कोरोना वायरस संक्रमण से सर्वाधिक प्रभावित देशों में ईरान भी शामिल है। इससे पहले 15 मार्च को ईरान से 234 भारतीय लाए गए थे। इन्हें जैसलमेर में आमी के वेलनेस सेंटर ले जाया गया था।
उत्तराखंड में 22 मार्च से ही पूरी तरह से लॉकडाउन है। बावजूद विदेशी महिला राज्य में दाखिल हो गई। काठगोदाम रेलवे स्टेशन पर अकेली महिला को देख अधिकारियों के होश उड़ गए।
आत्मघाती धमाके के बाद बंदूकधारी गुरुद्वारे में दाखिल हो गए। सुरक्षा बलों ने गुरुद्वारे के पहले तल को खाली करा लिया है। मुठभेड़ जारी है। अंदर फॅंसे कई लोग सकुशल बाहर निकाल लिए गए हैं।
लश्कर और आईएसआई ने मिलकर बनाया TRF जेके। मकसद उत्तरी कश्मीर में कुछ खास लोगों की हत्या और सुरक्षाबलों पर हमले। लेकिन, यह संगठन अपने मंसूबों में कामयाब हो पाता उससे पहले ही उसके पूरे मॉड्यूल को ध्वस्त कर दिया गया है।
तड़के 3 बजे रामलला की मूर्ति को गोद में लेकर सीएम योगी अस्थायी मंदिर की ओर चले। 9.5 किलो चाँदी के सिंहासन पर पूरी मंत्रोच्चार के साथ उन्हें विराजमान किया। अब भव्य राम मंदिर का निर्माण मूल 'गर्भगृह' में किया जाएगा।
कोरोना के प्रकोप को देखते हुए 18 मार्च को ही छुट्टी कर दी गई थी। बावजूद इसके छात्राओं को जाने नहीं दिया गया। एक बच्ची ने जब अपने परिजनों को इस संबंध में सूचना दी तब पुलिस ने कार्रवाई कर उन्हें मुक्त कराया।
कोरोना वायरस का संक्रमण रोकने के लिए केंद्र सरकार ने पूरे देश में 21 दिनों के लॉकडाउन का फैसला किया है। यूपी सरकार ने इस दौरान सब्जी, फल, दूध, दवा और अन्य आवश्यक वस्तुएँ लोगों के घर तक पहुॅंचाने की व्यवस्था का ऐलान किया है।
चीनियों के अलावा 4-4 मौलवी किर्गिस्तान और कजाकिस्तान से हैं। इन्होंने बताया है कि ये करीब एक महीने से भारत में हैं और कई मस्जिदों में पनाह ले चुके हैं। जहॉं से इन्हें पकड़ा गया उस मस्जिद में ये बीते पॉंच दिन से ठहरे थे।
भगवान झूलेलाल ने अपने चमत्कारिक जन्म और जीवन से सिंधी हिंदुओं के जान की रक्षा की। हिन्दू धर्म को बचाए रखा। मिरखशाह जैसे ना जाने कितने इस्लामिक कट्टरपंथी आए और धर्मांतरण का खूनी खेल खेला। लेकिन भगवान झूलेलाल की वजह से सिंध में एक दौर में ऐसा नहीं हो पाया था।
सरकार की गंंभीरता और देश की जागरुकता का ही परिणाम है कि 133 करोड़ आबादी वाले देश में कोरोना सबसे धीमी गति से फ़ैल रहा है, लेकिन द लायर जैसे पोर्टल को शायद देश में इटली जैसी तबाही का इंतजार है।