कहीं सलमान के पुतले जलाए जा रहे हैं तो कहीं 'बीइंग ह्यूमन' की दुकान पर ताला लगाया रहा है। कहीं केस दर्ज हो रहे हैं तो कहीं से उनके बैनर हट रहे हैं। और तो और, उन्हें गाली देते हुए गाने भी बन रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट से माँग की गई है कि वो राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) से इस मामले की जाँच गैरकानूनी गतिविधियाँ (रोकथाम) अधिनियम, 1967 के तहत कराने के संबंध में आदेश या निर्देश जारी करे।
वामपंथियों और उनके गिरोह को ये बात नहीं भूलना चाहिए कि जिस कानून-व्यवस्था में उन्हें यकीन नहीं है, आज उसी ने उन्हें मानवीय आधार पर जमानत दी। ये चीज वामपंथियों को याद रखना चाहिए।
Plurals के नेता अनुपम सुमन की कम्पनी है YBM, जिसने अपने कर्मचारियों को बिना नोटिस दिए निकाल दिया। अनुपम सुमन को पुष्पम प्रिया चौधरी का करीबी माना जाता है।
'चाऊ-माओ' के बीच अपने लिए वैश्विक छवि तलाश रहे नेहरू ने कभी सीमा पर हो रही सैनिकों की मौत को लेकर जुबान नहीं खोली। उन्हें यह स्वीकार करते दशक बीत गए कि सीमा पर कुछ चिंताजनक हो रहा है।
श्यामा प्रसाद मुखर्जी की माता जोगमाया ने भी पंडित नेहरू को एक भावपूर्ण पत्र लिखकर अपने पुत्र की मृत्यु की निष्पक्ष जाँच की माँग की थी। लेकिन, एक माँ की माँग को भी नहीं माना गया।