प्राडा ने वे कोल्हापुरी चप्पलें एक लाख रुपए में बेचीं जो असल में ₹200 से ₹1000 में बाजार में उपलब्ध हैं। प्राडा की चप्पलें सोशल मीडिया में वायरल हुईं तो लोगों का गुस्सा भी सामने आया।
भारत ने 10 साल पहले डिजिटल इंडिया की तरफ कदम बढ़ाया था। भारतीयों को टेक्नोलॉजी का उपयोग करने की क्षमता आज सोच से परे है। देश में इनोवेशन हुए, जिससे डिजिटल इंडिया की नींव रखी।