हो गया था। हालाँकि आज खबर आई कि पुलिस ने संदिग्ध को अरेस्ट कर लिया है। सोशल मीडिया पर वायरल होते पोस्टों के अनुसार, आरोपित के पास से पुलिस को धारदार हथियार, कई मोबइल फोन, लैपटॉप, आईडी कार्ड, पर्स और लोहे की वस्तुएँ बरामद हुई हैं।

प्रेम-विवाह से खफा मुस्लिमों ने नवबौद्धों की बस्ती पर किया हमला, पत्थरबाजी के पीछे AIMIM विधायक का हाथ होने का दावा: दलित महिलाओं ने बयाँ किया दर्द

धुले जिले के साक्री में दलित बस्ती पर मुस्लिम जिहादियों ने पत्थरबाजी की है, जिसके बाद दंगे भड़क गए। महाराष्ट्र के धुले जिले के साक्री में गुरुवार (11 जुलाई, 2024) को रात 8.30 बजे मुस्लिम भीड़ ने दलित समाज पर हमला बोल दिया। मुस्लिम कट्टरवादियों ने दलित बस्ती पर जोरदार पथराव किया। इसमें महिलाओं-बच्चों समेत कई घायल हुए। इस मामले में पुलिस ने दोनो तरफ के 70 से ज्यादा लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। दलित महिलाओं ने बताया कि उन्होंने किसी तरह भाग कर जान बचाई।

बताया जा रहा है की इस घटना के पीछे मूल कारण एक प्रेम विवाह है, जिसमें नवबौद्ध समाज के युवा ने मुस्लिम युवती के साथ शादी की। इससे स्थानीय मुस्लिम आक्रोशित हो गए। गुरुवार की शाम को एक किशोर नवबौद्ध समाज के व्यक्ति के किराना दुकान पर आया। उसने दुकानदार को गालियाँ दी, इस कारण दुकानदार ने उसको डाँटा। उक्त किशोर ने इसके बाद घर जाकर इस मामले को बढ़ा-चढ़ा कर बताया। फिर इलाके में हिंसा भड़क गई।

इस दंगे के पीछे धुलिया में असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM विधायक फारूक अनवर शाह का हाथ होने का दावा किया जा रहा है। विधायक के करीबी आरिफ और जाकिर शेख यही इस घटना के मास्टरमाइंड बताए जा रहे हैं। नवबौद्ध समाज का आरोप है कि पुलिस उनको बचा रही है। साक्री के सकल हिंदू समाज ने नवबौद्ध भाइयों के न्याय के लिए पुलिस को मूल आरोपियों पर कार्रवाई करने का निवेदन दिया। उन्होंने कहा है कि जो मूल आरोपी है वह अभी भी हिरासत में नहीं लिए गए हैं।

जिन लोगों को हिरासत में लिया गया है उनमें जगदीश वाघ, कपिल वाघ, निखिल गोंड, उदय मोर, यश पाथरे, जय मोरे शामिल हैं। नवबौद्ध समाज का आरोप है कि इन लोगों को फँसाया गया है। घटना के मास्टरमाइंड आरिफ और जाकिर शेख को तुरंत गिरफ्तार करने के लिए पुलिस से माँग की गई है। ‘सकल हिन्दू समाज’ ने कहा है कि पुलिस किसी मजहब विशेष के लोगों का पक्ष न लेते हुए मूल आरोपितों पर कार्रवाई करे। ऐसा न होने की स्थिति में आंदोलन की चेतावनी दी गई है।

IAS बेटी ऑडी पर बत्ती लगाकर बनाती थी भौकाल, माँ-बाप FIR के बाद फरार: पूजा खेडकर को जाँच के बाद डॉक्टरों ने नहीं माना था मानसिक दिव्यांग, फिर भी बोला झूठ

महाराष्ट्र की विवादित ट्रेनी आईएएस (IAS) ऑफिसर अपने दुर्व्यवहार के कारण पिछले दिनों चर्चा में आई थीं, लेकिन अब उनसे जुड़े विवाद बढ़ते ही जा रहे हैं। हाल में उनकी माँ की वीडियो वायरल हुई थी। वीडियो में वो किसानों को धमकाती दिखाई दे रह थीं। इसी वीडियो के वायरल होने के बाद पुलिस ने शुक्रवार को उनके खिलाफ इस मामले में कार्रवाई करते हुए एफआईआर कर ली है और आरोपितों की तलाश जारी है। न पूजा खेडकर के पिता मिल रहे हैं न माँ।

