अमर्त्य सेन को तत्कालीन यूपीए सरकार द्वारा नालंदा विश्वविद्यालय का प्रथम कुलपति नियुक्त किया गया। उन्हें पाँच लाख रुपए प्रति महीने का वेतन दिया जाता था। बेहिसाब विदेशी दौरे, सीधी नियुक्तियाँ करने का अधिकार सहित उन्हें कई अन्य सुविधाओ से नवाजा गया था।
पीएम मोदी ने कहा था कि कश्मीर में एम्स और आईआईएम की स्थापना की गई, लेकिन अच्छे प्रोफेसर वहाँ जाने के लिए तैयार नहीं हैं, क्योंकि वो वहाँ पर कोई इनवेस्टमेंट नहीं कर सकते, संपत्ति नहीं खरीद सकते हैं।
दिग्विजय ने महात्मा गाँधी और कार्ल मार्क्स की तुलना करते हुए कहा कि दोनों में थोड़ा ही फ़र्क़ था। भारतीय कम्युनियस्ट पार्टी की भोपाल इकाई ने दिग्विजय सिंह का समर्थन करने की बात कही है।
जिन्ना का बचाव करते हुए मेमन ने भारत की स्वतंत्रता संग्राम में उनका 'अहम योगदान' बताया। उन्होंने कहा कि जिन्ना को लेकर सिन्हा द्वारा बयान से लोग आपत्ति इसीलिए जता रहे हैं क्योंकि जिन्ना एक मुस्लिम थे।
"मेरी शर्ट पर लगे फूल निशान को देख कर कन्हैया हमसे ठेठ भाषा में बोला कि ये क्या है। हम कुछ नहीं बोले, लेकिन इतने में ही उसके गुंडे कार्यकर्ता लोग गाली-गलौच करते हुए गाड़ी से नीचे उतर आए और मेरे साथ मारपीट करने लगे। मेरी जान बचाने के लिए आए मेरे 2-3 दोस्तों को भी लाठी-डंडे से मारा।”
"प्रधानमंत्री बनने से पहले नरेंद्र मोदी भी एक मुख्यमंत्री ही थे। ये तीनों भी मुख्यमंत्री हैं या रह चुके हैं। मायावती या चंद्रबाबू नायडू या ममता बनर्जी देश के अगले प्रधानमंत्री बनने के लिए सबसे उपयुक्त कैंडिडेट हैं।"
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने सुशील मोदी के शपथ-पत्र पर दिए गए बयान और राहुल गाँधी के भाषण की सीडी देखने के बाद आइपीसी की धारा 500 के तहत समन जारी किया है। आपराधिक मानहानि का मुकदमा दर्ज...
"मैं जेल में हूँ। वाराणसी संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़ना चाहता हूँ। इसके लिए मैंने नामांकन फॉर्म भी खरीद लिया है। मगर जेल में रहकर चुनाव प्रचार नहीं कर सकता। इसलिए चुनाव प्रचार करने के लिए मुझे तीन सप्ताह के लिए जमानत पर रिहा किया जाए।"