अवामी लीग ने बांग्लादेश में तख्तापलट होने के बाद पहला प्रदर्शन करने का आह्वान किया था। युनूस सरकार ने उसे भी रुकवाने के लिए बड़ी तादाद में सेना तैनात कर दी।
एक तरफ उलेमा बोर्ड ने अपना समर्थन देने के लिए ये सारी शर्तें रखी हैं तो दूसरी तरफ कहा जा रहा है कि एनसीपी नेता शरद पवार ने इन सभी स्थितियों पर संज्ञान लिया है।
दारुल उलूम में एंट्री के लिए अब महिलाओं को अपने शौहर या किसी अभिभावक के साथ आना होगा। उन्हें संस्थान घूमने की सिर्फ 2 घंटे आजादी मिलेगी और शाम से पहले उन्हें बाहर निकलना होगा।