पुणे ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक पंकज देशमुख ने इस मामले में कहा, “आरोपित फरार हैं। हम उनसे कॉन्टैक्ट करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन कहीं कोई बात नहीं हो पा रही हैं। उन लोगों का फोन भी स्विच ऑफ आ रहा है। हम उनके आवास तक पहुँचने की भी कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वहाँ कोई है ही नहीं। स्थानीय अपराध शाखा की कई टीमें उनकी तलाश कर रही हैं। उनके फार्म हाउस और अन्य जगहों पर छानबीन हो रही हैं। अगर वे लोग मिल जाते हैं तो हम उनसे पूछताछ करेंगे। उसके बाद कार्रवाई होगी।”

मालूम हो कि मनोरमा खेडकर की तलाश के क्रम में पुणे नगर निगम भी है। उन्होंने मनोरमा खेडकर को बंगले से सटे ‘अवैध निर्माण’ को लेकर नोटिस जारी किया है। हालाँकि ये नोटिस वो खेडकर को नहीं दे पाए। शनिवार शाम को नगर निगम के अधिकारियों ने शहर के बानेर रोड स्थित ‘ओम दीप’ बंगले पर मनोरमा खेडकर को नोटिस सौंपने की कोशिश की, लेकिन दरवाजे की घंटी बजाने के बाद भी कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद अधिकारियों ने बंगले के मुख्य दरवाजे पर नोटिस चिपका दिया। नोटिस में कहा गया है, “हमें आपके बंगले के बाहर अवैध निर्माण के बारे में शिकायत मिली है जिससे लोगों को परेशानी हो रही है। कृपया अगले सात दिनों में बंगले की चारदीवारी से सटे ‘अवैध निर्माण’ को हटा दें।”

पूजा खेडकर को प्रमाण पत्र देने से कर दिया गया था मना

बता दें कि आईएएस पूजा खेडकर और उनके माता-पिता इस समय हर ओर से फँसे हुए हैं। पहले उनके ऊपर नीली-लाल बत्ती वाली कार, वीआईपी नंबर प्लेट, अलग चैंबर आदि सेवाओं के लिए अधिकारियों को तंग करने आरोप था लेकिन अब जब से ये पूरा मामला खुला है उसके बाद से पता चला है उनके आईएएस बनने पर भी कई सवाल खड़े हो रहे हैं। जैसे कहा जा रहा है कि उन्होंने मानसिक दुर्बलता के बारे में झूठ बोला। एनडीटीवी की खबर के अनुसार अगस्त 2022 में पूजा ने दिव्यांगता दिखाने के लिए प्रमाण पत्र आवेदन किया था, लेकिन डॉक्टरों ने जाँच के बाद उसे खारिज कर दिया। उन्हें कहा गया कि आपको दिव्यांगता का सर्टिफिकेट देना संभव नहीं है।

देख सकते हैं कि खबर में जोड़े गए सर्टिफिकेट में सर्टिफिकेट देने से साफ है मना किया गया था। इससे पहले पूजा खेडकर मामले में खबरें आई थीं जिसमें बताया गया था कि उन्होंने नियुक्ति के लिए होने वाले मेडिकल चेक अप 6 बार स्किप किया था। हर बार अलग-अलग बहाने देकर। बावजूद इसके यह स्पष्ट नहीं है कि जब पूजा ने सही से मेडिकल टेस्ट कराया ही नहीं, तो उन्हें नियुक्त कैसे किया गया।

पत्नी-बच्चे के साथ गाड़ी से जा रहा था हिंदू, मुहर्रम जुलूस में शामिल युवकों ने लाठी-तलवार से कर दिया हमला: मोहम्मद इश्तियाक सहित 5 धराए, बिहार की घटना

बिहार के समस्तीपुर में मुहर्रम जुलूस में शामिल मुस्लिम लड़कों ने एक हिन्दू परिवार पर हमला बोल दिया। गाड़ी में बैठे हिन्दू परिवार पर लाठियों और तलवारों से हमला किया गया। इस हमले में उनकी गाड़ी क्षतिग्रस्त हो गई और परिवार भी जख्मी हो गया। मामले में पुलिस ने पाँच लोगों को गिरफ्तार किया है।

