लोक संस्कृति की मनोरम झाँकियाँ देखनी हो, लोकगीतों की ताल पर झूमना हो तो पधारिए 'संस्कृति कुम्भ' जो अपनी पूरी भव्यता के साथ प्राचीन से नवीन भारत की तमाम खूबियों को समेटे आपकी राह देख रहा है।
चूँकि आप गोमांस खा सकती हैं, तो क्या कल आप संविधान के मौलिक अधिकारों का हवाला देकर किसी मंदिर के गर्भगृह में बैठकर गोमांस खाएँगी? क्योंकि आपके तर्क के अनुसार यह भी लिखा जा सकता है कि इक्कीसवीं सदी के भारत में मंदिरों में मन का भोजन खाने पर पाबंदी हैं।
उन दिनों अमेरिका में बाहर से आने वालों को सरलता से वीसा नहीं मिलता था। डॉ सुब्बाराव 'फिज़िशियन' बनकर अमेरिका गए और उन्होंने वहाँ उन्होंने सायरस फिस्के के साथ मिलकर ATP की खोज की।
सहेलियों के ज्यादा पूछने पर उसने बड़े चिंता-भाव में कहा, “टांके लग जाते हैं तो निशान पड़ जाता है न यार! फिर शादी में दिक्कत आती है। इसलिए मम्मी ने टांकें नहीं लगवाए।"