उत्तर-पूर्वी इलाकों में जारी हिंसा के बीच NDTV की जर्नलिस्ट निधि राजदान ने ट्वीट शेयर करते हुए लिखा कि उसके कुछ सहकर्मियों को दंगाइयों की एक भीड़ ने बुरी तरह से पीटा और तभी छोड़ा जब उन्होंने अपनी पहचान 'हिन्दू' के रूप में बताई।
एक व्यथित हिन्दू ने कहा- "आप आए हैं। बहुत बड़ी बात है। यहाँ तो अभी तक कोई भी नहीं आया, हमारा आदमी मार दिया गया।" नितिन कहते हैं कि उनके सिर से पिता का साया उठ गया। नितिन ने उस रात कई दरवाजे खटखटाए लेकिन किसी ने भी मदद नहीं की।
मिश्रा ने ये भी आरोप लगाया है कि ताहिर हुसैन के घर से लगातार पेट्रोल बम चलाए जा रहे हैं और गोलीबारी भी की जा रही है। ये बहुत बड़ा आरोप है क्योंकि अंकित शर्मा की हत्या को ख़ुद मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने बहुत ही दुखद क्षति बताया है।
दिल्ली दंगों पर केजरीवाल की यह प्रतिक्रिया ऐसे वक्त में सामने आई है जब बलिदानी कॉन्स्टेबल रतनलाल के घर पहुॅंचने पर उन्हें विरोध का सामना करना पड़ा था। साथ ही देर रात जामिया मिलिया इस्लामिया के छात्रों और पूर्व छात्रों ने उनके घर का घेराव भी किया था।
पिछले साल भाजपा नेता आकाश सक्सेना ने गंज कोतवाली में मोहम्मद आजम खान, अब्दुल्ला आजम और तजीन फातिमा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। साथ ही आरोप लगाया था कि अनुचित लाभ लेने के लिए सपा सांसद आजम खान और उनकी पत्नी तजीन फातिमा ने बेटे अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र बनवाए।
"शांति और समरसता हमारी प्रकृति का मूल केंद्र रहा है। मैं दिल्ली के भाइयों-बहनों से अपील करता हूँ कि वो हर परिस्थिति में शांति एवं भाईचारा का माहौल बनाए रखें। सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण ये है कि जितनी जल्दी हो सके, सभी क्षेत्रों में शांति स्थापित हो।"
जस्टिस मुरलीधर ने कोर्ट में कपिल मिश्रा के बयान वाला वीडियो चलाने का आदेश दिया। पुलिस अधिकारी ने पूर्व मंत्री कपिल मिश्रा के साथ खड़े सब-इंस्पेक्टर की पहचान की।
मंगलवार शाम को अंकित शर्मा ड्यूटी से घर लौट रहे थे। बताया जा रहा है कि चाँदबाग पुलिया पर कुछ दंगाइयों ने उन्हें घेर लिया और पीट-पीट कर हत्या कर दी। इसके बाद शव को नाले में फेंक दिया।
शीर्ष अदालत ने मामले की सुनवाई 23 मार्च तक टाल दी है। कहा कि शाहीन बाग मुद्दे पर सुनवाई से पहले उदारता और स्थिति के शांत होने की जरूरत है। बताया कि वार्ताकारों ने पूरी कोशिश की, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली।
आरोपित मौलाना तीन बच्चों का बाप है। वह अपने घर में ही मदरसा चलाता था। मामले को दबाने के लिए उसने बच्ची का जबरन गर्भपात करवाया। उसके परिजनों से सौदा करने की कोशिश की।