जानकारी के अनुसार, समस्तीपुर के दलसिंह सराय में रविवार (14 जुलाई, 2024) को मोहर्रम का एक जुलूस निकला रहा। यह जुलूस ताजिया की मिट्टी लाने के लिए निकाला गया था। इसमें शामिल लोग तलवारों से करतब हुए जा रहे थे। यह जुलूस मुख्य मार्ग पर निकल रहा था।

इसी दौरान मधुबनी जिले के निवासी अभीतेश कुमार यहाँ से निकल रहे थे। उनके साथ उनकी गाड़ी में उनकी पत्नी और और बेटा था। उन्होंने अपनी गाड़ी सड़क किनारे लगा ली थी। इसी दौरान उन पर हमला कर दिया गया। जुलूस में शामिल लड़कों ने उनकी गाड़ी के शीशे तोड़ दिए, इससे वह और उनका परिवार जख्मी हो गया।

बताया गया कि जुलूस में शामिल इन युवकों ने इस दौरान अन्य राहगीरों से भी मारपीट की। इसके बाद यह सभी यहाँ से फरार हो गए। पीड़ित परिवार ने बताया कि बिना वजह उन पर हमला किया गया और वह हमले के दौरान सड़क किनारे थे। पीड़ित परिवार ने बताया कि वह हमलावरों की शक्लें पहचानते हैं।

पीड़ित अभीतेश कुमार ने इस घटना की जानकारी पुलिस को दी है। उन्होंने इस संबंध में पुलिस के पास FIR भी दर्ज करवाई है। अभीतेश कुमार की FIR के आधार पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने पाँच उपद्रवियों को पकड़ा है। इन उपद्रवियों का नाम मोहम्मद सज्जाद, मोहम्मद इश्तियाक और मोहम्मद सोनू हैं। हमले में दो नाबालिग भी शामिल थे।

इन सभी को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया है। पुलिस मामले में CCTV फुटेज निकाल कर आगे की जाँच कर रही है। पुलिस ने इस घटना के बाद अपनी तैनाती भी इलाके में बढ़ा दी है। इस संबंध में अब इलाके में शान्ति बैठक का आयोजन किया जाना है।

शूटिंग क्लब का सदस्य था डोनाल्ड ट्रम्प पर गोली चलाने वाला, शिकारी वाली वेशभूषा थी पसंद: रिपब्लिकन पार्टी ने बुलाया राष्ट्रीय सम्मेलन, पूर्व राष्ट्रपति के भाषण का इंतजार

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प पर शनिवार (13 जुलाई, 2024) को जानलेवा हमला हुआ, जिसमें एक गोली उनके कान को छूती हुई निकली। वायरल तस्वीर में उनके चेहरे पर खून भी देखा गया। हमलावर की पहचान थॉमस मैथ्यू क्रूक्स के रूप में हुई है, जो मौके पर ही सीक्रेट सर्विस के जवानों ने मार गिराया। 20 वर्षीय थॉमस मैथ्यू क्रूक पश्चिमी पेंसिलवानिया का रहने वाला था। अब डोनाल्ड ट्रम्प रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन के लिए मिल्वॉकी पहुँच गए हैं।

बटलर में हुए इस हमले के दौरान राइफलधारी पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति से मात्र 130 यार्ड्स की दूरी पर था। इस हमले में ‘बफैलो टाउनशिप’ के 50 वर्षीय पूर्व फायर चीफ कोरी कॉम्पेरटर की मौत भी हो गई। वहीं 2 लोग घायल भी हुए हैं। अमेरिका की मेनस्ट्रीम मीडिया ने ‘डोनाल्ड ट्रम्प की सभा में हंगामा’ और ‘मंच पर गिरे डोनाल्ड ट्रम्प’ जैसे शीर्षकों के साथ इस खबर को शेयर किया, उनकी हत्या के प्रयास वाली बात को छिपाया गया। थॉमस मैथ्यू क्रूक्स पिट्सबर्ग सबअर्ब के बेथल पार्क का निवासी था।

