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जहाँ हुआ जलियाँवाला नरसंहार, 8 महीने बाद कॉन्ग्रेस ने वहीं क्यों रखा अधिवेशन: 2 फाइल, एक लेटर में छिपा है राज

भारत के राष्ट्रीय अभिलेखागार की होम पॉलिटिकल विभाग की फ़ाइल संख्या जनवरी 1920/77 के अनुसार कॉन्ग्रेस ने अमृतसर को अपने अधिवेशन के लिए जानबूझकर चुना, जिससे एक खास राजनैतिक मकसद को पूरा किया जा सके। दस्तावेज के अनुसार जवाहरलाल नेहरू के पिता मोतीलाल नेहरू के नेतृत्व वाली कॉन्ग्रेस उन खूनी धब्बों से ब्रिटिश सरकार को बचाने का प्रयास कर रही थी, जिनके निशान आजतक अमृतसर में मौजूद हैं।

गुरु गोविन्द सिंह की वो सभा, जिसमें उन्होंने अपने ही 5 लोगों के शीश माँगे: खालसा और ‘पंज प्यारे’ का इतिहास

सारी सभा में हलचल मच गई। रौद्र रूप धरे गुरु गोविन्द सिंह की इस माँग के बाद जो लोग आए, उन्होंने न सिर्फ़ अपनी बहादुरी से देश को गौरवान्वित किया बल्कि जाति-पाती के बंधनों को तोड़ने में भी अहम भूमिका निभाई। एक व्यक्ति आगे आया। गुरु गोविन्द सिंह उसे तम्बू में ले गए और खचाक...!

वामपंथी लम्पटों ने फिर बच्चों को आगे कर के फैलाया प्रपंच: भूख के कारण 5 बच्चों को गंगा में नहीं बहाया माँ ने

“मंजू देवी ने अपने 5 बच्चों को भूखमरी के कारण गंगा नदी में नहीं डुबाया है।" इससे पहले भदोही पुलिस ने मंजू के घर में बने खाने का फोटो पोस्ट करते हुए लिखा था कि मंजू के घर में खाना बना है। फोटो से स्पष्ट है कि भूखमरी के कारण बच्चों को नदी में नहीं डुबाया गया है।

‘मुस्लिम बच्चों, औरतों, मर्दों को घर से भगाया’ – TheWire का फैलाया झूठ वायरल, पुलिस ने बताई सच्चाई

"यह झूठ है। कृपया ऐसे न्यूज पोस्ट न करें, जो इस संकट के समय में लोगों में दहशत पैदा करे। हमें एकत्रित होकर लड़ने की जरूरत है और इस महामारी से अवगत कर लोगों को मदद करनी चाहिए… घबराने की जरूरत नहीं है।"

मोबाइल टावर, 9 दिन का हजारों डेटा… और भारत में अपने तरह का पहला ऑपरेशन: IB ने कोरोना को ऐसे रोका

इंटेलिजेंस ब्यूरो के मल्टी एजेंसी सेंटर (मैक) ने कई मोबाइल टावरों की मदद से 14 मार्च से लेकर 22 मार्च तक का एक बड़ा डेटा निकाला। इसके बाद आधिकारिक रजिस्टरों के माध्यम से, आईबी ने भारत के विभिन्न राज्यों से तबलीगी जमात में आए लगभग 4,000 सदस्यों के मोबाइल नंबरों और घरों/निवास स्थानों का पता लगाया, जो 13 मार्च से मरकज की बैठक में शामिल हुए थे।

अल्लाह हो अकबर… चीखते हुए उत्तराखंड की सड़कों पर उतरे सैकड़ों लोग: इमाम के कारण स्थिति तनावपूर्ण

उत्तराखंड के हल्द्वानी में एक मौलवी को क्वारंटाइन करने गई पुलिस के विरोध में तबलीगी समाज से जुड़े हुए देवबंदी विचारधारा के सैकड़ों लोग विरोध में सड़क पर उतर आए। अल्लाह हो अकबर चिल्लाते हुए ये लोग...

800 साल पुराने गोरखनाथ मंदिर को 18वीं सदी के नवाब ने दी थी भूमि दान- आरफा खानम का झूठा दावा वायरल

तथ्य यह है कि नवाब द्वारा दान देना तो दूर, गोरखनाथ मंदिर को दो बार मुस्लिम आक्रान्ताओं द्वारा नष्ट किया गया था। सबसे पहले इसे अलाउद्दीन खिलजी ने 14वीं सदी में नष्ट किया था। जिससे यह साबित होता है कि यह मंदिर 18वीं शताब्दी से भी पहले का है। इसके बाद फिर 18वीं सदी में भी...

मजहब विशेष वाले धमका रहे, महिलाओं को डरा रहे… गाँव छोड़ना होगा, पुलिस हमेशा नहीं रहेगी: मृत लोटन के परिवार का दर्द

लोटन के भाई बिरजू का कहना है कि उनका परिवार तभी तक सुरक्षित है, जब तक गाँव में पुलिस है। बिरजू ने कहा-"दुश्मनी बढ़ ही गई है। अब जाना ही पड़ेगा। हम 3-4 महीनों में गाँव छोड़ देंगे। दूसरा कोई विकल्प नहीं बचा है। पुलिस तो आज है, कल नहीं रहेगी।"

5 ‘मजहबी’ इलाक़े और कोरोना के 5 हॉटस्पॉट्स: जानिए कैसे जमातियों ने मचाई तबाही

सभी हॉटस्पॉट्स पर नज़र डालें तो हमें पता चलता है कि हर जगह या तो समुदाय विशेष बहुल इलाक़ों में ये वायरस तेज़ी से फैला

पंजाब: गुरुद्वारे से दबोचे गए 7 निहंग, कर्फ्यू पास मॉंगने पर ASI का काट दिया था हाथ

पुलिस पर हमले के बाद ये लोग गुरुद्वारे में छिप गए थे। अंदर से गोलीबारी भी की। पुलिसवालों को वहाँ से चले जाने के लिए कहा। गालियाँ और धमकी दी। बाद में कमांडो टीम ने गुरुद्वारे से 7 आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।

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