जहाँ पर हमला हुआ, वहाँ से ये जगह 1 घंटे की दूरी पर है। वो लगभग 1 साल से पास में ही स्थित ‘क्लेयरटन स्पोर्ट्समेन क्लब’ का सदस्य भी था। इसमें कई शूटिंग रेंज हैं। गन्स क्लब के अटॉर्नी रॉब बूटे ने कहा कि क्लब इस घटना की निंदा करता है, साथ ही मृतक के परिवार के प्रति संवेदना प्रकट करता है, पूर्व राष्ट्रपति व अन्य घायलों के लिए प्रार्थना करता है। क्रूक्स बेथल पार्क हाईस्कूल के उन 24 छात्रों में शामिल था, जिन्हें नेशनल मैथ्स एन्ड साइंस इनिशिएटिव के तहत 500 डॉलर का इनाम मिला था।

उसके खिलाफ पहले कोई भी आपराधिक या ट्रैफिक चालान का मामला दर्ज नहीं था। उसने ‘प्रोग्रेसिव टर्नआउट प्रोजेक्ट’ में 15 डॉलर का डोनेशन दिया था। ये शिकागो में स्थित एक डेमोक्रेट समर्थक एक्शन कमिटी है। FBI इस घटना की जाँच कर रही है। Discord नामक नामक कम्युनिकेशन प्लेटफॉर्म पर उसने अकाउंट बन रखा था। इस हैंडल को हटा दिया गया है। वो अकेले रहना पसंद करता था, दब कर रहता था और हंटिंग आउफिट व वीडियो गेम में रुचि रखता था।

अब तक हत्या के प्रयास के पीछे की मंशा सामने नहीं आई है। वो नर्सिंग एंड रिहैबिलिटेशन सेंटर में भी खानपान सहायक के रूप में काम कर चुका था। RNG में डोनाल्ड ट्रम्प के संबोधन का अब सबको इंतजार है। उन्होंने कहा कि उन्हें देश को एक करने का मौका मिला है। उन्होंने मुट्ठी भींच कर ललकार वाले अंदाज़ में तस्वीरों में कैद होने वाली बात पर कहा कि वो बताना चाहते थे कि वो ठीक हैं, अमेरिका आगे बढ़ता रहेगा। ट्रम्प के समर्थक अब सोशल मीडिया पर भी लामबंद हो रहे हैं।

98 दिन ASI ने किया सर्वे, 2000 पन्नों की रिपोर्ट हाई कोर्ट में पेश: भोजशाला में ब्रह्मा-गणेश-नरसिंह-भैरव सबकी प्रतिमाएँ मिलीं, हिन्दू पक्ष ने कहा- सार्वजनिक हो सब कुछ

मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) की सर्वे रिपोर्ट को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट में जमा कर दिया गया है। इस रिपोर्ट में सर्वे में मिली सभी संरचनाओं की जानकारी दी गई है। रिपोर्ट में सर्वे के दौरान मिली मूर्तियों, सिक्कों और चिन्हों के विषय में जानकारी दी गई है।

आजतक की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस सर्वे के दौरान चाँदी, तांबे, एल्युमिनियम और स्टील के 31 सिक्के पाए गए हैं। यह सिक्के अलग-अलग ऐतिहासिक समय के हैं। इसमें दिल्ली के सल्तनत काल, मुग़ल काल और अलग-अलग समय के हैं। सिक्कों के अलावा 94 वास्तुशिल्प मिले हैं। इनमें मूर्तियाँ, मूर्तियों के खंडित हिस्से और पत्थरों पर उकेरी प्रतिमाएँ शामिल हैं।

इस सर्वे में यह भी पाया गया है कि यहाँ के स्तम्भों पर मूर्तियाँ उकेरी गई थी। इन पर बने हुए देवता सशस्त्र थे। बताया गया कि इन छवियों में ब्रम्हा, गणेश, नरसिंह और भैरव के साथ ही पशुओं की आकृतियाँ भी हैं। इनमें कुछ मानव आकृतियाँ भी हैं।

इसके अलावा इस परिसर के एक हिस्से में भित्तिचित्रों में मानव औए सिंह समेत कई पशुओं के मुख वाली आकृतियाँ भी हैं। एक हिस्से में यह विकृत की गई थीं जबकि कुछ जगह यह सुरक्षित थीं। यहाँ कई शिलालेख भी मिले हैं। इनमें कई रचनाएँ लिखी हुई हैं। इन रचनाओं से भोजशाला के रूप में जानकारी मिलती है।

बताया गया है कि सर्वे में मिले एक शिलालेख में यहाँ परमार वंश के राजा नरवर्मन का शासन था। इससे इंगित होता है कि यहाँ मुस्लिमों के शान करने से पहले हिन्दू शासक शासन कर रहे थे। रिपोर्ट में यहाँ से मिले अन्य कई शिलालेख और चिन्ह को रिपोर्ट में जगह दी गई है। यह रिपोर्ट 2000 पेज की है।

इस मामले में हिन्दू पक्ष के याचिकाकर्ता आशीष गोयल ने ऑपइंडिया को बताया, “हिन्दू पक्ष की याचिका पर हाई कोर्ट ने यहाँ सर्वे का आदेश ASI को दिया था। यहाँ 98 दिन तक सर्वे चला। इस सर्वे में 1700 से अधिक अवशेष मिले हैं। इनमें 39 से अधिक मूर्तियाँ और प्रतिमाएँ हैं। इनमें गदा, पद्म, कमल और स्तम्भ के टुकड़े हैं। अब इस विषय में 22 जुलाई, 2024 को कोर्ट में सुनवाई है। हम इस मामले में कोर्ट से रिपोर्ट सार्वजनिक करने की अपील करेंगे।”

मालूम हो कि इस संबंध में हिंदू पक्ष ने याचिका डाली हुई है कि भोजशाला उनकी माँ वाग्देवी का मंदिर है। वहीं मुस्लिम पक्ष इसे अपना मजहबी स्थल बताकर सर्वे के खिलाफ बोल रहे हैं। इस मामले में 11 मार्च को इंदौर हाईकोर्ट ने सुनवाई के बाद सर्वे की अनमुति दी थी। 22 मार्च से सर्वे शुरू हुआ, 1 अप्रैल को मुस्लिम पक्ष इसे रोकने सुप्रीम कोर्ट पहुँचा, 29 अप्रैल को एएसआई के आवेदन पर सर्वे की समयसीमा और बढ़ाई गई, अब इस मामले में ASI ने अपनी रिपोर्ट कोर्ट को सौंप दी है।

वाग्देवी मंदिर कैसे बना कमालुद्दीन मस्जिद

गौरतलब है कि भोजशाला विवाद बहुत पुराना विवाद है। हिंदू पक्ष का मत है कि ये माता सरस्वती का मंदिर है जिसकी स्थापना राजा भोज ने सन् 1000-1055 के मध्य कराई थी। सदियों पहले मुसलमान आक्रांताओं ने इसकी पवित्रता भंग करते हुए यहाँ मौलाना कमालुद्दीन (जिस पर तमाम हिंदुओं को छल-कपट से मुस्लिम बनाने के आरोप हैं) की मजार बना दी थी जिसके बाद यहाँ मुस्लिमों का आना जाना शुरू हो गया और अब इसे नमाज के लिए प्रयोग में लाया जाता है। हालाँकि हिंदू पक्ष का कहना है कि ये उनका मंदिर ही है क्योंकि आज भी इसके खंभों पर देवी-देवताओं के चित्र और संस्कृत में श्लोक लिखे साफ दिखते हैं। इसके अलावा दीवारों पर ऐसी नक्काशी है जिसमें भगवान विष्णु के कूर्मावतार के बारे में दो श्लोक हैं।

मात्र 2 किलोग्राम ही घटा अरविंद केजरीवाल का वजन, AAP कह रही – कोमा में चले जाएँगे, ब्रेन स्ट्रोक हो जाएगा: जेल प्रशासन ने जारी कर दी हर दिन के वजन की सूची

क्या तिहाड़ जेल में बंद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का वजन घट रहा है? उनकी ‘आम आदमी पार्टी’ (AAP) का कहना है कि उसके संयोजक का जेल में साढ़े 8 किलो वजन घट गया है। हालाँकि, जेल प्रशासन ने इन आरोपों को नकारा है। बताया गया है कि कैद की अवधि में एशिया के सबसे बड़े हाई-सिक्योरिटी जेल में अरविंद केजरीवाल का वजन मात्र साढ़े 3 किलो ही घटा है। जेल के अधिकारियों ने सोमवार (15 जुलाई, 2024) को इस संबंध में बयान दिया।

जेल प्रशासन ने कहा कि 1 अप्रैल, 2024 को अरविंद केजरीवाल का वजन 65 किलोग्राम था। उसी दिन उन्हें तिहाड़ के सेन्ट्रल जेल संख्या 2 में भर्ती किया गया था। वहीं 10 मई को जब उन्हें जमानत पर रिहा किया गया, तब उनका वजन 64 किलो था। यानी, 1 महीने 10 दिन में उनका वजन मात्र 1 किलोग्राम घटा। 2 जून को चुनाव प्रचार खत्म होने के बाद उन्होंने आत्मसमर्पण कर दिया था। तब उनका वजन 63.5 किलोग्राम मापा गया था। अभी उनका वजन 61.5 किलोग्राम है।

सेन्ट्रल जेल संख्या 2 के सीनियर मेडिकल ऑफिसर ने जो रिपोर्ट बनाई है, उसके हिसाब से अरविंद केजरीवाल का वजन साढ़े 3 किलो घटने के पीछे का कारण उनके द्वारा भोजन कम करना या फिर कम कैलोरी लेना हो सकता है। वहीं AAP का कहना है कि उसके नेता के खून में शुगर लेवल में बड़ी गिरावट दर्ज हुई है, जिससे वो कोमा में जा सकते हैं या उन्हें ब्रेन स्ट्रोक हो सकता है। तिहाड़ जेल प्रशासन ने दिल्ली के डिप्टी सेक्रेटरी (होम) को इस बारे में विस्तृत रिपोर्ट भेजी है।

जेल प्रशासन ने बताया कि 24 घंटे उन्हें मेडिकल निगरानी में रखा गया है, प्रतिदिन उनके स्वास्थ्य संबंधित जाँच की जाती है। उनके द्वारा की गई शिकायतों के आधार पर उन्हें दवा दी जाती है। मेडिकल बोर्ड ही उनका खानपान भी तय कर रहा है। जेल प्रशासन ने कहा कि लोगों में भ्रम फैलाने के लिए ऐसे बयान दिए जा रहे हैं। उन्हें दिन में 3 बार घर का बना हुआ भोजन दिया जा रहा है। 16 जून, 2024 को ऐसा दिन भी आया था जब अरविंद केजरीवाल ने अपना वजन जाँच कराने से इनकार कर दिया था।

‘हिंदुस्तान में रहना है, या हुसैन कहना है’ : अमेठी के मुसाफिरखाना में मुहर्रम पर हुई नारेबाजी का वीडियो वायरल, पुलिस ने केस दर्ज किया

उत्तर प्रदेश के अमेठी के मुसाफिरखाना थाना से हाल में एक वीडियो सामने आई है। ये वीडियो मुहर्रम के दिन की बताई जा रही है। इसमें कुछ मुस्लिम लड़के जोर-जोर से भड़काऊ नारेबाजी कर रहे हैं। वीडियो में मुस्लिम लड़कों को उछल-उछलकर कहते सुना जा सकता है- “हिंदुस्तान में रहना है या हुसैन कहना है।”

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पता चला है कि मुसाफिरखाना कोतवाली क्षेत्र में रविवार (14 जुलाई 2024) देर शाम मुहर्रम का जुलूस निकाला जा रहा था, जिसमें युवकों के झुंड में शामिल लड़कों ने ऐसे नारे लगाने शुरू कर दिए। बाद में वीडियो वायरल हुई और लोगों ने इस मुद्दे को उठाया। इसके बाद पुलिस ने इस पर संज्ञान लिया और वीडियो में नजर आ रहे 7 लड़कों को पकड़ा जबकि अन्य लड़कों की तलाश शुरू कर दी है।

वीडियो को शेयर करते हुए स्वराज्य की वरिष्ठ पत्रकार स्वाति गोयल शर्मा ने अपने एक्स पर कहा कि ये वीडियो उत्तर प्रदेश के अमेठी की है। इसी समुदाय के लोग और नेता बाद में कहते हैं कि इनके मजहब के लोगों को सताया जा रहा है वो डर में जी रहे है और नरसंहार का सामना कर रहे हैं।

इस वीडियो के वायरल होने के बाद अमेठी पुलिस ने भी अपनी कार्रवाई की। उन्होंने वीडियो में शामिल युवकों में से 7 को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। साथ ही उनके ऊपर सुसंगत धाराओं में अभियोग भी पंजीकृत किया गया है। आगे की कार्रवाई जाँच के बाद होगी।

वायरल वीडियो के बाद अमेठी के संत समाज में भी नाराजगी है। न्यूज 18 की रिपोर्ट के मुताबिक सागरा आश्रम पीठाधीश्वर मौनी महाराज ने वायरल वीडियो पर आपत्ति जताते हुए मुख्यमंत्री व पुलिस अधीक्षक से मामले में कार्रवाई की गुहार लगाई है और कहाँ है कि ऐसे लोगों पर सख्त से सख्त कार्रवाई हो जिससे भविष्य में इस तरह का माहौल न बन पाए।

शराब घोटाले में दिल्ली CM के खिलाफ जाँच पूरी, अब ₹1100 करोड़ की प्रॉपर्टी कुर्क करने की तैयारी: रिपोर्ट में ED अधिकारी के हवाले से बताया, AAP बोली- अरविंद केजरीवाल का ब्रेन डैमेज होने का खतरा

दिल्ली शराब घोटाला मामले में आम आदमी पार्टी जहाँ लगातार इस मामले में अपनी संलिप्ता को नकार रही है तो वहीं जाँच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय ने दावा किया है कि उनकी इस केस में पार्टी के साथ-साथ अरविंद केजरीवाल के खिलाफ जाँच पूरी हो गई है। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार ये जानकारी खुद ईडी ने दी है।

रिपोर्ट के मुताबिक ईडी ने बताया है कि उनका ध्यान अब इस बात पर है कि 1100 करोड़ की अपराध आय के बराबर कौन सी संपत्तियाँ कुर्क की जाए। जाँच एजेंसी ने अब तक 244 करोड़ रुपए की संपत्ति कुर्क की है। इस रिपोर्ट के अनुसार ईडी के एक अधिकारी ने पहचान न छापने की शर्त पर बताया,

“अरविंद केजरीवाल और आप, आरोपित संख्या 37 और 38 के संबंध में हमारी जाँच पूरी हो गई है। अ्दालत ने हमारी टीम द्वारा दायर सभी आठ आरोप पत्रों का संज्ञान लिया है और अधिकांश आरोपितों को जमानत देने से इनकार कर दिया है। हम अब अपराध की शेष राशि का पता लगाने और उसे जब्त करने की प्रक्रिया में हैं।”

इसी रिपोर्ट के अनुसार ईडी के ही एक दूसरे अधिकारी ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि वह लोग अब इस मामले में तेजी से सुनवाई के लिए कोशिश करेंगे, क्योंकि इसमें 40 आरोपित, सैकड़ों गवाह और हजारों पन्नों में दस्तावेजी सबूत हैं।

बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय ने कोर्ट में दायर की गई अपनी चार्जशीट में शराब घोटाला मामले का सरगना सिर्फ दिल्ली सीएम को बनाया हुआ है। उन्होंने दिल्ली सीएम पर लगे आरोपों की पुष्टि के लिए ओंगोल से तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) के सांसद मगुंटा श्रीनिवासुलु रेड्डी, उनके बेटे राघव मगुंटा और व्यवसायी पी सरथ रेड्डी के बयानों का इस्तेमाल किया। इसके अलावा उन्होंने आरोप पत्र में दावा किया है कि केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और पार्टी के पूर्व मीडिया प्रभारी विजय नायर ने गोवा और पंजाब में चुनावी फंडिंग के लिए 100 करोड़ रुपए की कथित रिश्वत की माँग की थी। इसमें से 45 करोड़ का सीधा फायदा आप को हुआ था।

जाँच पूरी होने के बीच AAP मंत्री आतिशी मार्लेना का आरोप, भाजपा अध्यक्ष ने कहा सिर्फ बेल लेने के लिए हो रहा सब

उल्लेखनीय है कि आम आदमी पार्टी के खिलाफ जाँच पूरी होने को लेकर आई रिपोर्ट के बीच पार्टी की मंत्री आतिशी मार्लेना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कहा है कि अरविंद केजरीवाल न्यायिक हिरासत में खतरे में हैं। उनका बीपी शुगर लेवल डिप हो रहा है। वह पिछले 30 साल से डायबिटीज के मरीज हैं। ऐसे में भाजपा का मकसद सिर्फ केजरीवाल को जेल में डालना नहीं बल्कि उनकी तबीयत को नुकसान पहुँचाना है। आतिशी मार्लेना के मुताबिक केजरीवाल का वजन 8.5 किलो कम हुआ है। उन्होंने यहाँ तक अपनी कॉन्फ्रेंस में कहा है कि अगर केजरीवाल का ब्रेन डैमेज हो गया तो फिर इसका जिम्मेदार आखिर कौन होगा। वहीं इस मामले में भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल की हालत को लेकर सिर्फ कोर्ट को गुमराह करने का प्रयास चल रहा है ताकि स्वास्थ्य के आधार पर अरविंद केजरीवाल को बेल मिल जाए।।

जो प्रधानमंत्री है खालिस्तानी आतंकियों का ‘हमदर्द’, उसने अब दिलजीत दोसांझ को दिया ‘सरप्राइज’: PM ट्रुडो से मिलकर बोले भारतीय सिंगर- विविधता कनाडा की शक्ति

पंजाबी सिंगर व एक्टर दिलजीत दोसांझ इन दिनों अपनी जट एंड जूलियट 3 के कारण खूब चर्चा में हैं। वह इसका प्रमोशन विदेशों तक में जाकर कर रहे हैं। इसी क्रम में वो पिछले दिनों कनाडा भी पहुँचे थे जहाँ उनका कार्यक्रम ओंटारियो स्थित रॉजर्स सेंटर में होना था। पहले तो इस सेंटर में पहली बार किसी पंजाबी सिंगर के शो की सारी टिकट बिकने के कारण ये शो चर्चा में आया। फिर इस मंच पर कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो के पहुँचने से इस कार्यक्रम को और सुर्खियाँ मिल गईं।

दरअसल, जिस समय दोसांझ मंच पर टीम के साथ थे उसी समय जस्टिन ट्रूडो ने अपनी टीम के साथ एंट्री ले ली और उनका ये सरप्राइज देखते ही दिलजीत भावुक हो गए। वह ट्रुडो से गले लगकर मिले। इसके बाद वीडियो में दोसांझ के ग्रुप ने अपने ‘ओये पंजाबी आ गए’ वाली अपनी लाइन ट्रुडो के साथ बोली।

वहीं पीएम ट्रूडो कनाडा के ओंटारियो स्थित स्टेडियम रॉजर्ससेंटर पर दोसांझ से मिलने के बाद X पर लिखा, “शो से पहले दिलजीत दोसांझ को शुभकामनाएँ देने के लिए रॉजर्स सेंटर पर रुका। कनाडा एक महान देश है। जहाँ पंजाब से आकर एक शख्स इतिहास बनाता है। विविधता हमारी सिर्फ ताकत नहीं है। यह एक सुपर पॉवर है।”

वहीं इस मुलाकात को लेकर दोसांझ ने लिखा, “विविधता कनाडा की ताकत है। प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो इतिहास बनते देखने के लिए आए। रॉजर्स सेंटर पर हमारे सारे टिकट बिक गए थे।”

बता दें कि कनाडा प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो का झुकाव पिछले कुछ समय से सिख समुदाय को अपनी ओर करने पर ज्यादा दिखाई दिया है। लोग अंदाजा लगा रहे हैं कि शायद ट्रुडो का इस तरह शो में पहुँचना भी इसलिए था क्योंकि दोसांझ के सिख फैन ज्यादा हैं और उनके शो की टिकटें भी बिक चुकी थीं। ऐसे में हो सकता है दोसांझ को बधाई देने की बजाय ये सिखों का फेवरेट बने रहने का स्टंट हो।

ये भी बता दें कि ऐसे अंदाजा सोशल मीडिया पर कनाडा सीएम के पिछले बयानों को देखते हुए लगाए जा रहे हैं। ट्रुडो ने कुछ समय पहले ही अपनी एकजुटता खालिस्तानी तत्वों के साथ दिखाई थी। उन्होंने खुलेआम खालिस्तानी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या का आरोप भारत पर लगाया था जबकि भारत ने उनसे कई दफा सबूत भी माँगे, मगर बिन सबूतों के वे सिर्फ भारत पर इल्जाम लगाते रहे और खालिस्तानी तत्वों के आगे हीरो बनते रहे। उन्होंने एक कार्यक्रम में ये भी कहा था कि वो खालिस्तान के साथ हैं। इसके अलावा वो कई बार भारत को नीचा दिखाने वाले बयानबाजी करते रहे हैं। उनकी इन हरकतों को देख कनाडा के मूल निवासी उनसे सवाल करते हैं कि उनका झुकाव जितना खालिस्तान और खालिस्तान समर्थकों पर हैं उतना अगर कनाडा के विकास पर होता तो आज सब उन्हें पसंद कर रहे होते।